Insects Name in English & Hindi with images | कीटकों के नाम अंग्रेजी और हिंदी में

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Insects Name in English & Hindi: जबसे पृथ्वी ग्रह पर सजीवों की उत्पती हुई है लगभग तबसे कीटकों का वास्तव इस ग्रह पर है | जमीन, पानी, वृक्ष, ठंडी जगह या गरम जगह आप कीटकों को देख सकते है, ये सब जगह वास करते है | 

कीटकों की लाखों प्रजातियाँ है और हमारे पृथ्वी गृह पर हर जगह ये देखे जा सकते है | कीटकों की कुछ प्रजातीयां दीन में तो कुछ रात में संचार करती पाई जाती है |

डायनोसौर (dinosaurs) के उत्पती के पहले भी इनका अस्तित्व था और डायनोसौर के विलुप्त हो जाने के बाद भी आजतक यह पृथ्वी पर अपना अस्तिव बनाये हुए है | 

कीटक (Insect) किसे कहते है ?

कीटक ‘Insecta’ वर्ग (Class) के अंतर्गत आते हैं और यही इनका वैज्ञानिक नाम (scientific name) भी है |

कीटक उनकी विशिष्ट शारीरिक संरचना के कारण पहचाने जाते है |

यह एक छोटा जानवर होता है जिसके शरीर के तिन भाग होते है | 

  1. सिर (head) 
  2. वक्ष (thorax)
  3. खंडित पेट (segmented abdomen)

इनके छह पैर होते है और सर पर दो एंटीना होते है | इन्हें दो आंखें होती है |

इन्हें पंख की दो जोड़ियाँ मतलब कुल मिलाकर इनके छह पंख होते है | कुछ कीटकों के पंख होते है तो कुछ के नहीं होते है | इनमेसे कुछ जमीन पर चल सकते है तो कुछ हवा में उड़ सकते है |

Insects Name in English & Hindi with images

इस लेख में हमारे आसपास जो कीटक होते है उनके चित्र दिए गए है, जिससे उस किटक की आसानीसे पहचान हो सके | कीटक के हिंदी और अंग्रेजी नाम दीये गए हैं, वैज्ञानिक नामों सहित |

हर एक कीटक की संक्षिप्त में कुछ विशेष जानकारी भी दी गयी है जिससे उस कीटक के बारें में आपको कुछ अधिक की जानकारी हो सके | 

कीटकों की सूची

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English Name – Ant
इंग्रजी नाम – एन्ट

हिंदी नाम – चींटी
Hindi Name – Chinti

Scientific Name – Formicidae
वैज्ञानिक नाम – फॉर्मिसिडे

चींटी की विशेषताए:

  • चींटियाँ अपने शरीर के वजन का 10 से 20 गुना भार उठाने की क्षमता रखती है |
  • चींटियों के कान नहीं होते | चींटियाँ अपने पैरों के माध्यम से जमीन में कंपन महसूस करके सुनती हैं |
  • चींटियों के फेफड़े नहीं होते | इनके पूरे शरीर में छोटे-छोटे छिद्रों द्वारा ऑक्सीजन प्रवेश करती है और कार्बन डाइऑक्साइड उन्हीं छिद्रों से निकलती है |

 

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English Name – Bed bug
इंग्रजी नाम – बेड बग 

हिंदी नाम – खटमल
Hindi Name – Khatmal

Scientific Name – Cimex lectularius
वैज्ञानिक नाम – सिमेक्स लेक्टुलरियस

खटमल की विशेषताए:

  • खटमल आमतौर पर बिस्तरों और छोटी दरारों में पाए जाते हैं |
  • खटमल किसी भी गर्म खून वाले जानवर के खून को खा सकते हैं |
  •  खून पीने के लिए खटमलों का मुख्य लक्ष्य मनुष्य होते हैं, क्योंकि मनुष्य के शरीर पर जानवरों जैसे बाल नहीं होते है और खटमल आसानीसे खून पी सकता है |

 

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English Name – Butter fly
इंग्रजी नाम – बटर-फ्लाई

हिंदी नाम – तितली
Hindi Name – Titli

Scientific Name – Rhopalocera
वैज्ञानिक नाम – रोपलोसेरा

तितली की विशेषताए:

  • तितलियाँ लेपिडोप्टेरा (Lepidoptera) नामक एक समूह से संबंधित कुछ कीड़ों की वयस्क उड़ान अवस्था होती हैं |
  • जब तितलीयां आराम करती है, तो वह अपने पंखों को अपने शरीर पर सीधा रखती है |
  • तितलियाँ अपने शरीर के तापमान को नियंत्रित नहीं कर सकती | उनके शरीर का तापमान उनके आसपास के तापमान के अनुसार बदलता रहता है |
  • तितलियाँ अपने पैरों का उपयोग स्वाद के लिए करती हैं |

 

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English Name – Cockroach
इंग्रजी नाम – कॉकरोच

हिंदी नाम – तिलचट्टा, झिन्गुर
Hindi Name – Tilchatta, Zingur

Scientific Name – Blattodea
वैज्ञानिक नाम – ब्लाटोडिया

झिन्गुर की विशेषताए:

  • झिन्गुर 40 मिनट तक अपनी सांस रोक सकता हैं |
  • झिन्गुर बिना भोजन के लगभग एक महीने और बिना पानी के लगभग दो सप्ताह तक जीवित रह सकता है |
  • झिन्गुर 3 मील प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ सकते हैं |
  • झिन्गुर लगभग 33 विभिन्न प्रकार के बैक्टीरिया फैलाते हैं जिससे मनुष्य बीमार हो सकते है |

 

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English Name – Dragonfly
इंग्रजी नाम – ड्रैगनफ्लाई

हिंदी नाम – व्याध-पतंग
Hindi Name – Vyadh Patang

Scientific Name – Anisoptera
वैज्ञानिक नाम – अनिसोप्टेरा

व्याध-पतंग की विशेषताए:

  • व्याध-पतंग के पंख लंबे, नाजुक और झिल्लीदार होते है |
  • जहाँ ऑक्सीजन का स्तर स्थिर होता है और स्वच्छ पानी होता है वही आमतौर पर यह पाए जाते है |
  • व्याध-पतंग सीधे ऊपर और नीचे की तरफ उड़ सकते हैं, हेलीकॉप्टर की तरह मंडरा भी सकते हैं |
  • व्याध-पतंग सिर्फ हवा में उड़ते वक्त ही शिकार करते है | जब वे उड़ने के काबिल नहीं रहते है तो शिकार न करने के कारण भूख से मर जाते है |

 

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English Name – Fire fly
इंग्रजी नाम – फायर फ्लाई

हिंदी नाम – जुगनू, खद्योत
Hindi Name – Jugnu, khadyot

Scientific Name – Lampyridae
वैज्ञानिक नाम – लैम्पाइरिडे

जुगनू की विशेषताए:

  • इनका आकार 1 इंच तक बढ़ सकता है और इनंकी औसतन ज़िंदगी 2 महीने की होती है |
  • जुगनू में पेट के नीचे प्रकाश अंग स्थित होते हैं | यह ऑक्सीजन लेते हैं और विशेष कोशिकाओं के अंदर, इसे ल्यूसिफरिन नामक पदार्थ के साथ मिलाकर लगभग बिना गर्मी के प्रकाश उत्पन्न करते हैं |
  • जुगनू सर्वभक्षी होते है |

 

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English Name – Flea
इंग्रजी नाम – फ़्लीआ 

हिंदी नाम – पिस्सू, पिस, देहिका
Hindi Name – Pissoo, Pis, Dehika

Scientific Name – Siphonaptera
वैज्ञानिक नाम – साइफ़ोनप्टेरा

पिस्सू की विशेषताए:

  • पिस्सू एक स्थान से दूसरे स्थान पर कूदते (Jump) हैं, यह उड़ नहीं सकते |
  • पिस्सू 8 इंच तक ऊपर कूद सकते हैं, जो उनकी अपनी ऊंचाई का 150 गुना होता है |
  • पिस्सू परजीवी हैं जो दुसरे जानवर के रक्त को खाते है | यह आमतौर पर मनुष्य, बिल्ली, कुत्ते, चूहे के शरीर पर पाए जाते है |

 

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English Name – Grasshopper, Locust
इंग्रजी नाम – ग्रासहॉपर, लोकस्ट

हिंदी नाम – टिड्डी, टिड्डा, अंखफोड़वा, तृण-भोजी टिड्डा, तृण-भोजी परिग
Hindi Name – Tiddee, Tidda

Scientific Name – Orthoptera
वैज्ञानिक नाम – ओरथोपटेरा

टिड्डी की विशेषताए:

  • टिड्डे लगभग 25 सेमी ऊँचा और लगभग 1 मीटर लंबा कूद सकते हैं |
  • टिड्डे लगभग 2 इंच आकार तक बढ़ते हैं, कुछ 5 इंच तक भी बड़े होते हैं |
  • मादा टिड्डा आमतौर पर नर टिड्डे से आकार में बड़ी होती हैं |

 

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English Name – Honey bee
इंग्रजी नाम – हनी बी 

हिंदी नाम – मधु मक्खी
Hindi Name – Madhu Makkhee

Scientific Name – Apis
वैज्ञानिक नाम – अपिस

मधु-मक्खी की विशेषताए:

  • केवल मादा मधुमक्खियां ही डंक मार सकती हैं | मधुमक्खियां अपने डंक से जुड़ी एक थैली में अपना जहर जमा करती हैं |
  • मधुमक्खियां लाल रंग को छोड़कर बाकी सभी रंग देख सकती हैं |
  • मधुमक्खियां अपने बच्चों को खिलाने के लिए और सर्दियों में स्वयम को खाने के लिए शहद बनाती हैं |

 

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English Name – House fly
इंग्रजी नाम – हाउस फ्लाई

हिंदी नाम – मक्खी
Hindi Name – Makkhee

Scientific Name – Musca domestica
वैज्ञानिक नाम – मुस्का डोमेस्टिका

मक्खी की विशेषताए :

  • अधिकांश मक्खियाँ औसतन २१ दिनों तक जीवित रहती हैं |
  • एक मादा मक्खी अपने छोटे से जीवनकाल में 600 अंडे तक दे सकती है |
  • मक्खीयों के पैरों में स्वाद कलिकाएँ होती हैं | इसीलिए वह अपने पैरों से भोजन का स्वाद लेती है |
  • मक्खियां रोगाणु की वाहक होती है | इसलिए जिस भोजन पर मक्खियाँ बैठती है उसका सेवन करने से आदमी बीमार होता है |

 

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English Name – Lice, Louse
इंग्रजी नाम – लिस, लोउस

हिंदी नाम – जूँ , चीलर
Hindi Name – Joon, chilar

Scientific Name – Phthiraptera
वैज्ञानिक नाम – फ्थिराप्टेरा

जूँ की विशेषताए :

  • एक अकेली जूँ मादा अपने जीवन काल में 80 से 100 अंडे देती है |
  • एक बार में एक मेजबान हजारों जूँओं से संक्रमित हो सकता है |
  • जूएं एक मेजबान से दुसरे में सिर्फ सीधे संपर्क में आने से ही स्थानांतरित हो सकती क्यों की ये उड़ नहीं सकती, कूद नहीं सकती, उड़ नहीं सकती और नहीं तैर सकती है | 
  • पानी में डूबने से बचने के लिए जूएँ अपने श्वास छिद्रों को बंद कर देती हैं इसलिए औषधी शैम्पू का उपयोग करने के बाद भी ये मरती नही है |
  • दो सप्ताह तक हररोज नियमीत रूप से छोटी दाँतों से कंघी की जाये तो जूओं से छूटकारा मिलता है | यही सबसे आसान और सही तरिका है | 

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English Name – Mosquito
इंग्रजी नाम – मोस्कीटो 

हिंदी नाम – मच्छर, मशक, डास
Hindi Name – Machchhar, Mashak, Daas

Scientific Name – Culicidae
वैज्ञानिक नाम – कुलिसिडे

मच्छर की विशेषताए :

  • मच्छर की वजह से मलेरिया और डेंगू बुखार जैसी बीमारियां फैलती हैं |
  • दरअसल मच्छर काटते नही, वे अपनी ‘सूंड’ से हमारी त्वचा को छेदते हैं और हमारा खून चूसते हैं |
  • मादा मच्छर पौधे के रस और खून को खाती हैं क्यों की उसे प्रजनन के लिए प्रोटीन की आवश्यकता होती है |
  • नर मच्छर विशेष रूप से पौधों के रस का भोजन करते हैं |

 

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English Name – Praying Mantis
इंग्रजी नाम – प्रेयिंग मैंटिस 

हिंदी नाम – बद्धहस्त कीट, कीड़ा जो अपने अगले पैर को इस तरह जोड़े रहता है मानो प्रार्थना कर रहा हो |
Hindi Name – Baddhahast keet

Scientific Name – Mantodea
वैज्ञानिक नाम – मंटोडिया

बद्धहस्त कीट की विशेषताए :

  • मादा बद्धहस्त कीटक आमतौर पर अपने पंखों से उड़ नही सकती, लेकिन नर बद्धहस्त कीटक उड़ सकते हैं |
  • बद्धहस्त कीटक ठंडे खून वाले होते हैं, ये कीड़े सर्दियों में निष्क्रिय हो जाते हैं और वसंत ऋतु में जागते हैं |
  • बद्धहस्त कीटक में दृष्टि, गंध, स्वाद, भावना और श्रवण की इन्द्रियां होती है |

 

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English Name – Wasp
इंग्रजी नाम – वास्प

हिंदी नाम – बर्रे, ततैया, पीला ततैया, भिड़, हड्डा
Hindi Name – Barae, Tataiya, Peela Tatiya, Bhid, Hadda

Scientific Name – Vespula germanica
वैज्ञानिक नाम – वेस्पुला जर्मेनिका

ततैया की विशेषताए :

  • भले ही मधुमक्खी और ततैया एक जैसे दीखते प्रतीत होते हो पर यह एक दुसरेसे भिन्न होते है |
  • ततैया के पेट के चारों ओर पीले-काले पट्टे होते हैं जबकि मधुमक्खियों के पेट के चारों ओर हल्का भूरा, भूरा-पीला रंगके पट्टे होते है |
  • आमतौर पर ततैया दिन के दौरान सबसे अधिक सक्रिय होती हैं और शाम को अपने घोंसलों में लौट आती हैं |
  • अधिकांश ततैया एक वर्ष से भी कम समय तक जीवित रहते हैं और कुछ केवल कुछ महीनों तक ही जीवित रहते हैं |

 

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English Name – Beetle
इंग्रजी नाम – बीटल

हिंदी नाम – गुबरैला, भौंरा, भृंग, मोगरी
Hindi Name – Gubaraila, Bhaura, Bhrung, Mogaree

Scientific Name – Coleoptera
वैज्ञानिक नाम – कोलोप्टेरा

भृंग की विशेषताए :

  • भृंग कई प्रकार के होते हैं | दुनिया में 300,000 से अधिक भृंग की प्रजातियां हैं और अकेले अमेरिका में 12000 विभिन्न प्रकार के भृंग पाये जाते है |
  • भृंग विभिन्न रंगों में पाया जाने वाला एक चमकीला कीट होता है जिसके पीठ पर एक कडा कवच होता है | इसके पंख पतले होते है जिसे ये किट अपने पीठ के कड़े कवच के अन्दर रखता है |
  • भृंग बहुत अच्छी तरह से नहीं देख सकते हैं, इसलिए वे ध्वनियों और कंपन का उपयोग करके संवाद करते हैं |

भृंग (Beetle) के कुछ प्रकार:

  1. Lady Bugs
  2. जुगनू (Fire flies)
  3. Carpet Beetles
  4. Merchant Grain Beetles
  5. Ground beetle
  6. Stag beetle
  7. Leaf beetle
  8. Hercules beetle (गुबरैला)
  9. Powderpost Beetles
  10. Jewel beetles
  11. Blister beetles
  12. Japanese beetle

 

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English Name – Moth
इंग्रजी नाम – मोथ

हिंदी नाम – पतंग, फतिंगा, चर्मवर्णकता, शलभ, परवाना
Hindi Name – patang, phatinga, charmavarnakata, shalabh, paravana

Scientific Name – Lepidoptera
वैज्ञानिक नाम – लेपिड़ोप्तेरा

पतंग की विशेषताए :

  • अधिकांश पतंगे निशाचर होते हैं, लेकिन फिर भी यह प्रकाश की ओर आकर्षित होते हैं |
  • पतंगे निशाचर होते हैं और वे एक संदर्भ बिंदु के रूप में चंद्रमा का उपयोग करके अपना रास्ता खोजते हैं | पतंगे प्रकाश स्रोत से भ्रमित होकर खो जाते हैं, जिससे ऐसा लगता है कि वे प्रकाश के प्रति आकर्षित हैं |
  • मादा पतंगे एक वक्त में 60 से 300 अंडे देती है |

 

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English Name – Termite
इंग्रजी नाम – टरमाइट  

हिंदी नाम – दीमक
Hindi Name – Deemak

Scientific Name – Isoptera
वैज्ञानिक नाम – आइसोप्टेरा

दीमक की विशेषताए :

  • दीमक के पंख होते हैं, पर जब उन्हें घोंसला बनाने के लिए एक अच्छी जगह मिल जाती है तो वे गिर जाते हैं |
  • दीमक बिना रुके, दिन के 24 घंटे, सप्ताह के सातों दिन खाती रहती हैं |
  • सभी दीमक सामाजिक कीट होते हैं और वे अपने बच्चों को एक समूह के रूप में पालती है |
  • दीमक सेल्यूलोज (cellulose) खाने वाले कीड़ों के समूह में से है |

 

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English Name – Bumblebee
इंग्रजी नाम – बमबलबी 

हिंदी नाम – भंवरा, भौंरा
Hindi Name – Bhanvara, Bhaunra

Scientific Name – Bombus
वैज्ञानिक नाम – बॉम्बस

भंवरा की विशेषताए :

  • एक भौंरा प्रति सेकंड 200 बार अपने पंख फड़फड़ाता है |
  • मधुमक्खियों के पंखों की तेज फडफडाट हवा में कंपन पैदा करती है जिसे मानवी कान भनभनाहट के आवाज के रूप में पहचानता है |
  • भौंरों के कान नहीं होते हैं, और यह ज्ञात नहीं है कि वे कितनी अच्छी तरह से सुन सकते हैं या नहीं |

English Name – Cicada
इंग्रजी नाम – सिकाडा

हिंदी नाम – साइकेडा, सिकाडा, रइयाँ
Hindi Name – saikeda, sikaada, reiyaan

Scientific Name – Cicadoidea
वैज्ञानिक नाम – सिकाडोइडिया

साइकेडा की विशेषताए :

  • सिकाडा काला, भूरा या हरा रंग का हो सकता है और इसकी आँखे लाल, सफेद या नीली होती हैं |
  • सिकाडा 4 से 17 वर्ष के लंबे समय तक जीवित रह सकते है |
  • सिकाडा जो भिनभिनाहट की आवाज करते हैं वह मादा सिकाडा को बुलाने के लिए करते है |
  • नर सिकाडस अपने पेट पर की सफेद झिल्ली का कंपन करके आवाज निकालते है, जिसे साइकेडा का गायन कहते है |

इन्हें कीटक नही कहा जाता 

कुछ ऐसे जीव है जिन्हें गलतीसे कीटक मान लिया जाता है पर वास्तव में वे कीटक नहीं होते है | 

मकड़ी (Spider), बिच्छू (Scorpion), किलनी (Ticks), रानी कीड़ा (Red Velvet Mite) और इसी तरह के जानवर कीटक नहीं हैं, वे अरचिन्ड (Arachnid) हैं | अरचिन्ड आर्थ्रोपोड (Arthropod) होते हैं जिनमें चार जोड़ी मतलब आठ पैर होते हैं |

कनखजूरा (Centipede) भी आर्थ्रोपोड (Arthropod) हैं, लेकिन कीटक नहीं हैं, वे एक सबफाइलम (subphylum) हैं जिसे मायरीपोडा (Myriapoda) कहते है |

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Tapioca in Hindi | टैपिओका क्या होता है ? इसके सेहत को फायदे-नुकसान

Tapioca in Hindi: टैपिओका (Tapioca) को अक्सर ‘गरीबों का भोजन’ कहा जाता है | जो लोग चावल को खरीद पाने में असमर्थ होते है वह अक्सर टैपिओका (Tapioca) का अपने भोजन में समावेश करते है |  

टैपिओका (Tapioca) से बने साबूदाना को द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान शरणार्थियों का मुख्य भोजन माना जाता था जो आसानीसे उपलब्ध होता था और सस्ता भी था |

भारत में टैपिओका से बने साबूदाना का उपयोग करके लगभग हर एक घर में स्वादिष्ट व्यंजन बनाये जाते है | इसी कारणसे टैपिओका (Tapioca) यहाँ काफी मशहूर है | पूरे विश्व में इसका उपयोग किसी ना किसी रूप में अवश्य किया जाता है |

इस लेख में हम टैपिओका (Tapioca) के बारें में हर एक वह बात जानने की कोशिश करेंगे जो आम आदमी के मन में होती है, जो आपको जानना आवश्यक है |

जैसे की इस टैपिओका (Tapioca) से बनने वाले व्यंजनों का सेवन करने से सेहत को होने वाले फायदे और नुकसान | इसका इतिहास और महत्व, इस में पाए जाने वाले तत्वों की जानकारी और इससे बनाए जाने वाले व्यंजनों की पाक विधी और इस के बारें में कुछ रोचक जानकारियां |

Tapioca in Hindi
Tapioca in Hindi

Tapioca in Hindi

कसावा (Cassava) नामक पौधे के जड़ों में जो कंद होता है, उस कंद के गुदे से जो तरल स्टार्च (starch) पदार्थ निकाला जाता है उसे टैपिओका (Tapioca) कहा जाता है |

टैपिओका का वैज्ञानिक नाम मनिहोट एस्कुलेंटा (Manihot esculenta) है जो कसावा पौधे की जड़ों से निकाला गया एक स्टार्च है | टैपिओका यूफोरबियासी(Euphorbiaceae) परिवार से संबंधित है |

भारत में टैपिओका (Tapioca) को हिंदी भाषा में टैपिओका, सैगो (Sago) या साबूदाना कहते है | मराठी भाषा में टैपिओका पर्ल (Tapioca Pearl) को साबूदाना कहा जाता है |कसावा को मलयालम भाषा में कप्पा (kappa) या माराचेनी (maracheeni) कहा जाता है|

इस टैपिओका में बहुत ही शुद्ध कार्ब्स होते हैं और इसमें बहुत कम प्रोटीन, फाइबर या पोषक तत्व होते हैं |

कसावा पौधा दक्षिण अमेरिका का मूल निवासी कंद है | यह लोकप्रिय है क्योंकि यह कम बारिश वाले प्रदेशों में उग सकता है और इसे कम रासायनिक खाद की जरूरत होती है |

कसावा पौधे को उगाना आसान है और अफ्रीका, एशिया और दक्षिण अमेरिका जैसे कई देशों में वहां के लोगों का यह एक मुख्य आहार है |

टैपिओका एक सूखा उत्पाद है और आमतौर पर इसे सफेद आटे, फ्लेक्स (flakes) या साबूदाने के रूप में बेचा जाता है |

गरीब और अमीर दोनों के घर के रसोई में टैपिओका (Tapioca) का इस्तेमाल होता है और इससे बने व्यंजन को सभी पसंद करते है | 

प्रोटीन और पोषक तत्वों की कमी के कारण, टैपिओका पौष्टिक रूप से अनाज और आटे से कम पोषक माना जाता है | यह उर्जा तो प्रदान करता है, पर  इसमें आवश्यक पोषक तत्व बहुत कम होते है |

केरल में टैपिओका का उपयोग मुख्य आहार के रूप में किया जाता है | यहां टैपिओका को औद्योगिक रूप से साबूदाना और स्टार्च में रूपांतरित किया जाता है |

कसावा पौधे की जानकारी 

कसावा अनेक गुणों से संपन्न स्वादिष्ट भोजन, पोषक तत्व और ऊर्जा का एक महत्वपूर्ण स्रोत है, विशेष रूप से उष्णकटिबंधीय प्रदेश में |

आज, पूरे उष्ण कटिबंध में 80 से अधिक देश कसावा उगाते हैं, और यह दुनिया भर में 800 मिलियन से अधिक लोगों के आहार का एक प्राथमिक घटक है |

कसावा विटामिन सी, थायमिन, राइबोफ्लेविन और नियासिन का अच्छा स्रोत है | इसके पत्ते भी खाने योग्य भी होते हैं इनमें 25% तक प्रोटीन हो सकता है |

Tapioca in Hindi
Tapioca in Hindi

कसावा एक कंद वाला पौधा है | कसावा कंद यह कसावा झाड़ी का भूमिगत हिस्सा है जिससे टैपिओका (Tapioca) मिलता है | कसावा की जड़ों का आकार शकरकंद के समान होता है |

कसावा अन्य कंद फसल जैसे रतालू और शकरकंद के समान है | यह पौधा मुख्य रूप से इसके कंदों के लिए उगाया जाता है | लोग कसावा के पौधे की पत्तियों को भी खाते हैं |

दक्षिण अमेरिका में अमेज़न नदी के किनारे रहने वाले इंसानों ने सैकड़ों साल पहले कसावा को उगाया था और इसका सेवन भी किया था |

कसावा फसल की विशेषता यह है की ये कम प्रती के उपजाऊ जमीन में भी अच्छी तरह से उग आती है | कई बार तो कम प्रती के उपजाऊ जमीन को उपजाऊ बनाने में लिए कसावा फसल बोई जाती है | 

यह पौधा बिना पानी के स्थिति में भी लम्बे समय तक ज़िंदा रह सकता है | सिर्फ रोपण करते समय इसे पाणी की जरूरत होती है | 

कसावा बाढ़ की स्थिति को बर्दाश्त नहीं कर सकता है | इसके लिए लाल मिट्टी वाली खेती सबसे उपयुक्त है | रेतीली मिट्टी भी इसके लिए अच्छी साबित होती है क्योंकी यह नमी की मात्रा को बनाए रखते हुए पानी के निकास की अनुमति देती है |

कसावा का पौधा उष्ण कटिबंध में आम है और उष्णकटिबंधीय भूमि की गर्म परिस्थितियों के लिए अनुकूल है |

यह पौधा छह महीने के भीतर बढ़ता है और बाद में इसे काटा जाता है | कसावा पौधे की दो तरह की किस्म होती है, इसमेसे एक की फसल छह महीने में तो दुसरी एक साल में उग आती है |

कसावा के पौधे में या तो लाल या हरे रंग की शाखाएँ होती हैं जिन पर नीले रंग की धुरी (spindles) होती है |

हरे-शाखा वाले कसावा पौधे में नैसर्गीक रूप से एक लिनामारिन-साइनोजेनिक ग्लाइकोसाइड (linamarin, a cyanogenic glycoside) होता है जिसे प्रक्रिया करके निकालना पड़ता है अन्यथा वह जहरीले साइनाइड में परिवर्तित हो जाता है |

दक्षिण अमेरिका में ब्राजील, एशिया में थाईलैंड और अफ्रीका में नाइजीरिया दुनिया में कसावा के सबसे बड़े उत्पादक हैं | वर्तमान में थाईलैंड का दुनिया भर के कसावा निर्यात में लगभग 60 प्रतिशत का हिस्सा है |

कसावा से Tapioca बनाने की विधि 

भले ही कसावा का उत्पादन दुनियाभर के देशों में अलग अलग हो पर इसके जड़ों के कंद से टैपिओका बनने के विधी विविध देशों में एक सामान ही है |

कसावा पौधे के जड़ो के कंद को पिसने के बाद इसके बनाये गए गुदे से जो स्टार्चयुक्त तरल पदार्थ निकलता है उसे टैपिओका (Tapioca) कहते है |

इस स्टार्चयुक्त तरल पदार्थ को बाष्पित होने के लिए रख दिया जाता है | जब इसका सारा पानी बाष्पित हो जाता है तो पीछे सफ़ेद रंग का पाउडर रह जाता है | 

बाद में इस सफ़ेद पाउडर को एकत्रित करके उसे गोल आकार (साबूदाना), flakes (गुच्छे) के रूप में या पाउडर के रूप में ही बेचा जाता है | 

टैपिओका (Tapioca) पाउडर के बनाये गए गोल आकार के गोलों (साबूदाना) को दुनिया भर में सबसे ज्यादा पसंद किया जाता है | इनको अक्सर बबल टी, पुडिंग, डेसर्ट के साथ या खाना पकाते समय खाने को गाढ़ा करने के लिए उपयोग में लाया जाता हैं |

टैपिओका के आटे को लोग अक्सर कसावा का आटा मानते है जो की गलत है | जब की टैपिओका एक स्टार्चयुक्त तरल पदार्थ है जो कसावा की जड़ से निकाला जाता है | इस स्टार्च से बनती है टैपिओका पाउडर | 

टैपिओका पाउडर के आटे का उपयोग ब्रेड रेसिपी में किया जाता है, हालाँकि इसे अक्सर अन्य आटे के साथ जोड़ा जाता है |

विकासशील देशों में इसे ब्रेड बनाने के लिए प्रयोग में लाया जाता है | विभिन्न टॉपिंग के साथ, इसे नाश्ते, रात के खाने या मिठाई के रूप में भी  इस्तेमाल किया जाता है।

कसावा/टैपिओका के उपयोग 

दुनिया के विविध देशों में लोग कसावा को विभिन्न तरीकों से बनाते और खाते हैं, जिसमें पकाना और उबालना सबसे आम तरीका है | कुछ जगहों पर लोग कसावा को इस्तेमाल करने से पहले उसे ferment (खमीर) कर लेते हैं |

अमेरिका के कई प्रान्तों में लोग कसावा को पीसकर उससे टैपिओका बनाते हैं, जिसे वे हलवा (Pudding) के रूप में खाते हैं या व्यंजनों को गाढ़ा करने वाले एजेंट के रूप में उपयोग करते हैं |

कसावा को स्टार्च, आटा, चिप्स, इथेनॉल, ग्लूकोज सिरप और ब्रेड जैसे कई उत्पादों में संसाधित किया जा सकता है | इन उत्पादों की स्थानीय स्तर पर उच्च मांग तो होती ही है और इन उत्पादों को निर्यात भी किया जा सकता हैं |

टैपिओका (Tapioca) पाउडर का उपयोग सूप, सॉस और ग्रेवी को गाढ़ा करने के लिए किया जाता है |

कपड़ों को स्टार्च करने के लिए भी टैपिओका (Tapioca) पाउडर का इस्तेमाल किया जाता है |

कसावा/टैपिओका के स्वास्थ्य लाभ

कसावा एक कैलोरी से भरपूर सब्जी है जिसमें भरपूर मात्रा में कार्बोहाइड्रेट और प्रमुख विटामिन और खनिज होते हैं जो मानवी शरीर के स्वास्थ के लिए अच्छे होते है |


कसावा/टैपिओका शरीर पर शीतल प्रभाव पड़ता है क्योंकी इसकी तासीर ठंडी होती है |  जिन लोगों को अत्यधिक पित्त का प्रकोप होता है उनके पित्त को शमन करने का काम टैपिओका (Tapioca) करता है |

भारतीय आयुर्वेद के अनुसार, साबूदाना और चावल का शरीर पर शीतल प्रभाव पड़ता है, इसलिए पित्त अधिक होने पर साबूदाना का घोल दिया जाता है |


बीमार होने पर बीमार व्यक्ती को टैपिओका से बना साबूदाना देना बहुत अच्छा होता है क्योंकि यह पचने में आसान होता है और शरीर को जल्दी ऊर्जा देता है | आमतौर पर साबूदाना खीर के रूप में यह बीमार व्यक्ति को दिया जाता है |


टैपिओका/कसावा में नमक (Sodium) का प्रमाण बहुत ही कम होता है | 100 ग्राम में सिर्फ 14 मिलीग्राम नमक होता है | शरीर को हर रोज नमक की आवश्यकता सिर्फ 2,300 मिलीग्राम की होती है |

टैपिओका/कसावा में क़ुदरती रूप से नमक की मात्रा बहुत कम होती है इसलिए इसका आहार में समावेश करना अच्छा होता है |

अती नमक (Sodium) का सेवन शरीर के लिए घातक होता है | इसके अति सेवन  से उच्च रक्तचाप, हृदय रोग और लकवे जैसी बीमारी हो सकती है |


टैपिओका से बना साबूदाना कैल्शियम का एक अच्छा स्रोत है | एक कप साबूदाना में 30.4 मिलीग्राम कैल्शियम होता है जो शरीर के कैल्शियम को कमी को पूरा करता है |

लोग हर दिन त्वचा, पसीने, मूत्र और मल के माध्यम से कैल्शियम खो देते हैं | आहार के बिना शरीर खोए हुए कैल्शियम की पूर्ती कर नहीं सकता है | टैपिओका/कसावा का सेवन शरीर के कैल्शियम की पूर्ती करने में सहायक होता है |

मजबूत हड्डियों और दांतों के लिए कैल्शियम महत्वपूर्ण होता है |

कैल्शियम शरीर के अन्य कार्यों में भी सहायक होता है |जैसे-

  • रक्त वाहिकाओं और मांसपेशियों में संकुचन और फैलाव
  • खून का जमना- जख्म से बहने वाले खून को जमा देता है |

जिन व्यक्तियोंका शरीर कृष और कमजोर होता है उनके लिए टैपिओका शरीर का वजन बढाने का काम करता है |

जिन लोगों को जल्दी वजन बढ़ाना है उन्हें अपने आहार में टैपिओका को शामिल करने से फायदा होता है | एक कप टैपिओका मोती (साबूदाना) में 544 कैलोरी और 135 ग्राम कार्बोहाइड्रेट होता है।

एक दिन में दो कटोरी टैपिओका हलवा खाने से व्यक्ति का वजन बढ़ने की संभावना रहती है इसलिए वजन बढ़ने की इच्छा रखने वाले लोग अपने व्यंजनों में टैपिओका भी जोड़ सकते हैं |

टैपिओका में कोलेस्ट्रॉल (cholesterol) लगभग न के मात्रा में होता है इसलिए इसके सेवन से सेहत पर बुरा असर भी नहीं होता है |


टैपिओका में प्रतिरोधी स्टार्च (Resistant starch) नैसर्गिक रूप से होता है | यह स्टार्च पाचन तंत्र में फाइबर की तरह काम करता है जिससे पाचन-शक्ति बढ़ती है और आतों की सेहत सुधरती है |

प्रतिरोधी स्टार्च (Resistant starch) यह आंत (gut) में मानवी शरीर के लिए अनुकूल बैक्टीरिया को बढाती है, जिससे सूजन और मानवी शरीर को हानिकारक बैक्टीरिया की संख्या कम हो जाती है |


यह भोजन के बाद रक्त शर्करा (blood sugar level) के स्तर को कम करता है, ग्लूकोज और इंसुलिन चयापचय (Metabolism) में सुधार कर सकता है |


टैपिओका आयरन का एक अच्छा स्रोत है | यह शरीर के लोह (Iron) खनीज की कुछ हद तक पूर्ती करता है | एक कप साबूदाना में लगभग 2.4 मिलीग्राम लोह होता है | मानवी शरीर को प्रतिदिन 7–18 मिलीग्राम लोह (Iron) की जरूरत होती है |

लोह (Iron) मानवी शरीर के रक्त में एक आवश्यक घटक है | यह शरीर के सभी भागों में ऑक्सीजन पहुंचाने का कार्य करता है | जब मानवी शरीर में लोह की कमतरता होती है तो अनेमिया नामक  बीमारी हो जाती है |


बहुत से लोगोंको गेहूं, अनाज और ग्लूटेन से एलर्जी होती हैं इसलिए वो गेहूं और अनाज युक्त आहार सेवन नहीं कर पाते है | ऐसे लोग टैपिओका (Tapioca) का सेवन कर सकते है क्योंकी यह नैसर्गीक रूप से अनाज और ग्लूटेन से मुक्त होता है | 

बेकिंग और खाना पकाने में टैपिओका (Tapioca) का आटे के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है | सूप या सॉस को गाढ़ा करने के लिए भी इसका इस्तेमाल किया जा सकता है।पोषक तत्वों की संख्या बढ़ाने के लिए आप इसमें  बादाम का आटा या नारियल का आटा  मिला सकते हैं |

पारंपरिक रूप से देखा जाये तो टैपिओका/कसावा परिपूर्ण स्वास्थ्यप्रद भोजन नहीं है पर यह मानव शरीर के कई महत्वपूर्ण पोषक तत्व पुरे करने में मदद कर सकता है |

कसावा/टैपिओका जहरिला होता है

Tapioca in Hindi
Tapioca in Hindi

कसावा का पौधा जिसके जड़ों के स्टार्च से टैपिओका बनता है, वह कसावा का पौधा जहरीला होता है |

इसके पत्तों से लेकर जड़ों तक के इसके सारे हिस्से में विषैला पदार्थ होता है |

इसलिए कभी भी कच्चे रूप में इसके किसी भी हिस्से का सेवन नहीं करना चाहिए हालां की कुछ प्रक्रिया करने के बाद यह खाने योग्य हो जाता है |

कसावा/टैपिओका से बनने वाले व्यंजन 

दुनिया भर में लोग कसावा/टैपिओका का उपयोग करके जो खाद्य पदार्थ बनाते हैं उनमें शामिल हैं :


बबल टी, जिसे पर्ल मिल्क टी (Pearl Milk Tea) के नाम से भी जाना जाता है, ताइवान का एक लोकप्रिय पेय है जिसमें टैपिओका पर्ल मतलब साबूदाने का इस्तेमाल होता है | यह पेय भारत में भी काफी लोकप्रिय हो गया है।

इस पेय में दूध, फल और चबाने वाले टैपिओका मोती (साबुदाना) का उपयोग होता है |


पश्चिमी दुनिया में टैपिओका का सबसे लोकप्रिय उपयोग दूध और चीनी के साथ दूध आधारित मिठाई का हलवा है | उष्ण कटिबंध प्रदेशों में , इसे फल या फलों के रस के साथ हलवा के रूप में तैयार किया जाता है |


भारत में साबूदाना (Tapioca Pearl) के विविध स्वादिष्ट व्यंजन बनाये जाते है | इनमे शामिल है-

साबूदाना खिचडी: भारत के हर एक घर में यह व्यंजन बनाया जाता है | त्योहार के दौरान, भारत में लोग साबूदाना खिचड़ी, साबूदाना खीर जैसे व्यंजन बनाते हैं | उपवास के दिनों में साबूदाना खिचड़ी, साबूदाना खीर जैसे व्यंजन बनाये जाते है जिससे शरीर को आवश्यक ऊर्जा मिलती है |

साबूदाना वड़े: साबूदाना भिगोकर, इसमें आवश्यक मसाले मिलाकर इसकी टिक्की बनाई जाती है बाद में इसे तेल में तला जाता है |

साबूदाना पापड़

साबूदाने को उबालकर, उसके घोल को धूप में सुखाकर साबूदाना पापड़ बनाया जाता है | इसे तेल में तलके खाया जाता है | 


टैपिओका  से दुनिया भर के देशों में विविध पदार्थ बनाये जाते है | जैसे-

  • French fries- जिस तरह आलू के french fries बनाये जाते है उसी तरह कसावा के कंद से भी बनाये जाते है |
  • Mashed cassava- जिस तरह आलू को उबालके, मसलके उसमें स्वाद के लिए मसाले मिलाये जाते है वैसे ही पद्धतीसे कसावा को उबालके, मसल के स्वाद अनुसार मसाले मिला कर Mashed cassava व्यंजन बनाया जाता है |
  • Cassava chips- कच्चे कसावा को छिलके, अच्छी तरह धोकर १५ मिनट के लिए पानी में भिगोकर रख दें। वेफर के आकार का काटकर बादमे उसे तेल में तला जाता है और कसावा वेफर तयार हो जाते है |
  • Cassava bread soaked in coconut milk- टैपिओका पाउडर से बनाये गए ब्रेड को नारियल के दूध में भिगोकर उसमे अन्य सामग्री मिलाकर ये व्यंजन बनाया जाता है |
  • Cassava cake- टैपिओका पाउडर का उपयोग करके केक भी बनाया जाता है जिसे ‘कसावा केक’ कहते है |
  • Tapioca Pearl- भारत में इसे साबूदाना कहते है | इसको आहार के रूप में लगभग सभी लोग उपयोग में लाते है | 

भारत का लोकप्रिय व्यंजन साबूदाना

भारत का लोकप्रिय व्यंजन साबूदाना भी कसावा कंद से निकाले गए तरल पदार्थ (starch) मतलब टैपिओका (Tapioca) से बनाया जाता है |

Tapioca in Hindi
Tapioca in Hindi

भारत का 90 प्रतिशत साबूदाना तमिलनाडु के सेलम क्षेत्र (सेलम (Salem) और आसपास के आठ जिलों) में उत्पादित होता है | क्योंकि इस क्षेत्र में टैपिओका की सबसे अधिक उपज होती है|

साबूदाना को अंग्रेजी भाषा में टैपिओका पर्ल (Tapioca Pearl) मतलब सफ़ेद मोती कहा जाता है | साबूदाना दिखने में भी सफ़ेद मोती की तरह ही होता है |

साबूदाने में कोई खनिज या विटामिन नहीं होता है और इसमें बहुत कम मात्रा में कैल्शियम, आयरन और फाइबर होता है, यह कार्बोहाइड्रेट से भरपूर होता है |

साबूदाने में 11% पानी और 89% कार्बोहाइड्रेट होते हैं, कोई प्रोटीन या वसा (fat) नहीं होता है |

एक औंस (28 ग्राम) साबूदाने में 100 कैलोरी (Calories) होती है |

साबूदाना स्टार्च से भरपूर होता है, यह कार्बोहाइड्रेट का एक शुद्ध स्रोत है इसलिए उपवास के दौरान शरीर को जरूरी ऊर्जा तुरंत दे देता है | यही कारण है कि भारतीय त्योहारों में इसका सेवन ज्यादातर नाश्ते में या फिर धार्मिक त्योहारों के दौरान व्रत तोड़ने के लिए किया जाता है |

साबूदाना मोती आमतौर पर कच्चे होने पर अपारदर्शी होते हैं, लेकिन उबलते पानी में पकाए जाने पर पारभासी हो जाते हैं |

साबूदाने का आकार आमतौर पर गोल ही होता है | यह आकार लगभग 1 मिमी से 8 मिमी व्यास के बीच होता है, जिसमें 2-3 मिमी सबसे आम आकार होता है |

कसावा/टैपिओका से होने वाले नुकसान 

कसावा में केवल थोड़ी मात्रा में प्रोटीन और वसा (Fats) होता है। नतीजतन, जो लोग कसावा को प्राथमिक आहार के रूप में उपयोग करते हैं उन्हें कुपोषण से बचने के लिए अतिरिक्त प्रोटीन की खुराक लेने की आवश्यकता हो सकती है |


टैपिओका मधुमेह रोगियों के लिए उपयुक्त आहार नहीं है क्यों की इसमें बहुत सारा कार्बोहायड्रेट होता है | शरीर कार्बोहाइड्रेट को ग्लूकोज (Sugar) में बदल देता है, जिससे  कार्बोहाइड्रेट खाने से रक्त शर्करा (Sugar Level) का स्तर बढ़ जाता है | इसलिए मधुमेह रोगियोंको इसका सेवन करने से बचना चाहिए |


लेटेक्स उत्पादों से एलर्जी वाले लोगों को क्रॉस-रिएक्टिविटी के कारण कसावा से एलर्जी का अनुभव हो सकता है | आपका शरीर लेटेक्स एलर्जी के लिए कसावा में गलती करता है, जिससे एलर्जी की प्रतिक्रिया होती है इसे लेटेक्स-फ्रूट सिंड्रोम कहा जाता है |

लेटेक्स एलर्जी उन लोगों में सबसे आम है जो जैसे लेटेक्स उत्पादों के नियमित संपर्क में होते हैं, जैसे की रबर के दस्ताने, पेंट, गोंद इत्यादी |


जिन लोगों के आहार का एक बड़ा हिस्सा कसावा और टैपिओका-आधारित उत्पादों पर आधारित होता हैं, उनमें अंततः प्रोटीन और पोषक तत्वों की कमी हो सकती है |

पोषक तत्वों की कमी के कारण वे कुपोषण, रिकेट्स और गण्डमाला बीमारी के शिकार हो सकते है |


कसावा को कभी भी कच्चा नहीं खाना चाहिए, क्योंकि इसमें प्राकृतिक रूप से साइनाइड होता हैं, जो खाने के लिए जहरीला होता हैं | इसलिए कसावा का सेवन करने से पहले इसको अच्छी तरह से भिगोया जाता है और बाद में पकाया जाता है, जिससे यह खाने योग्य हो जाता है |


कच्चा या गलत तरीके से पकाया गया कसावा खाने के गंभीर दुष्परिणाम हो सकते है |

जिन जगहों पर कसावा प्रमुख आहार है वहापर इसे योग्य तरीके से पकाकर न खाने के परिणाम दीखाई देते है | जैसे की:

  • बच्चों के पैर को लकवा मार जाना 
  • शरीर में आयोडीन का स्तर कम हो जाना
  • गण्डमाला (Goiter) बीमारी से ग्रस्त हो जाना

कच्चा या गलत तरीके से पकाया गया कसावा खाने से वृद्ध और वयस्कोंमें ट्रॉपिकल एटैक्सिक न्यूरोपैथी (tropical ataxic neuropathy) नामक स्थिति उत्पन्न हो जाती है|  यह एक ऐसी स्थिति है जिसमे-

  • दृष्टि कमजोर हो जाती है |
  • शरीर में कमजोरी आती है |
  • हाथों की संवेदनाएं चली जाती है |
  • चलने में समस्या होती है |
  • पैरों पर कुछ है ऐसे अनुभूति होती रहती है |

कसावा के कंद में प्राकृतिक रूप से जहरीला साइनाइड तो होता ही है उसके अलावा ये पर्यावरण में घुले हुए प्रदूषित घटकों को भी शोषित करने में सक्षम होता है | ऐसे प्रदूषित कसावा का सेवन करने से मनुष्य बीमार हो सकता है |

जो कसावा के पौधे पर्यावरण में घूले हुए प्रदूषित घटकों का ग्रहण कर लेते है, ऐसे कसावा का मनुष्य द्वारा सेवन करने पर यह प्रदूषित घटक मनुष्य के शरीर में शामिल हो जाते हैं | इन प्रदूषित घटकों में शामिल होते है-

  • धातु तत्व
  • कीटनाशक
  • Herbicides-अनचाहे पौधों का नाशक रसायन

यह सारे प्रदूषित घटक मनुष्य को गंभीर रूप से बीमार कर सकते है |


कसावा कंद का स्टार्च मतलब टैपिओका से बनाये गए सारे उत्पाद, जैसे टैपिओका आटा और साबूदाना इत्यादी सब मनुष्य के खाने के लिए सुरक्षित होते है, सिर्फ कच्चे कसावा कंद का सेवन करते समय सावधानी बरतनी जरूरी होती है |

कसावा कंद पर जब ठीक से प्रक्रिया (Process) कि जाती है, तो टैपिओका स्वास्थ्यपर कोइ भी नकारात्मक प्रभाव नहीं होता हैं | अधिकांश नकारात्मक स्वास्थ्य प्रभाव खराब प्रक्रिया किये गए कसावा जड़ के सेवन से आते हैं |

कसावा के प्रकार 

कसावा दो प्रकार के होते है | दोनों प्रकार के कसावा का उत्पादन लिया जाता है और इनको खाया जाता है |

  1. मीठे स्वाद वाला कसावा 
  2. कडवे स्वाद वाला कसावा 

मीठे स्वाद वाला कसावा: मीठे स्वाद वाले कसावा में प्राकृतिक रूप से कडवे स्वाद वाले कसावा के मुकाबले कम cyanogenic glucoside होता है जिसके वजहसे यह स्वाद में मीठा होता है | 

इसकी जड़ों का आकार कडवे कसावा के मुकाबले कम बड़ा होता है इसलिए इसका उत्पादन प्रती एकर मीठे कसावा से कम निकलता है | अमेरिका में आमतौर पर सिर्फ मीठे कसावा का उत्पादन होता है |


कडवे स्वाद वाला कसावा: इसका आकार मीठे कसावा से ज्यादा बड़ा होता है और इसमें cyanogenic glucoside का प्रमाण भी ज्यादा होता है इसलिए यह स्वाद में कडवा होता है | बड़े आकार की वजहसे इसका उत्पादन प्रती एकर ज्यादा निकलता है |

दोनों कसावा जहरीले होते है इसलिए इनको कच्चा नहीं खाया जाता है | 

कसावा कंद का पोषण मूल्य

कौनसे विटामिन, खनीज और पोषक तत्व कसावा कंद में होते है उसकी जानकारी आपके लिए यहापर दी गयी है इसे जरूर पढ़िए |

प्रति 100 ग्राम कच्चे कसावा में पोषण मूल्य की मात्रा 

विटामिन मात्रा
फोलिक अम्ल (B9) 27 μg
नियासिन (B3) 0.854 mg
रिबोफ्लेविन (B2) 0.048 mg
थियामिन (B1) 0.087 mg
विटामिन B6 0.088 mg
विटामिन C 20.6 mg
खनिज पदार्थ मात्रा
कैल्शियम 16 mg
लोह 0.27 mg
मैगनीशियम 21 mg
फॉस्फोरस 27 mg
पोटैशियम 271 mg
सोडिअम 14 mg
जस्त 0.34 mg
ऊर्जा 160 kcal
कार्बोहाइड्रेट 38.1 g
शर्करा 1.7 g
फाइबर आहार 1.8 g
वसा 0.3 g
प्रोटीन 1.4 g

μg=micrograms, mg=milligrams, g=gram

कसावा/टैपिओका के अन्य उपयोग

खाने के अलावा कसावा के अन्य बहुत से इस्तेमाल हैं जिसकी बहुतसे लोगों को जानकारी नहीं है | कसावा एक बहुउपयोगी पौधा है, इसके पत्तो से लेकर कंद तक सब काम में आते है | जैसे की-

  • जानवरों को खिलाना
  • इसका दवाई बनाने में भी इस्तेमाल किया जाता है | 
  • इसका प्लाइवुड, कपड़े, कागज बनाने में इस्तेमाल क्या जाता है |
  • ईंधन के लिए बायोएथेनॉल बनाने के लिए भी यह इस्तेमाल होता है |

Tapioca in Hindi

Star Anise in Hindi | चमत्कारी चक्र फूल के बारें में सभी जानकारियाँ

Star Anise in Hindi: कई वर्षों से एशिया (Asia) और यूरोशीया (Eurosia) महाद्वीप में Star Anise का उपयोग किया जा रहा है |

सदियों पुराना यह मसाला (Spice) रसोई घर में इस्तमाल होता है और साथ-साथ अपने औषधीय गुणों के लिए भी प्रसिद्ध है |

इसका वैज्ञनिक नाम (Scientific name) इलिसियम वेरुम (Illicium verum) है और यह मैगनोलिया (Magnolia) परिवार से है |

Star Anise को दुनिया में staranise, star anise seed, star aniseed,  Chinese star anise नाम से भी जाना जाता है |

भारत में Star Anise विभिन्न नामो से पहचाना जाता है | हिंदी में यह चक्र फूल, चकरी फूल, अनासफल, फारसी में बादियान, मराठी में चकरी फूल, तमिल में अऩ्ऩाचि मॊक्कु, तेलगु में अनस पुव्वु नाम से जाना जाता है |

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Star Anise in Hindi

Star Anise को हिंदी भाषा में चक्र फूल, चकरी फूल, अनासफल या बाडियन कहते है|

चक्र फूल एक मध्यम आकार का सदाबहार पेड़ है जो पूर्वोत्तर वियतनाम और दक्षिण पश्चिम चीन का मूल निवासी है |

Star Anise (चक्र फूल) की उत्पत्ति 3000 साल पहले चीन से हुई थी |

इसके अनोखे स्वाद और सुगंध की वजह से एशियाई व्यंजनों में सदियों से चक्र फूल का इस्तेमाल किया जाता रहा है |

चक्र फूल व्यंजनों में इस्तेमाल किये जाने वाले मसालो में एक महत्वपूर्ण मसाला है जो खाने का स्वाद बढाने के साथ सेहत के लिए भी लाभकारी होता है |

पेड़ों पर उगने वाला चक्र फूल वास्तव में एक छोटा फल है जो फूल की तरह दीखता है | बहुत से लोग इसे फूल समझ लेते है पर यह एक छोटे आकार का फल है जिसके अन्दर बिज भी होते है |

इस फल के तारे जैसे आकार के वजहसे इसे अंग्रेजी में ‘Star Anise‘ और हिंदी में ‘चक्र फूल‘ कहा जाता है क्योंकि यह वास्तव में किसी तारे जैसा दिखता है |

आमतौर पर चक्र फूल में छह से आठ पंखुडियां होती है और इसके हर एक पंखुड़ियों में इसके बीज होते है | 

इन बीजों में कुछ ऐसे तत्व पाए जाते है जो मानव शरीर के लिए बहुत ही गुणकारी साबित होते है | 

एनएथोल नामक रसायनिक संग्रहण पदार्थ के कारण चक्र फूल का स्वाद किसी मुलैठी जैसा पर उससे थोडा तेज होता है |

चक्र फूल का पेड़

चीन, वियतनाम के साथ-साथ चक्र फुल का पेड़ दक्षिण-पूर्व एशिया में भी पाया जाता है पर चक्र फूल का वाणिज्यिक उत्पादन चीन और वियतनाम तक सीमित है |

भारत में इसका उत्पादन कुछ हद तक अरुणाचल प्रदेश में होता है लेकिन वह बहुत ही कम मात्रा में होता है |

Star Anise (चक्र फुल) के पेड को उगने के लिए विशिष्ट कृषि-जलवायु स्थिति की जरूरत होती हैं इसलिए यह दुसरी जगह पर उग नही पाते है |

इन पेड़ों के लिए वनप्रदेश योग्य होता जहाँ धुप और छाया दोनों समप्रमाण में होती है | 

चक्र फूल का पौधा सड़ी पत्तियों की मिट्टी, हल्के अम्लीय मिट्टी में अच्छी तरह से विकसित होता है | जो हल्की से मध्यम होती है और इसमें जल निकासी अच्छी होती है |

-10 डिग्री सेल्सियस तक का तापमान को चक्र फूल का पौधा सहन कर सकता है |

Star Anise (चक्र फुल) एक सदाबहार पेड़ है जिसकी ऊंचाई 8 से 15 मीटर तक की होती है और इसका व्यास 25 सेमी होता है | इसके पत्ते 10 से 15 सेमी लंबे और 2.5 से 5 सेमी चौड़े होते है |

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इस पेड़ पर चक्र फूल के फल लगने में कम से कम छह साल लगते है |

चक्र फूल जब पेड़ पर होता है तो वह हरे रंग का होता है | पूरी तरह से पकने से पहले ही उसे पेड़ पर से तोड़ लिया जाता है | 

हरे रंग के इस फल को जब धुप में सुखाया जाता है तो उसका रंग लाल भूरा हो जाता है | इस तारे के आकार के लाल भूरे रंग के फल को ही Star Anise या चक्र फूल कहा जाता है | 

चक्र फुल के उपयोग 

खाना पकाते वक्त खाने को विशिष्ट स्वाद देने का काम चक्र फूल करता है |

इसका उपयोग चीनी व्यंजनों में लंबे समय से और पश्चिमी व्यंजनों में 1600 के दशक से किया जाता रहा है | भारत में भी चक्र फूल का उपयोग खाने का स्वाद बढाने के लिए किया जाता है |

खाने के साथ-साथ पेय पदार्थ का स्वाद बढाने हेतु भी इसका उपयोग किया जाता है | इसकी चाय बड़ी गुणकारी होती है |


चक्र फूल के बिज से तेल निकाला जाता है | इस तेल का उपयोग शीत पेय (Cold drinks), बेकरी उत्पादों और शराब में स्वाद के लिए किया जाता है |

यह एक अत्यधिक सुगंधित तेल है जिसका उपयोग खाना पकाने, इत्र, साबुन, टूथपेस्ट, माउथवॉश और त्वचा क्रीम में किया जाता है |

इत्र (Perfume) में भी चक्र फूल के तेल का उपयोग किया जाता है |


चक्र फूल के बिज में औषधी गुण होते है इसलिए कई रोगों के दवाई में इसका उपयोग किया जाता है |

विश्व प्रसिद्ध चाइनीज चक्र फुल मसाला 

चक्र फूल चीन का स्थानीय फल है, इसीलिए इसका वहापर अन्य देशों के मुकाबले विविध तरीके से उपयोग किया जाता है |

चीन का Five Spice Powder मिश्रण एक विश्व प्रसिद्ध मसाला है | जिसमे चक्र फुल का इस्तेमाल किया जाता है | 

  • इस Five Spice Powder मिश्रण का उपयोग चीनी लोग सब्जियां और मांस को स्वाद देने के लिए करते है | 
  • मांस को मैरीनेट करने के लिए इसका उपयोग किया जाता है | 
  • इसका उपयोग अचार बनाने के लिए मसाले के रूप में किया जाता है |
  • खाने के curries में स्वाद लाने के लिए इसका इस्तेमाल किया जाता है |

आप भी चीन के इस Five Spice Powder मिश्रण मसाले को घर पर बना सकते है और खाने का स्वाद बढ़ा सकते हैं |


सामग्री:

  • चक्र फूल 1
  • 1 टेबल-स्पून साबुत काली मिर्च
  • दालचीनी 1/4 छड़ी
  • सौंफ 2 चम्मच
  • 4 साबुत लौंग

 ➡ बनाने की विधि :

धीमी आंच पर चक्र फूल, दालचीनी और लौंग को ३-४ मिनट के लिए भूनें, फिर सौंफ डालें और 1 से ३ मिनट के लिए भूनें |

इस मिश्रण को पिसने वाले चक्की का उपयोग करके पीस लें | इस पिसे हुए मिश्रण को महीन जाली वाली छलनी से छान ले |

छानने के बाद इस मिश्रण के बचे हुए मोटे टुकड़े को फिर से पीस लें |

मिश्रण के बचे हुए मोटे टुकड़े को आप स्वाद बढ़ाने के लिए चाय या किसी पेय जल में डाल सकते है |

चक्र फूल सेवन के लाभ 

चक्र फूल के बीजों से युक्त एक गिलास पानी पीने से सेक्स ड्राइव में वृद्धि हो सकती है |चीनी लोग मानते हैं कि चक्र फूल के बीज किसी की सेक्स इच्छा को बढ़ाने में बहुत मदद करते हैं |


चक्र फूल के बीजों में विटामिन A और C से भरपूर मात्रा में होते हैं | इनमे antioxidant (एंटीऑक्सिडेंट) भी होते है जो जल्दी उम्र बढ़ने और मधुमेह के लिए जिम्मेदार तत्वों को कम कर देते हैं |

शरीर की त्वचा को कसने का काम चक्र्फूल बीज करते है इसलिए त्वचा की झूरियां कम हो जाती है क्यों की इसमें एंटी-एजिंग गुण भी होते हैं |


चीन में कुछ महिलाएं स्तन के दूध के प्रवाह को बढ़ाने, मासिक धर्म को बढ़ावा देने और प्रसव को आसान बनाने के लिए चक्र फूल का सेवन करती हैं |


चक्र फूल के बीजों से उत्पन्न तेल में थाइम तेल (thyme oil) और टेरापिन तेल (terrapin oil) होता है जिसका खांसी (Cough) और फ्लू (Flu) के इलाज के लिए उपयोग किया जाता है |

लोग फ्लू (Flu) के इलाज के लिए चक्र फूल का उपयोग करते हैं क्योंकि इसमें शिकिमिक एसिड (shikimic acid) होता है, जिसका उपयोग फ़्लू के इलाज के लिए बनाई गयी दवाई टैमीफ्लू (Tamiflu) में किया जाता है |

2009 में चक्र फूल के बीजों में पाए जाने वाले कुछ तत्वों का स्वाइन फ्लू बीमारी के लिए बनाई गयी प्रभावी दवा में समावेश किया गया था | वास्तव में तबसे चक्र फूल की मांग और कीमत बढ़ गयी | 

हालांकि, ऐसा कोई शोध नहीं है जो यह दर्शाता हो कि सिर्फ चक्र फूल का सेवन करने मात्र से फ्लू बीमारी का वायरस नष्ट हो जाता है, पर इसका सेवन फ्लू की बीमारी में थोड़ा बहुत आराम जरूर दे सकता है |


सामान्य खांसी या सामान्य संक्रमण के लिए चक्र फूल बहुत अच्छा विकल्प हैं।


भोजन के बाद चक्र फूल की चाय का सेवन करने से पाचन तत्व जैसे गैस, अपचन और कब्ज की परेशानी दूर होने में मदद मिलती है |


यह फल जीवाणु नाशक, वायुनाशक और मूत्रवर्द्धक होता है। यह पेट फूलना और ऐंठन में भी उपयोगी माना जाता है |


कुछ लोग चक्र फूल के सुंगंध की सांस लेते है | ऐसा माना जाता है की श्वसन सबंध की बीमारी में यह कुछ हद तक आराम देता है |


ऐसे माना जाता है की श्वसन पथ के संक्रमण, फेफड़ों की सूजन (सूजन), खांसी, ब्रोंकाइटिस, फ्लू (इन्फ्लूएंजा), स्वाइन फ्लू और बर्ड फ्लू के लिए चक्र फूल का सेवन लाभदायक होता है |


चक्र फूल का उपयोग पाचन तंत्र की समस्याओं के लिए भी किया जाता हैं | जिसमें पेट की ख़राबी, गैस, भूख न लगना और पेट का दर्द भी शामिल हैं |


जरूरी सूचना :

किसी भी चीज का अत्यधिक मात्रा में सेवन आपके सेहत के लिए परेशानी का सबब बन सकती है फिर वो चीज कुदरती ही क्यों न हो | 

इसी लिए आधा चम्मच से अधिक Star Anise (चक्र फूल) का उपयोग करने की सलाह  कोइ भी चिकित्सक नहीं देता । स्वास्थ्य लाभ के लिए आधा चम्मच पर्याप्त होगा |

चक्र फूल सेवन की विधी 

चक्र फूल सेवन के विविध तरीके है |

इसको पीसकर पाउडर बनाया जा सकता है या इसे पूरी तरह से साबुत इस्तेमाल किया जा सकता है |

कभी-कभी आप इसे क्रश करके भी इस्तेमाल कर सकते हैं।

चाय में आप इसे पाउडर, साबुत या क्रश करके भी इस्तेमाल कर सकते हैं |

आप इसका कुछ व्यंजनों में पाउडर के रूप में उपयोग कर सकते हैं |

इसका उपयोग रसोई में मीठे और नमकीन व्यंजनों के साथ किया जा सकता है |

इसका प्रयोग मिठाई बनाने में भी किया जाता है, जहाँ यह हल्की मीठास के साथ तीखा स्वाद भी प्रदान करता है |

इसका उपयोग करने का सबसे अच्छा तरीका यह है कि इसे 5 मिनट तक गर्म पानी में उबालें और फिर इसे थोडी देर रहने दें | ग्रीन टी बैग को इसमें डुबोएं, बाद में छान ले और एक स्वस्थ भारतीय पेय के रूप में पीएं | आप इसमें शहद या थोडीसी Sugar Free चीनी भी मिला सकते है |

वजन घटाने वाला चक्र फूल 

ऐसा माना जाता है चक्र फूल और दालचीनी बनाकर जो चाय बनती है वो बढे हुए वजन को कम करने में सहायक होती है | 

एक कप चक्र फूल-दालचीनी चाय बनाने के विधि |

सामग्री:

  • 3 चक्र फूल
  • 1 इंच लम्बी दालचीनी

प्रक्रिया:

1 कप पानी उबालें और उसमें चक्र फूल और दालचीनी मिला लें |

ढक्कन से ढक कर लगभग १० मिनट तक उबालें और इसे ३ मिनट के लिए रहने दें |

छलनी से छानकर इस चाय को गर्म ही सिप सिप करके पिए | स्वाद के लिए आप इसमें शहद मिला सकते है | 

इस तरह की गर्म चक्र फूल की चाय वजन घटाने के लिए और खांसी और सर्दी के मामले में और गले को शांत करने के लिए गुणकारी होती है |


आवश्यक सूचना:

चक्र फूल की तासीर गर्म होती है इसलिए इसका अत्याधीक सेवन सेहत को नुकसान पंहुचा सकता है |

चक्र फूल का दूध 

दूध में चक्र फूल का उपयोग करके आप एक स्वादिष्ट पेय बना सकते है | चक्र फूल का दूध स्वादिष्ट होने के साथ सेहतमंद होता है और बनाने में आसान भी |

Star Anise in Hindi
Star Anise in Hindi

यह चक्र फूल दूध रेसिपी नेदरलैंड के एक पेय पर आधारित है | 

सामग्री:

3 कप दूध (चॉकलेट मिल्क को छोड़कर आप किसी भी तरह का दूध इस्तेमाल कर सकते हैं )
3 चक्र फूल (स्वाद के अनुसार आप इसे कम ज्यादा कर सकते है )
3 बड़े चम्मच चीनी (यदि आवश्यक हो तो चीनी कम करें)

चीनी की जगह आप शहद या भूरि शक्कर (Brown Sugar) का उपयोग कर सकते है |

बनाने की विधि:

  • मध्यम आकार के सॉस पैन में दूध और चक्र फूल मिला ले |
  • इस मिश्रण को मध्यम या उच्च गर्मी पर उबाल लें |
  • एक उबाल आने के बाद, इसे 3 से 5 मिनट के लिए छोड़ दें |
  • स्वाद अनुसार शहद या शक्कर मिला ले | आपका स्वादिष्ट और सेहतमंद चक्र फूल दूध तयार हो जाएगा |
क्या चक्र फूल जहरिला होता है?

सामान्य रूप से दो तरह के चक्र फूल पाए जाते है और इनमे से एक जहरीला होता है |

  1. चीनी चक्र फूल 
  2. जपानी चक्र फूल 

चीनी चक्र फूल और जपानी चक्र फूल दोनों दिखने में एक समान होते है | दोनों में भेद ढूंढ पाना मुश्कील होता है | 

चीनी चक्र फूल को खाने का और पेय जलों का स्वाद बढाने के लिए उपयोग में लाया जाता है | इसमें बहुत सारे औषधी गुण होते है इसलिए इसे औषधी में और औषधी के रूप में भी इस्तेमाल किया जाता है | इसके बीजों का तेल भी निकाला जाता है जो खाने के आलावा औषधी में भी काम में लाया जाता है | 

चीनी चक्र फूल बिलकूल भी जहरीले नहीं होते है | 

जपानी चक्र फूल बड़े जहरीले होते है इसलिए इनको खाया नहीं जाता है | ये खाने के और औषधी दोनों के योग्य नहीं होते है |

चीनी और जपानी दोनों चक्र फूल दिखने में एक जैसे होते है इसलिए यह हमेशा सुनिश्चित करें कि आप चीनी चक्र फूल का उपयोग कर रहे हैं, न कि जापानी चक्र फूल का, जो कि जहरीला होता है |

चक्र फूल सेवन के नुकसान 

यदि आप गर्भवती हैं या बच्चे को स्तनपान करा रही हैं तो चक्र फूल का सेवन करने से आपको बचना चाहिए | इस स्थिती में इसका सेवन नुकसानदायक हो सकता है |


बच्चों को चक्र फूल का सेवन नही करना चाहिए |


चक्र फूल की तासीर गरम होती है इसलिए इसका अत्यधिक सेवन आपका पेट ख़राब कर सकता है |


जापानी चक्र फूल जहरीला होता है इसलिए हमेशा चीनी चक्र फूल का ही सेवन करें |


Star Anise in Hindi

विश्व में कितने देश है | सभी देशों के नाम, मुद्रा, भाषा, ध्वज और विशेष जानकारी

विश्व में कितने देश है यह प्रश्न हम सबके मन को कभी न कभी जरूर स्पर्श करता है और हम इसका उत्तर ढूँढने की भी जरूर कोशिश करते है |

इस लेख में विश्व के सारे देशों के नाम उनकी जनसंख्या, क्षेत्र, मुद्रा, ध्वज और भाषा की जानकारी दी गयी है | 

विश्व में कितने देश है |

संयुक्त राष्ट्र (United Nations) 1945 में स्थापित एक अंतरराष्ट्रीय संगठन है | विश्व के जितने भी देश इस सघटन से जुड़े है उनको अधिकारिक तौर पर देश का दर्जा हासील है |

आज विश्व में अधिकारिक तौर पर 193 देश है जो United Nations के सदस्य  है| इसलिए विश्व में कुल देशों की संख्या 193 ही मानी जाती है |

जो 2 देश United Nations के सदस्य नही है वो है :-

  1. Holy See (होली सी)
  2. State of Palestine (स्टेट ऑफ़ पलेस्टाइन)

A

विश्व में कितने देश है 

अफ़ग़ानिस्तान (Afghanistan) 

अफ़ग़ानिस्तान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 करोड़ 80 लाख है |

क्षेत्रफल: 652,860 वर्ग किमी

राजधानी: काबुल 

राजभाषा: फारसी, पश्तो

मुद्रा: अफगान अफगानी (Afghan afghani)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 19-11-46


अल्बानिया (Albania)

विश्व में कितने देश है

अल्बानिया देश में मुस्लिम समुदाय की आबादी 58% है और ईसाई समुदाय की यहापर दुसरी बड़ी आबादी है | 

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 28.6 लाख है |

क्षेत्रफल: 28,748 वर्ग किमी

राजधानी: टिराना (Tirana)

राजभाषा: अल्बानियन (Albanian) 

मुद्रा: अल्बानियन लेक (Albanian lek)        

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


अल्जीरिया  (Algeria)

विश्व में कितने देश है

अल्जीरिया यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 4.31 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 2,381,741 km2

राजधानी: अल्जीयर्स (Algiers)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: अल्जीरियाई दीनार (Algerian Dinar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 08-10-62


एंडोरा (Andorra)

विश्व में कितने देश है

एंडोरा देश में 90% से भी ज्यादा रोमन ईसाइ (Roman Catholic) रहते है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 77,142 है |

क्षेत्रफल: 468 वर्ग किमी

राजधानी: एंडोरा ला वेला (Andorra la Vella)

राजभाषा: कैटलन (Catalan)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 28-07-93


अंगोला (Angola)

विश्व में कितने देश है

अंगोला देश में रोमन कैथोलिक ईसाई ज्यादा है | यह इसाई देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3.18 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 1,246,700 km2

राजधानी: लुआंडा (Luanda)

राजभाषा: पुर्तगाली (Portuguese)

मुद्रा: अंगोलन कवनजा (Angolan kwanza)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 01-12-76


अंतिगुया और बार्बूडा (Antigua and Barbuda)

विश्व में कितने देश है

अंतिगुया और बार्बूडा यह ईसाई (Christian) देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 97,118 है |

क्षेत्रफल: 440 वर्ग किमी (440 km²)

राजधानी: सेंट जॉन्स (Saint John’s)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: ईस्ट कॅरीबीयन डॉलर (Eastern Caribbean dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 11-11-81


अर्जेंटीना (Argentina)

विश्व में कितने देश है

अर्जेंटीना यह रोमन कैथोलिक (ईसाई) देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 4.49 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 2,780,400 km²

राजधानी: ब्यूनस आयर्स (Buenos Aires)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: अर्जेंटीना पेसो (Argentine Peso)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


अर्मेनिआ (Armenia)

विश्व में कितने देश है

अर्मेनिआ यह ईसाई धर्म का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 29.6 लाख है |

क्षेत्रफल: 29,743 km²

राजधानी: येरेवान (Yerevan)

राजभाषा: अरमेनियान (Armenian)

मुद्रा: अर्मेनियाई द्राम (Armenian dram)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-03-92


ऑस्ट्रेलिया (Australia)

विश्व में कितने देश है

ऑस्ट्रेलिया यह ईसाई धर्म का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2.54 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 7,692,024 km²

राजधानी: कैनबेरा (Canberra)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: ऑस्ट्रलियन डॉलर (Australian dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 01-11-45


ऑस्ट्रिया (Austria)

विश्व में कितने देश है

ऑस्ट्रिया यह ईसाई धर्म का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 88.6 लाख है |

क्षेत्रफल: 83,879 km²

राजधानी: वियना (Vienna)

राजभाषा: जर्मन (German)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


अज़रबैजान (Azerbaijan)

अज़रबैजान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 86,600 km²

राजधानी: बाकू (Baku)

राजभाषा: आज़रबाइजानी (Azerbaijani)

मुद्रा: अज़रबायजानी मैनट (Azerbaijani manat)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-03-92


B

बहमास  (Bahamas)

बहमास यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3.89 लाख है |

क्षेत्रफल: 13,878 km²

राजधानी: नासाउ (Nassau)

राजभाषा: अंग्रेज़ी

मुद्रा: बहामियन डॉलर (Bahamian Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-09-73


बहरीन (Bahrain)

बहरीन यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 16.4 लाख है |

क्षेत्रफल: 765.3 km²

राजधानी: मनामा (Manama)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: बहरीन दीनार (Bahraini dinar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-09-71


बांग्लादेश (Bangladesh)

बांग्लादेश यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 16.3 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 148,460 वर्ग किमी

राजधानी: ढाका (Dhaka)

राजभाषा: बंगाली

मुद्रा: बांग्लादेशी टाका (Bangladeshi taka)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-74


बारबाडोस (Barbados)

बारबाडोस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2.87 लाख है |

क्षेत्रफल: 431 km²

राजधानी: ब्रिजटाउन (Bridgetown)

राजभाषा: अंग्रेज़ी

मुद्रा: बारबाडोस डॉलर (Barbados Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 09-12-66


बेलारूस (Belarus)

बेलारूस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 94.7 लाख है |

क्षेत्रफल: 207,600 km²

राजधानी: मिंस्क (Minsk)

राजभाषा: बेलारूसीअन, रशियन

मुद्रा: बेलारस्सियन रूबल (Belarussian Ruble)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


बेल्जियम (Belgium)

बेल्जियम यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.15 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 30,689 km²

राजधानी: ब्रसेल्स (Brussels)

राजभाषा: डच, फ्रेंच और जर्मन

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 27-12-45


बेलीज़ (Belize)

बेलीज़ यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3.9 लाख है |

क्षेत्रफल: 22,966 km²

राजधानी: बेलमोपैन (Belmopan)

राजभाषा: अंग्रेज़ी

मुद्रा: बेलीज़ डॉलर (Belize Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 25-09-81


बेनिन (Benin)

बेनिन देश में 52.2% ईसाई धर्म (Christian) 24.6% मुस्लिम धर्म के लोग है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.18 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 114,763 km²

राजधानी: पोर्टो नोवो (Porto-Novo)

राजभाषा: फ्रेंच

मुद्रा: वेस्ट अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (West African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


भूटान (Bhutan)

भूटान यह बुद्ध धर्म का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 7.63 लाख है |

क्षेत्रफल: 38,394 km²

राजधानी: थिम्फु (Thimphu)

राजभाषा: जोंगखा (Dzongkha)

मुद्रा: नगुलत्रुम (Ngultrum)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-09-71


बोलीविया (Bolivia-Plurinational State of)

बोलीविया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.15 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 1,098,581 km²

राजधानी: ला पाज़ (La Paz), सूक्र (Sucre)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: बोलिवियानो (Boliviano)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-11-45


बोस्निया और हर्ज़िगोविना (Bosnia and Herzegovina)

बोस्निया और हर्ज़िगोविना में 50.70% मुस्लिम और 45.94% ईसाई धर्म के लोग है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 33 लाख है |

क्षेत्रफल: 51,197 km²

राजधानी: साराजेवो (Sarajevo)

राजभाषा:  बोस्नियन (Bosnian); सर्बियन (Serbian); क्रोएशियन (Croatian)

मुद्रा: कनवर्टिबल मारका (Convertible Marka)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 22-05-92


बोत्सवाना (Botswana)

बोत्सवाना यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 23 लाख है |

क्षेत्रफल: 581,730 km²

राजधानी: गबोरोने (Gaborone)

राजभाषा: अंग्रेज़ी

मुद्रा: पुला (Pula)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-10-66


ब्राज़ील (Brazil)

ब्राज़ील यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 21.1 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 8,515,767 km²

राजधानी: ब्रासीलिया (Brasilia)

राजभाषा: पुर्तगाली (Portuguese)

मुद्रा:  रियाल (Real)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


ब्रूनेई दारुस्सलम (Brunei Darussalam)

ब्रूनेइ दारएस्सलाम यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 4.33 लाख है |

क्षेत्रफल: 5,765 km²

राजधानी: बंडर सेरी बेगावान (Bandar Seri Begawan)

राजभाषा: मलय (Malay)

मुद्रा: ब्रूनेई डॉलर -रिन्ग्गिट (Brunei dollar-ringgit) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-09-84


बल्गारिया  (Bulgaria)

बल्गारिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 70 लाख है |

क्षेत्रफल: 110,994 km²

राजधानी: सोफिया (Sofia)

राजभाषा: बल्गेरियन (Bulgarian)

मुद्रा: बल्गेरियन लेव (Bulgarian lev)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


बुर्किना फासो  (Burkina Faso)

बुर्किना फासो यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2.03 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 274,200 km²

राजधानी: औगाडौगू (Ouagadougou)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा: वेस्ट अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (West African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


बुरुंडी  (Burundi)

बुरुंडी यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.15 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 27,834 km²

राजधानी: गितेगा (Gitega)

राजभाषा: फ्रेंच (French), किरून्दी (Kirundi), इंग्रजी (English)

मुद्रा: बुरुंडी फ्रैंक (Burundi franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-09-62


 C 

काबो वर्डे (Cabo Verde)

Cape Verde or Cabo VerdeCape Verde or Cabo Verde, officially the Republic of Cabo Verde, is an archipelago and island country in the central Atlantic Ocean, consisting of ten volcanic islands with a combined land area of about 4,033 square kilometers.

काबो वर्डे यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 4,033 km²

राजधानी: प्राया (Praia)

राजभाषा: पुर्तगाली (Portuguese)

मुद्रा: केप वेरडीअन इस्कुडो (Cape Verdean escudo)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 16-09-75


कंबोडिया  (Cambodia)

कंबोडिया यह बौद्ध(Buddhist) देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.65 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 181,035 km²

राजधानी: पनोम पेन्ह (Phnom Penh)

राजभाषा: खमेर (Khmer)

मुद्रा: रीयल (Riel)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


कैमरून  (Cameroon)

कैमरून देश में 69.2% ईसाई और 20.9% मुस्लिम आबादी है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2.59 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 475,442 km²

राजधानी: याओंडे (Yaounde)

राजभाषा: फ्रेंच (French), अंग्रेजी (English)

मुद्रा: सेंट्रल अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (Central African CFA Franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


कनाडा (Canada)

कनाडा यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3.76 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 9,984,671 km²

राजधानी: ओटावा

राजभाषा: फ्रेंच (French), अंग्रेजी (English)

मुद्रा: कैनेडियन डॉलर (Canadian Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 09-11-45


सेंट्रल अफ्रीकन रिपब्लिक (Central African Republic)

सेंट्रल अफ्रीकन रिपब्लिक यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 47.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 622,984 km²

राजधानी: बांगुइ (Bangui)

राजभाषा: फ्रेंच (French), सांगो (Sango)

मुद्रा: सेंट्रल अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (Central African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


चाड (Chad)

चाड देश में 40-45% ईसाई और 50-55% मुस्लिम आबादी है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.59 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 1,284,000 km²

राजधानी: न’दजामेना (N’Djamena)

राजभाषा: अरबी और फ्रेंच (Arabic and French)

मुद्रा: सेंट्रल अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (Central African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


चीली (Chile)

चीली यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.9 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 756,950 km²

राजधानी: सेंटियागो (Santiago)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: चिलियन पेसो (Chilean peso)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


चीन (China)

चीन यह बौद्ध धर्मीय (Buddhist) देश है | |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 139 करोड़ 77 लाख है |

क्षेत्रफल:9,596,960 km²

राजधानी: बीजिंग (Beijing)

राजभाषा:  मंडारिन (Mandarin)

मुद्रा: रेन्मिन्बी (Renminbi)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


कोलांबिया (Colombia)

कोलांबिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5.03 करोड़ है |

क्षेत्रफल: 1,418,748 km²

राजधानी: बोगोटा (Bogotá)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: कोलोम्बियन पेसो (Colombian peso)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 05-11-45


कोमोरोस (Comoros)

कोमोरोस यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 8.51 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,862 km²

राजधानी: मोरोनी (Moroni)

राजभाषा: कोमोरियन, फ्रेंच और अरबी (Comorian, French and Arabic)

मुद्रा: कोमोरियन फ्रैंक (Comorian franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 12-11-75


कांगो (Congo)

कांगो यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 8 करोड़ 68 लाख है |

क्षेत्रफल: 2,345,409 km²

राजधानी: कीण्षासा (Kinshasa)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा: कांगोलीज  फ्रैंक (Congolese franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


कोस्टा रिका  (Costa Rica)

कोस्टा रिका यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 50.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 51,100 km²

राजधानी: सैन जोस (San José)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: कोस्टा रिकेन कोलन (Costa Rican Colón)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-11-45


कोटे डी आइवर (Côte D’Ivoire)

कोटे डी आइवर देश में  मुस्लिम 42.9%, कैथोलिक 17.2%,Evangelical 11.8%, मेथोडिस्ट 1.7%, अन्य ईसाई 3.2%, animist 3.6% आबादी है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2 करोड़ 57 लाख है |

क्षेत्रफल: 322,463 km²

राजधानी: यामौस्सोक्रो (Yamoussoukro)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा: वेस्ट अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (West African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


क्रोएशिया (Croatia)

क्रोएशिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 40.8 लाख है |

क्षेत्रफल: 56,594 km²

राजधानी: ज़गरेब (Zagreb)

राजभाषा: क्रोएशियन (Croatian)

मुद्रा: कुना (Kuna)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 22-05-92


क्यूबा (Cuba)

क्यूबा यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 13 लाख है |

क्षेत्रफल: 109,884 km²

राजधानी: हवाना (Havana)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: क्यूबन पेसो (Cuban Peso)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


सायप्रस  (Cyprus)

सायप्रस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 8.76 लाख है |

क्षेत्रफल: 9,251 km²

राजधानी: निकोसिया (Nicosia)

राजभाषा: ग्रीक और तुर्कीश (Greek and Turkish)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


चेक रिपब्लिक (Czech Republic)

चेक रिपब्लिक यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 6 लाख है |

क्षेत्रफल: 78,866 km²

राजधानी: प्राग (Prague)

राजभाषा: झेक (Czech)

मुद्रा: झेक कोरुना (Czech Koruna)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 19-01-93


D

डेमोक्रेटिक पीपल्स रिपब्लिक ऑफ़ कोरिया (Democratic People’s Republic of Korea)

डेमोक्रेटिक पीपल्स रिपब्लिक ऑफ़ कोरिया में 23% बौद्ध और 29% ईसाई आबादी हैं और 46% आबादी की कोई धार्मिक संबद्धता नहीं है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5 करोड़ 17 लाख है |

क्षेत्रफल: 100,210 km²

राजधानी: सेउल (Seoul)

राजभाषा: कोरिअन (Korean)

मुद्रा: कोरियन वोन (Korean won)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-91


डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ़ द कांगो (Democratic Republic of the Congo)

डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ़ द कांगो यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 8 करोड़ 68 लाख है |

क्षेत्रफल: 2,345,409 km²

राजधानी: कीण्षासा (Kinshasa)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा: कांगोलीज  फ्रैंक (Congolese franc)

Zaire 20 सितंबर 1960 को संयुक्त राष्ट्र में शामिल हुआ था | 17 मई 1997 को इसका नाम बदलकर Democratic Republic of the Congo कर दिया गया |

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


डेनमार्क (Denmark)

डेनमार्क यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 58.1 लाख है |

क्षेत्रफल: 42,933 km²

राजधानी: कोपेनहेगन (Copenhagen)

राजभाषा: डेनिश (Danish)

मुद्रा: डेनिश क्रौन (Danish krone)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


जिबोती (Djibouti)

जिबोती यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 9.74 लाख है |

क्षेत्रफल: 23,200 km²

राजधानी: जिबोती सिटी 

राजभाषा: फ्रेंच और अरबी (French and Arabic)

मुद्रा: जिबोतीअन फ्रैंक (Djibouti Franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-77


डॉमिनिका (Dominica)

डॉमिनिका यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 71,808 है |

क्षेत्रफल: 751 km²

राजधानी: रोसो (Roseau)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: ईस्टर्न कैरीबीन डॉलर (Eastern Caribbean dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-12-78


डोमिनिकन रिपब्लिक (Dominican Republic)

डोमिनिकन रिपब्लिक यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 07 लाख है |

क्षेत्रफल: 48,442 km²

राजधानी: सेंटो डोमिंगो (Santo Domingo)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: डोमिनिकन पेसो (Dominican peso)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


 E 

इक्वेडोर (Ecuador)

इक्वेडोर यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 74 लाख है |

क्षेत्रफल: 283,560 km²

राजधानी: क्विटो (Quito)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: यु.एस. डॉलर (United States Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-12-45


इजिप्त (Egypt)

इजिप्त यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 10 करोड़ 04 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,002,450 km²

राजधानी: काइरो (Cairo)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: इजीपशीयन पौंड (Egyptian pound)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


एल साल्वाडोर (El Salvador)

एल साल्वाडोर यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 64.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 21,041 km²

राजधानी: सैन सैल्वाडोर (San Salvador)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: यु.एस. डॉलर (U.S. Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


इक्वेटोरियल गिनी (Equatorial Guinea)

इक्वेटोरियल गिनी यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 13.6 लाख है |

क्षेत्रफल: 28,050 km²

राजधानी: मलाबो (Malabo)

राजभाषा: स्पेनिश पुर्तगाली और फ्रेंच (Spanish Portuguese and French)

मुद्रा: सेंट्रल अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (Central African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 12-11-68


इरीट्रिया (Eritrea)

इरीट्रिया देश में 63% ईसाई और 36% आबादी इस्लाम का अनुसरण करते हैं |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 32.1 लाख है |

क्षेत्रफल: 117,600 km²

राजधानी: अस्मारा (Asmara)

राजभाषा: तिग्रीन्या (Tigrinya)

मुद्रा: नाकफा (Nakfa)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 28-05-93


एस्टोनिया Estonia

एस्टोनिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 13.2 लाख है |

क्षेत्रफल: 45,339 km²

राजधानी: टैलीन (Tallinn)

राजभाषा: एस्तोनियान (Estonian)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-91


एस्वतिनी (Eswatini)

एस्वतिनी यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 11.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 17,364 km²

राजधानी: एमबीबेन और लोबम्बा (Mbabane and Lobamba)

राजभाषा: स्वाति और अंग्रेजी (Swati and English)

मुद्रा: स्वाजी लिलानगेनी (Swazi lilangeni)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-09-68


इथियोपिया (Ethiopia)

इथियोपिया देश में 62.8% ईसाई और 33.9% आबादी इस्लाम का अनुसरण करते हैं |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 11 करोड़ 21 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,100,000 km²

राजधानी: अदीस अबाबा (Addis Ababa)

राजभाषा: अम्हारिक (Amharic)

मुद्रा: इथोपीयन बिर (Ethiopian Birr)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 13-11-45


 F 

फ़िजी (Fiji)

फ़िजी देश में ईसाई 64.4%, हिंदू, 27.9% और मुस्लिम आबादी 6.3% है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 8.9 लाख है |

क्षेत्रफल: 18,333 km²

राजधानी: सुवा (Suva)

राजभाषा: अंग्रेजी, फिजियन और हिंदी (English, Fijian and Hindi)

मुद्रा: फिजी डॉलर (Fiji Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 13-10-70


फिनलैंड (Finland)

फिनलैंड यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 55.2 लाख है |

क्षेत्रफल: 338,440 km²

राजधानी: हेलसिंकी (Helsinki)

राजभाषा: फिनिश और स्वीडिश (Finnish and Swedish)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


फ्रांस  (France)

फ्रांस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 6 करोड़ 71 लाख है |

क्षेत्रफल: 643,801 km²

राजधानी: पेरिस (Paris)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा:यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


 G

गैबन (Gabon)

गैबन यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 21.7 लाख है |

क्षेत्रफल: 267,667 km²

राजधानी: लिब्रेविल (Libreville)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा: सेंट्रल अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (Central African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


गाम्बिया (Gambia)

गाम्बिया यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 23.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 11,295 km²

राजधानी: बांजुल (Banjul)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: डलासी (Dalasi)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-09-65


जॉर्जिया (Georgia)

जॉर्जिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 37.2 लाख है |

क्षेत्रफल: 69,700 km²

राजधानी: टबिलिसि (Tbilisi)

राजभाषा: जॉर्जीयन् (Georgian)

मुद्रा: लारी (Lari)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 31-07-92


जर्मनी (Germany)

जर्मनी यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 8 करोड़ 3 लाख है |

क्षेत्रफल: 357,386 km²

राजधानी: बर्लिन (Berlin)

राजभाषा: जर्मन (German)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-09-73


घाना (Ghana)

घाना यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 करोड़ 04 लाख है |

क्षेत्रफल: 238,535 km²

राजधानी: अक्करा (Accra)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: सीड़ी (Cedi)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 08-03-57


ग्रीस  (Greece)

विश्व में कितने देश है

ग्रीस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 07 लाख है |

क्षेत्रफल: 131,957 km²

राजधानी: एथेंस (Athens)

राजभाषा: ग्रीक (Greek)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 25-10-45


ग्रेनेडा  (Grenada)

विश्व में कितने देश है

ग्रेनेडा यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.12 लाख है |

क्षेत्रफल: 348.5 km²

राजधानी: सेंट जॉर्ज

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: ईस्टर्न कॅरीबीयन डॉलर (Eastern Caribbean Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-74


ग्वाटेमाला (Guatemala)

विश्व में कितने देश है

ग्वाटेमाला यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 66 लाख है |

क्षेत्रफल: 108,889 km²

राजधानी: ग्वाटेमाला सिटी (Guatemala City)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: ग्वाटेमालन क्वेटज़ल (Guatemalan Quetzal)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-11-45


गिन्नी  (Guinea)

गिन्नी यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 28 लाख है |

क्षेत्रफल: 245,857 km²

राजधानी: कोनाक्री (Conakry)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा:  गिनीयन फ्रैंक (Guinean franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 12-12-58


गिन्‍नी बिसाउ (Guinea Bissau)

गिन्‍नी बिसाउ यह मुस्लिम बहुसंख्यक आबादी वाला देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 19.2 लाख है |

क्षेत्रफल: 36,125 km²

राजधानी: बिसाऊ (Bissau)

राजभाषा: पुर्तगाली (Portuguese)

मुद्रा: वेस्ट अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (West African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-74


गुयाना (Guyana)

विश्व में कितने देश है

गुयाना देश में 63% ईसाई, 25% हिंदू, 7% मुस्लिम आबादी है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 7.83 लाख है |

क्षेत्रफल: 214,969 km²

राजधानी: जॉर्ज टाउन (Georgetown)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: गुयानिज डॉलर (Guyanese dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-66


 H

हैती (Haiti)

विश्व में कितने देश है

हैती यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 13 लाख है |

क्षेत्रफल: 27,750 km²

राजधानी: पोर्ट-ओ-प्रिंस (Port-au-Prince)

राजभाषा: हाईटियन क्रियोल और फ्रेंच (Haitian Creole and French)

मुद्रा: गोअर्ड (Gourde)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


होंडुरस (Honduras)

विश्व में कितने देश है

होंडुरस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 97.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 112,492 km²

राजधानी: तेगुसिगलपा (Tegucigalpa)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: लेम्पीरा (Lempira)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-12-45


हंगेरी (Hungary)

विश्व में कितने देश है

हंगेरी यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 97.7 लाख है |

क्षेत्रफल: 93,030 km²

राजधानी: बुडापेस्ट (Budapest)

राजभाषा: हंगेरीयन (Hungarian)

मुद्रा: फ़ोरिंट (Forint)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


 I 

आइसलैंड  (Iceland)

विश्व में कितने देश है

आइसलैंड यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3.57 लाख है |

क्षेत्रफल: 103,000 km²

राजधानी: रेकजाविक (Reykjavík)

राजभाषा: आइसलैंडिक (Icelandic)

मुद्रा: आइसलैंडिक क्रोना (Icelandic krona)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 19-11-46


इडिया  (India)

विश्व में कितने देश है

इडिया यह हिन्दू धर्मिय देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 136 करोड़ 64 लाख है |

क्षेत्रफल: 3,287,263 km²

राजधानी: दिल्ली (Delhi)

राजभाषा: हिंदी और अंग्रेजी (Hindi & English)

मुद्रा: भारतीय रूपी (Indian rupee)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 30-10-45


इंडोनेशिया (Indonesia)

इंडोनेशिया यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 27 करोड़ 06 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,904,569 km²

राजधानी: जकार्ता (Jakarta)

राजभाषा: इन्डोनेशियन (Indonesian)

मुद्रा: रुपिआह (Rupiah)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 28-09-50


ईरान (Iran)

ईरान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 8 करोड़ 29 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,648,195 km2

राजधानी: तेहरान (Tehran)

राजभाषा: फारसी (Persian)

मुद्रा: ईरानियन रियाल (Iranian Rial)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


इराक (Iraq)

इराक यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 करोड़ 93 लाख है |

क्षेत्रफल: 438,317 km²

राजधानी: बगदाद (Baghdad)

राजभाषा: अरबी, कुर्दिश (Arabic, Kurdish)

मुद्रा: इराकी दीनार (Iraqi Dinar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-12-45


आयरलैंड (Ireland)

आयरलैंड यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 49 लाख है |

क्षेत्रफल: 70,273 km²

राजधानी: डबलिन (Dublin)

राजभाषा: आयरिश, अंग्रेज़ी (Irish, English)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


इजराइल (Israel)

इजराइल देश में 81% यहूदी, मुस्लिम 14% और ईसाई 2% आबादी है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 90.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 22,145 km²

राजधानी: जेरूसालेम (Jerusalem)

राजभाषा: यहूदी भाषा (Hebrew)

मुद्रा: इसरायली शेकेल (Israeli Shekel)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 11-05-49


इटली (Italy)

इटली यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 6 करोड़ 04 लाख है |

क्षेत्रफल: 301,340 km2

राजधानी: रोम (Rome)

राजभाषा: इटालियन (Italian)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


 J 

जमैका (Jamaica)

जमैका यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 29.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 10,991 km²

राजधानी: किंग्स्टन (Kingston)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: जमैकन डॉलर (Jamaican Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-09-62


जापान (Japan)

जापान यह बौद्ध धर्मीय देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 12 करोड़ 63 लाख है |

क्षेत्रफल: 377,975 km²

राजधानी: टोक्यो (Tokyo)

राजभाषा: जापानी (Japanese)

मुद्रा: येन (Yen)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-12-56


जॉर्डन – Jordan

जॉर्डन यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 01 लाख है |

क्षेत्रफल: 89,342 km²

राजधानी: अम्मान (Amman)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: जार्डनियन दीनार (Jordanian dinar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


 K 

कजाखस्तान – Kazakhstan

कजाखस्तान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 85 लाख है |

क्षेत्रफल: 2,700,000 km²

राजधानी: नूर-सुल्तान (Nur-Sultan)

राजभाषा: कजाख और रशियन (Kazakh and Russian)

मुद्रा: टेंगे (Tenge)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-03-92


केनिया – Kenya

केनिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5 करोड़ 26 लाख है |

क्षेत्रफल: 580,367 km²

राजधानी: नैरोबी (Nairobi)

राजभाषा: अंग्रेजी और स्वाहिली (English and Swahili)

मुद्रा: केनियन शिलिंग (Kenyan Shilling)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 16-12-63


किरिबाती – Kiribati

किरिबाती यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.18 लाख है |

क्षेत्रफल: 811 km²

राजधानी: टरावा (Tarawa)

राजभाषा: अंग्रेज़ी, गिल्बरतीस (English, Gilbertese)

मुद्रा: ऑस्ट्रलियन डॉलर, किरिबाती डॉलर (Australian dollar, Kiribati dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-09-99


कुवैत – Kuwait

कुवैत यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 42.1 लाख है |

क्षेत्रफल: 17,818 km²

राजधानी: कुवैत सिटी (Kuwait City)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: कुवैती दीनार (Kuwaiti Dinar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-05-63


किर्गिज़स्तान – Kyrgyzstan

किर्गिज़स्तान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 64.6 लाख है |

क्षेत्रफल: 199,900 km²

राजधानी: बिश्केक (Bishkek)

राजभाषा: किर्गिज़, रशियन (Kyrgyz, Russian)

मुद्रा: कीरगीझस्तानी सोम (Kyrgyzstani Som)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-03-92


 L 

लाओ पीपल्स डेमोक्रेटिक रिपब्लिक – Lao People’s Democratic Republic

लाओ पीपल्स डेमोक्रेटिक रिपब्लिक देश में 66.0% बौद्ध धर्म ,30.7% ताई लोक धर्म (Tai folk religion) और 1.5% ईसाई धर्म के लोग है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 71.7 लाख है |

क्षेत्रफल: 237,955 km²

राजधानी: वियनतियाने (Vientiane)

राजभाषा: लाओ (Lao)

मुद्रा: किप (Kip)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


लाटविया – Latvia

लाटविया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 19.2 लाख है |

क्षेत्रफल: 64,589 km²

राजधानी: रीगा (Riga)

राजभाषा: लाटवीयन (Latvian)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-91


लेबनन – Lebanon

लेबनन देश में मुस्लिम 61.1% और 33.7% ईसाई धर्म के लोग है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 68.6 लाख है |

क्षेत्रफल: 10,452 km²

राजधानी: बेरूत (Beirut)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: लेबनीज पौंड (Lebanese Pound)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


लेसोथो – Lesotho

लेसोथो यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 21.3 लाख है |

क्षेत्रफल: 30,355 km²

राजधानी: मासेरु (Maseru)

राजभाषा: सेसोथो, अंग्रेज़ी (Sesotho, English)

मुद्रा: लोटी (Loti)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-10-66


लिबेरिया – Liberia

लिबेरिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 49.4 लाख है |

क्षेत्रफल: 111,369 km²

राजधानी: मोनरोविआ (Monrovia)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: लिबेरियन डॉलर (Liberian Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-11-45


लीबिया – Libya

लीबिया यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 67.8 लाख है |

क्षेत्रफल: 175,9540 km²

राजधानी: त्रिपोली (Tripoli)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: लिबयन दीनार (Libyan Dinar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


लिकटेंस्टाइन – Liechtenstein

लिकटेंस्टाइन यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 38,378 है |

क्षेत्रफल: 160 km²

राजधानी: वादुज़ (Vaduz)

राजभाषा: जर्मन (German)

मुद्रा: स्विस फ्रैंक (Swiss franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-09-90


लिथुआनिया – Lithuania

लिथुआनिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 27.9 लाख है |

क्षेत्रफल: 65,300 km²

राजधानी: विल्नियस (Vilnius)

राजभाषा: लिथुअनिअन (Lithuanian)

मुद्रा: यूरो (Euro) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-91


लक्समबर्ग – Luxembourg

लक्समबर्ग यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 6.14 लाख है |

क्षेत्रफल: 2,586 km²

राजधानी: लक्समबर्ग सिटी (Luxembourg-City)

राजभाषा: लक्समबरगिश, जर्मन, फ्रेंच (Luxembourgish, German, French)

मुद्रा: यूरो (Euro) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


 M

मदागास्कार – Madagascar

मदागास्कार यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2 करोड़ 7 लाख है |

क्षेत्रफल: 587,041 km²

राजधानी: अंटानानारिवो (Antananarivo)

राजभाषा: मालागासी, फ्रेंच (Malagasy, french)

मुद्रा: मेलेगसी एरिअरी (Malagasy Ariary)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


मलावी – Malawi

मलावी यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 86 लाख है |

क्षेत्रफल: 118,484 km²

राजधानी: लिलोंग्वे (Lilongwe)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: क्वाचा (Kwacha)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 01-12-64


मलेशिया – Malaysia

मलेशिया यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 करोड़ 19 लाख है |

क्षेत्रफल: 329,847 km²

राजधानी: कुआला लुम्पुर (Kuala Lumpur)

राजभाषा: मलायी (Malay)

मुद्रा: मलेशियन रिन्ग्गिट (Malaysian Ringgit)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-57


मालदीव्स – Maldives

मालदीव्स यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5.31 लाख है |

क्षेत्रफल: 300 km²

राजधानी: माले (Male)

राजभाषा: धिवेही (Dhivehi)

मुद्रा: माल्दिवियन रूफिया (Maldivian Rufiyaa)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-09-65


माली – Mali

माली यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 97 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,242,248 km²

राजधानी: बमाको (Bamako)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा: वेस्ट अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (West African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 28-09-60


माल्टा – Malta

माल्टा यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5.03 लाख है |

क्षेत्रफल: 316 km²

राजधानी: वालेटा (Valletta)

राजभाषा: माल्टीज़, अंग्रेज़ी (Maltese, English)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 01-12-64


मार्शल आइलैंडस – Marshall Islands

मार्शल आइलैंडस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 58,791 है |

क्षेत्रफल: 181.3 km²

राजधानी: माजुरो (Majuro)

राजभाषा: अंग्रेजी और मार्शल (English and Marshallese)

मुद्रा: यू. एस. डॉलर (U. S. Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-91


मॉरिटानिया – Mauritania

मॉरिटानिया यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 45.3 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,030,700 km²

राजधानी: नौकचोट (Nouakchott)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: औगुइया (Ouguiya)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 27-10-61


मॉरिशस – Mauritius

मॉरिशस देश में 48 % आबादी हिंदू, 26 % रोमन कैथोलिक और 17 % मुस्लिम है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 12.7 लाख है |

क्षेत्रफल: 2,040 km²

राजधानी: पोर्ट लुइस (Port Louis)

राजभाषा: मॉरीशस क्रियोल (Mauritian Creole)

मुद्रा: मौरिटीअन रूपी (Mauritian Rupee)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-04-68


मेक्सिको – Mexico

मेक्सिको यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 12 करोड़ 76 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,972,550 km²

राजधानी: मेक्सिको सिटी (Mexico City)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: मेक्सिकन पेसो (Mexican peso)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 07-11-45


माइक्रोनेशिया – Micronesia

माइक्रोनेशिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.14 लाख है |

क्षेत्रफल: 702 km²

राजधानी: पालीकिर (Palikir)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: यू. एस. डॉलर (U. S. Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-91


मोनाको – Monaco

मोनाको यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 38,964 है |

क्षेत्रफल: 499 acres

राजधानी: मौंटे कारलो (Monte Carlo)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 28-05-93


मंगोलिया – Mongolia

मंगोलिया में बुद्ध धर्मीय आबादी ज्यादा है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 32.3 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,564,116 km²

राजधानी: उलानबाटार (Ulaanbaatar)

राजभाषा: मंगोलियन (Mongolian)

मुद्रा: तुगरिक (Tugrik)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 27-10-61


मॉन्टेंगरो – Montenegro

मॉन्टेंगरो यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 6.22 लाख है |

क्षेत्रफल: 13,812 km²

राजधानी: पॉडगिरिका (Podgorica)

राजभाषा: मोंटेनिग्रिन (Montenegrin)

मुद्रा: यूरो (Euro) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 28-06-06


मोरोक्को – Morocco

मोरोक्को यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 करोड़ 65 लाख है |

क्षेत्रफल: 446,550 km²

राजधानी: रबाट (Rabat)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: मोरक्कन दिरहम (Moroccan Dirham) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 12-11-56


मोजांबिक – Mozambique

मोजांबिक देश में 26.2 % नागरिक रोमन कैथोलिक, 18.3 % मुस्लिम, 15.1 % ज़ायोनीस्ट ईसाई, 14.7 % पेंटेकोस्टल और 1.6 % Anglican है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 करोड़ 04 लाख है |

क्षेत्रफल: 801,590 km²

राजधानी: मापुटो (Maputo)

राजभाषा: पुर्तगाली (Portuguese)

मुद्रा: मेटिकल (Metical)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 16-09-75


म्यानमार – Myanmar

म्यानमार यह बौद्ध धर्मीय देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5 करोड़ 4 लाख है |

क्षेत्रफल: 676,575 km²

राजधानी: नायपिटाव (Naypyitaw)

राजभाषा: बर्मी (Burmese)

मुद्रा: म्यानमार क्याट (Myanmar Kyat)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 19-04-48


 

नाम्बिया – Namibia

नाम्बिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 24.9 लाख है |

क्षेत्रफल: 824,292 km²

राजधानी: विंडहोक (Windhoek)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: नामिबियन डॉलर, साउथ अफ्रीकन रैंड (Namibian Dollar, South African Rand)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 23-04-90


नॉरू – Nauru

नॉरू यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 12,581 है |

क्षेत्रफल: 21 km²

राजधानी: यारेन (Yaren)

राजभाषा: नौरुआन, अंग्रेजी (Nauruan, English‎)

मुद्रा: ऑस्ट्रलियन डॉलर (Australian Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-09-99


नेपाल – Nepal

नेपाल देश में 81.3% हिन्दू , 9.04% बुद्धिस्ट और 4.39% मुस्लिम आबादी है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2 करोड़ 86 लाख है |

क्षेत्रफल: 147,516 km²

राजधानी: काठमांडू (Kathmandu)

राजभाषा: नेपाली (Nepali)

मुद्रा: नेपालीज रूपी (Nepalese Rupee) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


नेदरलैंड्स – Netherlands

विश्व में कितने देश है

नेदरलैंड्स यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 73 लाख है |

क्षेत्रफल: 41,543 km²

राजधानी: एम्स्टर्डम (Amsterdam)

राजभाषा: डच (Dutch)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 10-12-45


न्यूज़ीलैण्ड – New Zealand

विश्व में कितने देश है

न्यूज़ीलैण्ड यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 49.2 लाख है |

क्षेत्रफल: 268,021 km²

राजधानी: वेलिंग्टन (Wellington)

राजभाषा: अंग्रेजी, माओरी, और न्यूजीलैंड साइन लैंग्वेज (English, Maori, and New Zealand Sign Language)

मुद्रा: न्यूज़ीलैण्ड डॉलर (New Zealand Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


निकारगुआ – Nicaragua

विश्व में कितने देश है

निकारगुआ यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 65.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 130,370 km²

राजधानी: मानागुआ (Managua)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: निकारगुअन कोरडोबा (Nicaraguan córdoba) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


नायजर – Niger

नायजर यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2 करोड़ 33 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,270,000 km²

राजधानी: निआमी (Niamey)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा: वेस्ट अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (West African CFA franc) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


नायजेरिया – Nigeria

नायजेरिया देश में 53.5% मुस्लिम, 45.9% ईसाई आबादी है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 20 करोड़ 1 लाख है |

क्षेत्रफल: 923,768 km²

राजधानी: अबुजा (Abuja)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: नाइजीरियन नाइरा (Nigerian Naira) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 07-10-60


नॉर्थ मेसेदोनिया – North Macedonia

विश्व में कितने देश है

नॉर्थ मेसेदोनिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 20.8 लाख है |

क्षेत्रफल: 25,713 km²

राजधानी: स्कोप्जे (Skopje)

राजभाषा: मेसीडोनियन (Macedonian)

मुद्रा: मेसीडोनियन देनार (Macedonian Denar) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 08-04-93


नॉर्वे – Norway

विश्व में कितने देश है

नॉर्वे यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 53.3 लाख है |

क्षेत्रफल: 385,207 km²

राजधानी: ओस्लो (Oslo)

राजभाषा: नार्वेजियन (Norwegian)

मुद्रा: नार्वेजियन क्रौन (Norwegian Krone) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 27-11-45


 O 

ओमान – Oman

ओमान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 49.7 लाख है |

क्षेत्रफल: 309,501 km²

राजधानी: मस्कट (Muscat)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: ओमानी रियाल (Omani Rial)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 07-10-71


 P 

पाकिस्तान – Pakistan

पाकिस्तान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 21 करोड़ 66 लाख है |

क्षेत्रफल: 881,913 km²

राजधानी: इस्लामाबाद (Islamabad)

राजभाषा: अंग्रेजी, उर्दू (English, Urdu)

मुद्रा: पाकिस्तानी रुपया (Pakistani rupee)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 30-09-47


पलाव – Palau

विश्व में कितने देश है

पलाव यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 18,008 है |

क्षेत्रफल: 459 km²

राजधानी: नर्गुलमुद (Ngerulmud)

राजभाषा: पलौआं, अंग्रेजी (Palauan, english)

मुद्रा: यू. एस. डॉलर (U. S. Dollar) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 15-12-94


पनामा – Panama

विश्व में कितने देश है

पनामा यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 42.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 75,517 km²

राजधानी: पनामा सिटी (Panama City)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: बल्बोआ, अमेरिकी डॉलर (Balboa, U. S. Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 13-11-45


पापुआ न्यू गिनी – Papua New Guinea

पापुआ न्यू गिनी यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 87.8 लाख है |

क्षेत्रफल: 462,840 km²

राजधानी: पोर्ट मोरेस्बी (Port Moresby)

राजभाषा: अंग्रेज़ी, हिरी मोटू, टोक पिसिन (English, Hiri Motu, Tok Pisin)

मुद्रा: किना (Kina) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 10-10-75


पेराग्वे – Paraguay

पेराग्वे यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 70.4 लाख है |

क्षेत्रफल: 406,752 km²

राजधानी: असिंसन (Asunción)

राजभाषा: स्पेनिश, गुआरानी (Spanish, Guaraní)

मुद्रा: गुअरानी (Guaraní) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


पेरू – Peru

पेरू यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 करोड़ 25 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,285,216 km²

राजधानी: लीमा (Lima)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: सोल (Sol)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 31-10-45


फिलीपाइंस – Philippines

फिलीपाइंस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 10 करोड़ 81 लाख है |

क्षेत्रफल: 300,000 km²

राजधानी: मनीला (Manila)

राजभाषा: फिलिपिनो, अंग्रेजी (Filipino, English)

मुद्रा: फ़िलिपीनी पेसो (Philippine Peso) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


पोलंड – Poland

पोलंड यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 करोड़ 8 लाख है |

क्षेत्रफल: 312,679 km²

राजधानी: वारसा (Warsaw)

राजभाषा: पोलिश (Polish)

मुद्रा: पोलिश झोल्टी (Polish złoty) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


पोर्तुगाल – Portugal

पोर्तुगाल यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 03 लाख है |

क्षेत्रफल: 92,212 km²

राजधानी: लिस्बन (Lisbon)

राजभाषा: पुर्तगाली (Portuguese)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


 Q 

कतार – Qatar

कतार यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 28.3 लाख है |

क्षेत्रफल: 11,571 km²

राजधानी: दोहा (Doha)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: क़तारी रियाल (Qatari Riyal)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-09-71


 

रिपब्लिक ऑफ़ कोरिया – Republic of Korea

विश्व में कितने देश है

रिपब्लिक ऑफ़ कोरिया देश में 23% बौद्ध हैं और 29% ईसाई हैं और 46% आबादी का कोई धार्मिक जुड़ाव नहीं है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5 करोड़ 17 लाख है |

क्षेत्रफल: 100,210 km²

राजधानी: सीओल (Seoul)

राजभाषा: कोरिअन (Korean)

मुद्रा: साउथ कोरिअन वोन (South Korean won)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 17-09-91


रिपब्लिक ऑफ़ मोल्डोवा – Republic of Moldova

विश्व में कितने देश है

रिपब्लिक ऑफ़ मोल्डोवा यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 26.6 लाख है |

क्षेत्रफल: 33,846 km²

राजधानी: किसिनो (Chisinau)

राजभाषा: रोमानियन (Romanian)

मुद्रा: मोलदोवन लेउ (Moldovan leu)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-03-92


रोमानिया – Romania

विश्व में कितने देश है

रोमानिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 94 लाख है |

क्षेत्रफल: 238,397 km²

राजधानी: बुखारेस्ट (Bucharest)

राजभाषा: रोमानियन (Romanian)

मुद्रा: रोमानियन लेउ (Romanian leu)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


रशियन फेडरेशन – Russian Federation

विश्व में कितने देश है

रशियन फेडरेशन यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 14 करोड़ 44 लाख है |

क्षेत्रफल: 17,098,242 km²

राजधानी: मास्को (Moscow)

राजभाषा: रशियन (Russian)

मुद्रा: रशियन रूबल

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


रवांडा – Rwanda

विश्व में कितने देश है

रवांडा यह यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 26 लाख है |

क्षेत्रफल: 26,338 km²

राजधानी: किगली (Kigali)

राजभाषा: किन्नरवांडा, अंग्रेजी, फ्रेंच (Kinyarwanda, English, French)

मुद्रा: रवांडन फ्रैंक (Rwandan Franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-09-62


 S 

सेंट किटस एंड नेविस – Saint Kitts and Nevis

विश्व में कितने देश है

सेंट किटस एंड नेविस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 52,834 है |

क्षेत्रफल: 261 km²

राजधानी: बस्सेटेरे, चार्ल्स टाऊन (Basseterre, Charlestown)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: ईस्टर्न कॅरीबीयन डॉलर (Eastern Caribbean dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 23-09-83


सेंट लूसिया – Saint Lucia

विश्व में कितने देश है

सेंट लूसिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.83 लाख है |

क्षेत्रफल: 617 km²

राजधानी: कैस्ट्रिस (Castries)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: ईस्टर्न कॅरीबीयन डॉलर (Eastern Caribbean dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-09-79


सैंट विंसेंट अँड द ग्रेनडीनेस – Saint Vincent and the Grenadines

विश्व में कितने देश है

सैंट विंसेंट अँड द ग्रेनडीनेस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.11 लाख है |

क्षेत्रफल: 389 km²

राजधानी: किंग्सटाउन (Kingstown)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: ईस्टर्न कॅरीबीयन डॉलर (Eastern Caribbean dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 16-09-80


सामोआ – Samoa

विश्व में कितने देश है

सामोआ यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.97 लाख है |

क्षेत्रफल: 2,831 km²

राजधानी: एपिया (Apia)

राजभाषा: सामोन, अंग्रेजी (Samoan, English)

मुद्रा: समोअन ताल (Samoan tala)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 15-12-76


सेन मरीनो – San Marino

विश्व में कितने देश है

सेन मरीनो यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 33,860 है |

क्षेत्रफल: 61.2 km²

राजधानी: सेन मरीनो सिटी (San Marino city)

राजभाषा: इटालियन (Italian)

मुद्रा: यूरो (Euro) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-03-92


सा टोम एंड प्रिंसिपे – Sao Tome and Principe

विश्व में कितने देश है

सा टोम एंड प्रिंसिपे यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2.15 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,001 km²

राजधानी: साओ टोमे (Sao Tome)

राजभाषा: पुर्तगाली (Portuguese)

मुद्रा: डोबरा (Dobra)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 16-09-75


सऊदी अरबिया – Saudi Arabia

विश्व में कितने देश है

सऊदी अरबिया यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 करोड़ 43 लाख है |

क्षेत्रफल: 2,150,000 km²

राजधानी: रियाध (Riyadh)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: सऊदी रियाल (Saudi Riyal)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


सेनेगल – Senegal

सेनेगल यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 63 लाख है |

क्षेत्रफल: 196,712 km²

राजधानी: डकार (Dakar)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा: वेस्ट अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (West African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 28-09-60


सर्बिआ – Serbia

विश्व में कितने देश है

सर्बिआ यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 69.4 लाख है |

क्षेत्रफल: 88,361 km²

राजधानी: बेलग्रेड (Belgrade)

राजभाषा: सर्बियन (Serbian)

मुद्रा: सर्बियन दीनार (Serbian Dinar) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 01-11-00


सीयचेल्स – Seychelles

सीयचेल्स यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 97,625 है |

क्षेत्रफल: 458.4 km²

राजधानी: विक्टोरिया (Victoria)

राजभाषा: क्रियोल, अंग्रेजी और फ्रेंच (Creole, English and French)

मुद्रा: सीयचेलोइस रुपया (Seychellois Rupee)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-09-76


सिएरा लेओन – Sierra Leone

सिएरा लेओन में 78.5% मुस्लिम और 20.4% ईसाई है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 78.1 लाख है |

क्षेत्रफल: 71,740 km²

राजधानी: फ्रीटाउन (Freetown)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: लिऑने (Leone)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 27-09-61


सिंगापुर – Singapore

विश्व में कितने देश है

सिंगापुर में बौद्ध धर्म 33.0%, ईसाई धर्म 18.0%, इस्लाम 14.0%, ताओवाद 10.0% और हिंदू धर्म 6.5% है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 57 लाख है |

क्षेत्रफल: 728.3 km²

राजधानी: सिंगापुर सिटी (Singapore city)

राजभाषा: अंग्रेजी, मलय, मंदारिन और तमिल (English, Malay, Mandarin and Tamil)

मुद्रा: सिंगापुर डॉलर (Singapore Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 21-09-65


स्लोवाकिया – Slovakia

विश्व में कितने देश है

स्लोवाकिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 54.5 लाख है |

क्षेत्रफल: 49,035 km²

राजधानी: ब्रैटिस्लावा (Bratislava)

राजभाषा: स्लोवाक (Slovak)

मुद्रा: स्लोवाक कोरुना (Slovak koruna)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 19-01-93


स्लोवेनिया – Slovenia

स्लोवेनिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 20.8 है |

क्षेत्रफल: 20,271 km²

राजधानी: ल्युब्ल्याना (Ljubljana)

राजभाषा: स्लॉवेनियन (Slovenian)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 22-05-92


सोलोमन आइलैंडस – Solomon Islands

विश्व में कितने देश है

सोलोमन आइलैंडस यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 6.7 लाख है |

क्षेत्रफल: 28,400 km²

राजधानी: होनियारा (Honiara)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: सोलोमन आइलैंड डॉलर (Solomon Islands Dollar) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 19-09-78


सोमालिया – Somalia

सोमालिया यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 54 लाख है |

क्षेत्रफल: 637,657 km²

राजधानी: मोगादिशू (Mogadishu)

राजभाषा: सोमाली (Somali)

मुद्रा: सोमाली शिलिंग (Somali Shilling)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


साउथ अफ्रीका – South Africa

विश्व में कितने देश है

साउथ अफ्रीका यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5 करोड़ 86 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,221,037 km²

राजधानी: केप टाउन, ब्लॉमफ़ोन्टिन और प्रिटोरिया (Cape Town, Bloemfontein and Pretoria)

राजभाषा: अफ्रीकी, अंग्रेजी, ज़ुलु, षोसा, साउथर्न सोथो, वेन्दा, त्सवाना, नोर्थेर्ण सोथो, सोंगा, स्वाति, नेडबेले (Afrikaans, English,Zulu, Xhosa, Southern Sotho, Venda, Tswana, Northern Sotho, Tsonga, Swati, Ndebele)

मुद्रा: रैंड (Rand) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 07-11-45


साउथ सुदान – South Sudan

साउथ सुदान यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 11 लाख है |

क्षेत्रफल: 644,329 km²

राजधानी: जुबा (Juba)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: साउथ सुदानीस पौण्ड (South Sudanese Pound) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-07-11


स्पेन – Spain

विश्व में कितने देश है

स्पेन यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 4 करोड़ 69 लाख है |

क्षेत्रफल: 505,990 km²

राजधानी: मैड्रिड (Madrid)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: यूरो (Euro)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


श्रीलंका – Sri Lanka

विश्व में कितने देश है

श्रीलंका के 70.2% लोग बौद्ध, 12.6% हिंदू, 9.7% मुस्लिम और 6.1% रोमन कैथोलिक है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2 करोड़ 18 लाख है |

क्षेत्रफल: 65,610 km²

राजधानी: श्री जयवर्धनपुरा कोटटे (Sri Jayawardenepura Kotte)

राजभाषा: सिंहल और तमिल (Sinhala and Tamil)

मुद्रा: श्रीलंकन रूपी (Sri Lankan Rupee) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-55


सुदान – Sudan

सुदान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 4 करोड़ 28 लाख है |

क्षेत्रफल: 1,886,068 km²

राजधानी: खारर्तूम (Khartoum)

राजभाषा: अरबी, अंग्रेजी (Arabic, English)

मुद्रा: सुदनीज पौंड (Sudanese Pound)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 12-11-56


सुरिनेम – Suriname

विश्व में कितने देश है

सुरिनेम यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5.81 लाख है |

क्षेत्रफल: 163,821 km²

राजधानी: पारामरिबो (Paramaribo)

राजभाषा: डच (Dutch)

मुद्रा: सुरिनेम डॉलर (Suriname Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 04-12-75


स्वीडन – Sweden

विश्व में कितने देश है

स्वीडन यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 02 लाख है |

क्षेत्रफल: 450,295 km²

राजधानी: स्टॉकहोल्म (Stockholm)

राजभाषा: स्वीडिश (Swedish)

मुद्रा: स्वीडिश क्रोना (Swedish Krona)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 19-11-46


स्विट्ज़रलैंड – Switzerland

स्विट्ज़रलैंड यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 85.4 लाख है |

क्षेत्रफल: 41,285 km²

राजधानी: बर्न (Bern)

राजभाषा: जर्मन, फ्रेंच, रोमनश और इटालियन  (German, French, Romansh, Italian)

मुद्रा: स्विस फ्रैंक (Swiss Franc) 

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 10-09-02


सीरियन अरब रिपब्लिक – Syrian Arab Republic

सीरियन अरब रिपब्लिक देश में 87% इस्लाम और  10% ईसाई लोग है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 71 लाख है |

क्षेत्रफल: 185,180 km²

राजधानी: डमस्कस (Damascus)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: सीरियन पाउंड (Syrian pound)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


 T 

ताजीकिस्तान – Tajikistan

ताजीकिस्तान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 93.2 लाख है |

क्षेत्रफल: 143,100 km²

राजधानी: दुशांबे (Dushanbe)

राजभाषा: ताज़िकी (Tajiki)

मुद्रा: सोमोनी (Somoni)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-03-92


थाईलैंड – Thailand

थाईलैंड यह बुद्ध धर्मीय देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 6 करोड़ 96 लाख है |

क्षेत्रफल: 513,120 km²

राजधानी: बैंकाक (Bangkok)

राजभाषा: थाई (Thai)

मुद्रा: बहत (Baht)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 16-12-46


टीमोर-लेस्ट – Timor-Leste

टीमोर-लेस्ट यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 12.9 लाख है |

क्षेत्रफल: 15,007 km²

राजधानी: डिलि (Dili)

राजभाषा: टेटम, पुर्तगाली (Tetum, Portuguese)

मुद्रा: यू. एस. डॉलर (U. S. Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 27-09-02


टोगो – Togo

टोगो यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 80.8 लाख है |

क्षेत्रफल: 56,785 km²

राजधानी: लोम (Lome)

राजभाषा: फ्रेंच (French)

मुद्रा: वेस्ट अफ्रीकन सीफए फ्रैंक (West African CFA franc)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-60


टोन्गा – Tonga

टोन्गा यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1.04 लाख है |

क्षेत्रफल: 748 km²

राजधानी: नुकुअलोफा (Nuku’alofa)

राजभाषा: टोंगन, अंग्रेजी (Tongan, English)

मुद्रा: पांगा (Paʻanga)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-09-99


त्रिनिदाद एंड टोबागो – Trinidad and Tobago

त्रिनिदाद एंड टोबागो में 33.4% प्रोटेस्टेंट, 21.6% रोमन कैथोलिक, 18.2% हिंदू और 5.0% मुस्लिम लोग है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 13.9 लाख है |

क्षेत्रफल: 5,131 km²

राजधानी: पोर्ट ऑफ स्पेन (Port of Spain)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: त्रिनिदाद एंड टोबागो डॉलर (Trinidad and Tobago dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-09-62


टूनिसिया – Tunisia

टूनिसिया यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 17 लाख है |

क्षेत्रफल: 163,610 km²

राजधानी: ट्यूनिस (Tunis)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: टुनिसियन दीनार (Tunisian Dinar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 12-11-56


तुर्की – Turkey

तुर्की यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 8 करोड़ 2 लाख है |

क्षेत्रफल: 783,562 km²

राजधानी: अंकारा (Ankara)

राजभाषा: तुर्कीश (Turkish)

मुद्रा: तुर्किश लिरा (Turkish Lira)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


तुर्कमेनिस्तान – Turkmenistan

तुर्कमेनिस्तान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 59.4 लाख है |

क्षेत्रफल: 491,210 km²

राजधानी: अश्गाबात (Ashgabat)

राजभाषा: तुक्रमेन (Turkmen)

मुद्रा: मेंनट (Manat)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-03-92


टुवालु – Tuvalu

टुवालु यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 11,646 है |

क्षेत्रफल: 26 km²

राजधानी: फ़नाफ़ुटि (Funafuti)

राजभाषा: अंग्रेज़ी, तुवालुअन (English, Tuvaluan)

मुद्रा: तुवालुअन डॉलर (Tuvaluan Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 05-09-00


 

यूगांडा – Uganda

विश्व में कितने देश है

यूगांडा यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 4 करोड़ 43 लाख है |

क्षेत्रफल: 241,037 km²

राजधानी: कंपाला (Kampala)

राजभाषा: अंग्रेजी, स्वाहिली (English, Swahili)

मुद्रा: युगांडा शिलिंग (Ugandan Shilling)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 25-10-62


यूक्रेन – Ukraine

विश्व में कितने देश है

यूक्रेन यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 4 करोड़ 44 लाख है |

क्षेत्रफल: 603,628 km²

राजधानी: कीव (Kyiv)

राजभाषा: यूक्रेनीअन (Ukrainian)

मुद्रा: रायवनीया (Hryvnia)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


यूनाइटेड अरब एमिरेटस – United Arab Emirates

विश्व में कितने देश है

यूनाइटेड अरब एमिरेटस यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 97.7 लाख है |

क्षेत्रफल: 83,600 km²

राजधानी: अबु धाबी (Abu Dhabi)

राजभाषा: अरबी (Arabic)

मुद्रा: यूएइ दिरहम (UAE Dirham)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 09-12-71


यूनाइटेड किंगडम ऑफ़ ग्रेट ब्रिटेन एंड नोर्थन आयरलैंड – United Kingdom of Great Britain and Northern Ireland

विश्व में कितने देश है

यूनाइटेड किंगडम ऑफ़ ग्रेट ब्रिटेन एंड नोर्थन आयरलैंड यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इंग्लैंड, स्कॉटलैंड, वेल्स और उत्तरी आयरलैंड से बना यूनाइटेड किंगडम उत्तर-पश्चिमी यूरोप में एक द्वीप राष्ट्र (Island nation) है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 6 करोड़ 66 लाख है |

क्षेत्रफल: 242,495 km²

राजधानी: लंडन (London)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: पौन्ड स्टर्लिंग (Pound Sterling)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


यूनाइटेड रिपब्लिक ऑफ़ तंज़ानिया – United Republic of Tanzania

विश्व में कितने देश है

यूनाइटेड रिपब्लिक ऑफ़ तंज़ानिया में 63.1% ईसाई और 34.1% मुस्लिम आबादी है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 5 करोड़ 8 लाख है |

क्षेत्रफल: 945,087 km²

राजधानी: डोडोमा (Dodoma)

राजभाषा: अंग्रेजी और स्वाहिली (English and Swahili)

मुद्रा: तंजानिया शिलिंग (Tanzanian shilling)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 14-12-61


यूनाइटेड स्टेट्स ऑफ़ अमेरीका – United States of America

विश्व में कितने देश है

यूनाइटेड स्टेट्स ऑफ़ अमेरीका यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 32 करोड़ 82 लाख है |

क्षेत्रफल: 9,833,520 km²

राजधानी: वाशिंगटन डी. सी. (Washington, D.C.)

राजभाषा: अमेरिका की कोई आधिकारिक भाषा नहीं है पर यहाँ अधिकांश लोग अंग्रेजी बोलते हैं |

मुद्रा: यू. एस. डॉलर (U.S. Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 24-10-45


उरुग्वे – Uruguay

विश्व में कितने देश है

उरुग्वे यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 34.6 लाख है |

क्षेत्रफल: 176,215 km²

राजधानी: मोंटेवीडियो (Montevideo)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: पेसो उरुगुयो (Peso Uruguayo)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 18-12-45


उज़ेबिकेस्तान – Uzbekistan

विश्व में कितने देश है

उज़ेबिकेस्तान यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 करोड़ 36 लाख है |

क्षेत्रफल: 448,978 km²

राजधानी: ताशकेंट (Tashkent)

राजभाषा: उज़बेक (Uzbek)

मुद्रा: उज़ेबिकेस्तानी सोम (Uzbekistani Soʻm)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 02-03-92


 V 

वानुआटू – Vanuatu

विश्व में कितने देश है

वानुआटू यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 3 लाख है |

क्षेत्रफल: 12,189 km²

राजधानी: पोर्ट विला (Port Vila)

राजभाषा: बिस्लामा, अंग्रेज़ी, फ्रेंच (Bislama, English, French)

मुद्रा: वाटू (Vatu)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 15-09-81


वेनेज़ुएला – Venezuela, Bolivarian Republic of

विश्व में कितने देश है

वेनेज़ुएला यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2 करोड़ 85 लाख है |

क्षेत्रफल: 916,445 km²

राजधानी: कैरकस (Caracas)

राजभाषा: स्पेनिश (Spanish)

मुद्रा: वेनेज़ुएलन बोलिवर (Venezuelan Bolivar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 15-11-45


वियतनाम – VietNam

विश्व में कितने देश है

वियतनाम देश में बौद्ध और कैथोलिक आबादी है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 9 करोड़ 65 लाख है |

क्षेत्रफल: 331,212 km²

राजधानी: हनोई (Hanoi)

राजभाषा: वियतनामीज़ (Vietnamese)

मुद्रा: वियतनामीज़ डोंग (Vietnamese dong)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 20-09-77


 

येमेन – Yemen

येमेन यह मुस्लिम देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 2 करोड़ 92 लाख है |

क्षेत्रफल: 555,000 km²

राजधानी: साना’ए (Sana’a)

राजभाषा: Arabic (अरबी)

मुद्रा: येमेनी रियाल (Yemeni rial)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 30-09-47


 Z 

झाम्बिया – Zambia

विश्व में कितने देश है

झाम्बिया यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 79 लाख है |

क्षेत्रफल: 752,618 km²

राजधानी: लुसाका (Lusaka)

राजभाषा: अंग्रेज़ी (English)

मुद्रा: जाम्बियन क्वाचा (Zambian kwacha)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 01-12-64


झिम्बाब्वे – Zimbabwe

विश्व में कितने देश है

झिम्बाब्वे यह ईसाई धर्म (Christian) का देश है |

इसकी लोकसंख्या सन 2020 में 1 करोड़ 46 लाख है |

क्षेत्रफल: 390,757 km²

राजधानी: हरारे (Harare)

राजभाषा: जिम्बाब्वे में 16 आधिकारिक भाषाएं हैं – शोना, अंग्रेजी, नेडबेले, ज़ोसा, चेवा, साउथर्न सोथो, वेंडा, त्सवाना, सोंगा और टोंगा (Shona, English, Ndebele, Xhosa, Chewa, Southern Sotho, Venda, Tswana, Tsonga or Tonga)

मुद्रा: झिम्बाब्वे डॉलर (Zimbabwe Dollar)

संयुक्त राष्ट्र में प्रवेश की तिथि: 25-08-80


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विश्व में कितने देश है

Basil in Hindi | तुलसी के प्रकार, फायदे, नुकसान और सूखने के कारण

Basil in Hindi: हिन्दू धर्म में तुलसी को पवित्र माना जाता है इसिलिये इसे Holy Basil या Sacred Basil कहा जाता है |

तुलसी का बॉटनिकल नेम (Botanical Name) है Ocimum sanctum L या Ocimum tenuiflorum L है |

Ocimum sanctum L या Ocimum tenuiflorum L इस Basil को आमतौर पर अंग्रेजी में Holy Basil या Sacred Basil के रूप में जाना जाता है और विभिन्न भारतीय भाषाओं में ज्यादा करके इसे तुलसी के नाम से जाना जाता है | 

English (इंग्रजी)
Basil, Holy Basil, Sacred Basil
लैटिन (Latin)
Ocimum Sanctum
हिंदी (Hindi)
तुलसी, वैष्णवी
Sanskrut (संस्कृत)
वृन्दा, सुगन्धा, अमृता
मराठी (Marathi)
तुळस, तुळशी 
तेलगु (Telgu)
वृन्दा, गगेरा, कृष्णा तुलसी
गुजराती (Gujarati)
तुलस, तुलसी
बंगाली (Bengali)
तुलसी, कुरल

Basil in Hindi

Basil (तुलसी) के विविध प्रकार दुनिया भर में पाए जाते है | ऐसा माना जाता है कि भारत में Basil की उत्पत्ति हुई है | 5000 साल से भी ज्यादा समय से इसे उगाया जा रहा है | 

Basil in Hindi
Basil in Hindi

कुछ Basil का खाने में उपयोग किया जाता है तो किसी का औषधी में | खाने में उपयोग में ली जाने वाली Basil को Thai basil या Sweet basil कहा जाता है | 

खाने में इस्तेमाल की जानेवाली Thai basil या Sweet basil को भारत में ज्यादा उगाया नहीं जाता |

भारत में सभी जगह Holy Basil (तुलसी) उगाई जाती है और इसका औषधी के रूप में प्रयोग किया जाता है | इसके चमत्कारिक औषधी गुणों के कारण तुलसी को हिन्दू धर्म में विशेष स्थान दिया गया है |

ऋषि मुनियोने तुलसी के अलौकीक गुणों के कारण इसे भगवान विष्णु की पत्नी का स्थान दिया | इसे देवी का अवतार माना गया है | हर हिन्दू घर में इसकी पूजा की जाती है |

जिसके औषधी गुणों की किसी और से तुलना नहीं हो सकती वो कहलाती है ‘तुलसी’ |तुलसी में दुसरे जड़ी-बूटी की तुलना में सबसे ज्यादा औषधी गुण होते है |

तुलसी के पत्तो में कैलोरीज बहोत कम होती है | 100 ग्राम पत्तों में 22 कैलोरी होती है |

तुलसी का पौधा 24 घन्टे ऑक्सीजन देने में सक्षम होता है |

तुलसी के पौधे के आसपास रोग जीवाणु जीवित नहीं रह सकते इसीलिए घर में या आंगन में यह पौधा जरूर लगाना चाहिए |

तुलसी के औषधी गुणधर्मो के कारण इसकी माला को कंठ में धारण किया जाता है | इसे घर आँगन में लगाया जाता है |

तुलसी के प्रकार

पुरे विश्व में तुलसी की लगभग 60 से भी अधिक प्रजातिया है | पर भारत में मिलने वाली तुलसी की प्रजातिया सबसे ज्यादा ख़ास मानी जाती है उनके अद्वितीय औषधी गुणों के कारण |

भारत में वैसे तो तुलसी की विविध प्रजातिया है, पर प्रमुख तौर पर जो तुलसी की प्रजातिया यहा पायी जाती है वे कुछ इस प्रकार से है | 

Basil in Hindi
Basil in Hindi

1) कृष्णा तुलसी या श्यामा तुलसी: इसका डंठल (Stem) और पत्तियां बैंगनीय रंग की होती है |इसकी मंजीरी भी बैंगनीय रंग की होती है |

सारे तुलसियों में ‘श्यामा तुलसी’ को सर्वश्रेष्ट माना जाता है क्यों की इसमें सबसे अधिक औषधीय गुण पाए जाते है |

‘श्यामा तुलसी’ को ‘कृष्णा तुलसी’ के नाम से भी जाना जाता है |


Basil in Hindi
Basil in Hindi

2) रामा तुलसी या श्री तुलसी: ‘रामा तूलसी’ के पत्तें हरे रंग के होते है | इसका डंठल भी  (Stem) हरे रंग का होता है | इसकी मंजीरी भी हरे रंग की होती है |

‘रामा तुलसी’ का पूजा-पाठ में उपयोग किया जाता है | 

‘रामा तुलसी’ को ‘श्री तुलसी’ के नाम से भी जाना जाता है |

‘रामा तुलसी’ की प्रकृती ठन्डी होती है | गर्मी में आप इसका सेवन कर सकते है |


Basil in Hindi

3) श्वेत तुलसी, सफ़ेद तुलसी या विष्णु तुलसी: इस तुलसी के पत्ते हरे रंग के होते पर इसके जो पुष्प निकल आते है वह सफ़ेद रंग के होते है |

सूर्योदय के समय सूर्य को जो जल अर्पित किया जाता है वह श्वेत तुलसी पे गिराया जाता है |

मंदिरों में प्रसाद के रूप में दिए जाने वाले चरनामृत में श्वेत तुलसी के पत्तों को छोटे टुकड़ों में तोड़कर डालने की परम्परा है |

श्वेत तुलसी के पत्तों को चरनामृत में डालने के बाद ही चरणामृत को पीने का प्रघात है |

‘श्वेत तुलसी’ को ‘विष्णु तुलसी या सफ़ेद तुलसी’ के नाम से भी जाना जाता है |


Basil in Hindi
Basil in Hindi

4) वन तुलसी या बबुई तुलसी – ‘वन तुलसी’ को बर्बरी तुलसी (Tulsi Barbari), बबुई तुलसी, गुलाल तुलसी, काली तुलसी, वन तुलसी, जंगली तुलसी, सबजा के नाम से भी जाना जाता है |

वन तुलसी के जो बीज होते है उसे सब्जा कहा जाता है |

इसकी गंध काफी तेज होती है इसलिए कोइ किट-पतंगा, मच्छर इसके पास नहीं आता है |

यदी मधु मक्खी डंख मारती है तो वन तुलसी के पत्तों का पेस्ट उस जगह पर लगाने से आराम मिलता है |

इसके पत्तें थोड़े छोटे और आगे नुकीले होते हैं | यह आकार में थोड़ी बड़ी हो जाती है |


Basil in Hindi

5) नींबू तुलसी: इस तुलसी के पत्तों की सुगंध निम्बू जैसी होती है इसलिए इसे नींबू तुलसी कहा जाता है | 

इस तुलसी के पत्तें चाय में डाल सकते है, इसको सलाद में डाल सकते है | निम्बू तुलसी में औषधी गुण भी मौजूद होते है |


Basil in Hindi
Basil in Hindi

6) मरूआ तुलसी:

इसकी मजिरी बैंगनी रंग की होती है और पत्तियाँ चमकदार गहरे हरे रंग की | इसके पत्तों की काफी अच्छी खुशबु होती हैं |

इसकी पत्तियोंकी चटनी बनाई जाती है | मरुआ तुलसी में औषधी गुणधर्म भी होते है |


Basil in Hindi
Basil in Hindi

7) कपूर तुलसी:

इस तुलसी की पत्तियां हलके हरे रंग की होती है | कपूर तुलसी में काफी लम्बी हरे रंग की  मजिरियां होती है सफ़ेद पुष्प के साथ |

कपूर तुलसी में भी औषधी गुणधर्म होते है |


Basil in Hindi
Basil in Hindi

8) दालचीनी तुलसी (Cinnamon Basil):

इस तुलसी में Methyl Cinnamate  होता है जिसके वजह इसकी पत्तियों का स्वाद दालचीनी जैसे होता है |

दालचीनी तुलसी में कुछ हद तक संकीर्ण, थोड़ी सी गहरे हरे रंग की चमकदार पत्तिया होती है | इस तुलसी के मंजिरी में छोटे गुलाबी फूल लगते है | इसकी डंठल गहरे बैंगनी रंग की होती हैं |

Cinnamon Basil को Mexican spice basil के नाम से भी जाना जाता है |


Basil in Hindi

9) मीठी तुलसी (Stevia Basil):

इसके पुष्प छोटे से सफ़ेद रंग के होते है | इसके पत्तें लम्बे और पतले से होते है | इस तुलसी के पत्तें खाने में मीठे लगते है इसलिए इसे मीठी तुलसी कहा जाता है |

इसको Stevia Basil नाम से भी जाना जाता है | इसकी बड़ी मात्रा में खेती की जाती है | इसके पत्तों में औषधी गुणधर्म होते है |


Basil in Hindi
Basil in Hindi

10) लौंग तुलसी (Clove Basil):

इस तुलसी के पत्तें अन्य तुलसी के मुकाबले में थोड़े बड़े होते है | इन पत्तों में से लौंग जैसी खुशबू आती है इसलिए इसे लौंग तुलसी कहते है |

तुलसी के चमत्कारी फायदे 

तुलसी में सारी जडी-बूटीयों के मुकाबले में सबसे ज्यादा औषधी गुण होते है | इसलिए उसे आयुर्वेद में सारे औषधी पौधों की रानी का दर्जा दिया गया है |

भारत में शाम तुलसी, राम तुलसी और वन तुलसी का औषधी रूप में प्रयोग किया जाता है| पर इन सबमें ‘शाम तुलसी यानी कृष्ण तुलसी’ को औषधी गुणों से सर्वश्रेष्ट माना गया है | 

निचे दिए गए सारे समस्याओंके उपाय में ‘शाम तुलसी यानी कृष्ण तुलसी‘ का ही उपयोग किया जाता है |


समस्या: कान का दर्द

उपाय: जब कान में दर्द हो तो तुलसी के पत्तों का रस निकालकर इसकी 4-4 बूंदे कान में डालने से कान के दर्द की परेशानी दूर होने में मदद मिलती है |

दूसरा उपाय:

50 ग्राम तिल के तेल में 20-25 तुलसी की पतियाँ डालकर उस तेल को धीमी आंच पर पकाए | ठंडा हो जाने पर उसको छानकर रख ले | इस ठन्डे तेल की बूंदे कान में डालनेसे कान का दर्द एवम कान की अन्य परेशानी में आराम मिलता है |


समस्या: जिनको भूख कम लगती है

उपाय: जिनको अजीर्ण की शिकायत है व् भूख कम लगती है वे भूख बढ़ाने के लिए और अजीर्ण की शिकायत दूर करने के लिए अदरक, तुलसी के पत्तें, कालीमिर्च और मिर्च में नमक डालकर उसकी चटनी बनाये | इस चटनी को भोजन खाते समय उसके साथ थोड़ा-थोड़ा सेवन करें इससे भूख बढ़ेगी और पेट की अन्य समस्याये भी दूर हो जायेगी |

इस चटनी में तुलसी की पत्तियां थोड़ी मात्रा में ही डालनी चाहियें |


समस्या: जब उल्टी होने को हो

उपाय: तुलसी के 4-5 पत्तिया तोड़कर उसका रस निकाल ले | उस तुलसी के रस में थोडा अदरक का रस और थोड़ा शहद मिला ले और इसको चाट ले |

यह उपाय करने से जी मचलाने की परेशानी दूर होगी और उल्टी भी नहीं होगी |


समस्या: स्मरण शक्ती बढाने के लिए

उपाय: तुलसी की 4-5 पत्तियों को पीसकर उसमे शहद मिला ले | रोज सुबह इसका खाली पेट सेवन करने इस से स्मरण शक्ती तेज होती है |


समस्या: सर में जूएँ पड़ना 

उपाय: जिनकी सर में जूएँ पड गयी है वे अगर तुलसी के पत्तों का रस निकालकर बालों के जड़ों में लगाते है तो इससे जुएँ निकल जाती है और बालों की जड़ें भी मजबूत होती है |


समस्या: अस्थमा बीमारी की समस्या में

उपाय: मुलेठी, गुलबनफ्सा और तुलसी के पत्तों का काढा बनाकर सुबह व् शाम पीजिये | इससे अस्थमा और श्वास रोग की बीमारी में जल्दी आराम मिल जाता है |

अस्थमा रोग की बीमारी में तुलसी बहुत लाभकारी साबित होती है |


समस्या: खांसी व कफ की परेशानी

उपाय: छोटे बच्चों में अगर खांसी है, कफ है तो ऐसे में तुलसी के पत्तों का 1-2 बूँद रस लीजिए और इसमें थोडासा शहद मिलाकर बच्चे को चटायें इससे खांसी और कफ की परेशानी दूर होने में मदद होगी |

अगर बड़े लोगों को बहुर खांसी व कफ की परेशानी है तो तुलसी के पत्तों का काढा बनाकर पीनेसे आराम मिलता है |

किसी भी तरह के सर्दी जुकाम, एलर्जी से तुलसी का रस आराम देता है |


समस्या: सर्दी जुकाम निमोनिया में

उपाय: जब आदमी को निमोनिया होता है तो उसे बहुत सर्दी-जुकाम-कफ होता है | ऐसे में मंजिरी सहित तुलसी के 50 ग्राम पत्ते तोड़ ले और इसको कूट लीजिये या पिस लीजिये |

25 ग्राम अदरक, 15 ग्राम कालीमिर्च और १० ग्राम इलायची को कूटकर, मंजिरी सहित तुलसी के 50 ग्राम कूटे हुए पत्ते को आधा किलो पानी में उबाल ले | जब पानी 200 ग्राम बचे तो उसको छानकर उसमें थोड़ी चीनी मिलाकर चाचणी बना ले |

इस काढ़े को आप सुबह शाम 2-2 चम्मच सेवन करें | इससे सर्दी-जुकाम-कफ निमोनिया में आराम मिलेगा |

यह काढ़ा आप बच्चों को भी दे सकते है |


समस्या: दांत दर्द

उपाय: दांत का दर्द बड़ा असहनीय होता है | दांत के दर्द की परेशानी में तुलसी के पत्तें व कालीमिर्च को पीसकर इसमें सेंधा नमक मिलाले |

रूई के फाहें में यह मिश्रण लपेटकर दर्द वालें दांत में रख लीजिये | मुंह में जो पानी जमा होगा उसे थूंक दीजिये | इससे दर्द में आराम मिलेगा |


समस्या: मुहं की दुर्गंधी के लिए

उपाय: तुलसी के 3-4 पत्तों को कुचलकर पानी में उबालिए | उसमे थोड़ा सेंधा नमक, 3 से 4 काली मिर्च व 2-3 लौंग कुचलकर डालिए |

इस पानी से गरारे करने से गले की खराश दूर हो जाती है |

इस पानी से कुल्ले करने से मूंह की दुर्गन्ध और संक्रमण (infection) दूर हो जाता है | कुछ दिन आप इसका प्रयोग करे आपको लाभ मिल जाएगा |


समस्या: घाव की परेशानी में 

उपाय: अगर आपको किसी भी प्रकार का घाव शरीर में है और कुछ भी ना मिले तो, तुलसी के पत्तों को पानी में उबाल लीजिये | यह तुलसी वाला पानी जब ठंडा हो जाए तो इससे घाव को धोयें |

इस तुलसी के पानी से घाव जल्दी सुख जाता है |


समस्या: दाद खाज खुजली 

उपाय: जिनको दाद खाज खुजली की परेशानी है वे 4 भाग निम्बू के रस में 1 भाग तुलसी के पत्तों का रस अच्छी तरह से मिला ले | जहाँ पर दाद खाज खुजली है वहापर इस मिश्रण को लगाये |

इससे दाद खाज खुजली की समस्या दूर होगी |


समस्या: कुष्ट रोग

उपाय: कुष्ट रोग और त्वचा रोग होने के प्रमुख कारण माने जाते है शुद्ध आहार न मिलना, दूषित जल और मिलावट वाले सौंदर्य प्रसाधन |

तुलसी के 5 -7 पत्तीयाँ व 2 -4 पत्तियां को पीसकर हररोज सुबह इसका सेवन करे | इससे त्वचा और कुष्ट संबंधी बीमारी में लाभ होता है |


समस्या: गला बैठ जाना 

उपाय: गला बैठ गया है और बोलने में परेशानी हो रही है ऐसे में आप तुलसी की 2-4 पत्तियाँ, थोडी मिश्री व एक काली मिर्च का दाना लेकर मुह में रखकर चूसते रहै और इसका पानी निगलते रहे |

यह उपाय करने से आपको बैठा गला और बोलने में होने वाली परेशानी की शिकायत में लाभ मिलेगा |


समस्या: Migrane, सर दर्द

उपाय: सरदर्द व माईग्रेन की बीमारी में तुलसी की पत्तियों का रस निकालकर उसकी 4 -4 बूंदे नाक में डालें | इससे सरदर्द में आराम मिलेगा |


Boost immunity (प्रतिरक्षा में वृद्धि)

तुलसी Immunity booster होती है | Immunity booster मतलब शरीर की रोगप्रतिकारक शक्ती बढ़ने वाली होती है क्यों की इसमें Vitamin C और Zinc होता है |

तुलसी में कुछ ऐसी Anti Bacterial (जीवाणुरोधी), Anti fungal (फंगसरोधी), Anti Viral (वाइरसरोधी) गुणधर्म होते है जो कोइ भी बीमारी को रोकने के लिए काफी प्रभावशाली होते है |


ये माना जाता है तुलसी के पत्ते का सेवन करने से हमारे  Red Blood Cell (लाल रक्त कोशिकाएं) जो रोगाणु से लड़ते है वे काफी क्रियाशील हो जाते है |


तुलसी में कुछ ऐसी केमिकल होते है जो हमारे दिमाग (Brain) में जाकर Neurotransmitter, Dopamine और Serotonnin को बढाते है | ये हमारे तनाव को कम करता है और ब्लड प्रेशर को भी कम करता है |


बुखार, दर्द, Allergy, खांसी, जुकाम, Chest Infection कम करने के लिए तुलसी का उपयोग होता है |

तुलसी के बिज के फायदे 

समस्या: शाररीक कमजोरी में

उपाय: जिनको शरारीक कमजोरी है वे 100 ग्राम तुलसी के बीज और आधा किलो मिश्री का पाउडर बनाकर रखले | हररोज सुबह शाम 1 -1 चम्मच इस पाउडर का दूध के साथ सेवन करे |

यह तुलसी बीज और मिश्री का पाउडर बड़ा पौष्टिक होता है | इससे शारीरीक कमजोरी दूर हो जाती है |


समस्या: नपुसंकता, बांझपन, नामर्दी व संतानहीनता

उपाय: 200 ग्राम तुलसी के बिज और 500 ग्राम मिश्री को पीसकर रख लीजिये | सुबह और शाम देसी गाय के दूध के साथ इस का थोड़ा थोडा सेवन करे | देसी गाय का दूध न मिले तो दुसरा दूध भी चलेगा |

नपुसंकता, बांझपन, नामर्दी व संतानहीनता में इससे जरूर लाभ मिलेगा |

तुलसी के नुकसान 

तुलसी की पत्तियों को कभी चबाना नही चाहिए |

तुलसी की पत्तियां में नैसर्गीक रूप से पारा (Mercury) होता है | तुलसी की पत्तिया ज्यादा चबाने से यह पारा दाँतों में लगकर दांत ख़राब हो सकते है | दांतों में छेद (Cavity) हो सकता है |


गर्भवती महिलायें और बच्चों को दूध पिलाती महिलाओं ने तुलसी का सेवन नही करना चाहिए | इस के सेवन से उनमे कभी-कभी थाइरोइड उत्पन्न होने की संभावना रहती है |

तुलसी सूखने के कारण

आमतौर पर तुलसी के पौधे की आयु 4-5 साल होती है | पर सर्दीयों के दिनों में यह पौधा अपने आप ही सुख जाता है और जल्दी ही मर जाता है |

तुलसी उष्णकटिबंधीय और गर्म क्षेत्रों में बढ़ने वाला पौधा है | यह पौधा ठण्ड का मौसम सह नहीं पाता है और इसीलिए सर्दियों के दिनों में तुलसी का पौधा सुख जाता है |

तुलसी के पौधे को ठण्ड से बचने के उपाय:

सर्दियों के दिनों में जहां पर ओस पडती है वहापर तुलसी को मत रखिये | ओंस तुलसी पर गिरने से यह सुख जाती है | हो सके तो सर्दी के दिनों में तुलसी के पौधे के ऊपर छाया करदो, इससे उसका सर्दियों की औंस से रक्षण होगा |


ठण्ड के दिनों में तुलसी के पौधे को 5-6 घंटा गर्म जगह पर रखे जिससे उसका ठण्ड से बचाव हो सके |


तुलसी को ज्यादा पानी की जरूरत नही होती है | उसकी मट्टी जब सुखी जैसी दिखने लगे तब ही उसको पाणी दीजिये |

ज्यादा पानी की वजहसे भी तुलसी के पत्ते गिर जाते है |


तुलसी को ज्यादा दिन जीवित रखने के लिए उसके मंजीरी को सब जगहसे तोड़ते रहिये | इन पुष्पों को तोड़ने से तुलसी बहुत दिनों तक हरी भरी रहती है |

तुलसी का बॉटनिकल नेम

विविध तुलसी के वानस्पतिक नाम (Botanical Name) उनके नाम सहित कुछ इस प्रकार से है | 

पवित्र तुलसी (Holy Basil) के Botanical Name

रामा तुलसी  Ocimum Sanctum
कृष्णा तुलसी  Ocimum Tenuiflorum
अमृता तुलसी  Ocimum Tenuiflorum
वन तुलसी  Ocimum Gratissum

निचे दी गयी Basil (तुलसी) का कई प्रकार के लोकप्रिय इटालियन और थाई व्यंजनों में उपयोग किया जाता है |

Sweet Basil Ocimum Basilicum
Thai Basil Ocimum Thyrsiflora
Lemon Basil Ocimum Citriodorum
American Basil Ocimum Americanum
Vietnamese Basil Ocimum Cinnamon
Purple Basil Ocimum Basilicum
तुलसी के बारेंमें लोगों के प्रश्न 

तुलसी के बारें में लोगों के कुछ सवाल होते है उन सवालों के जवाब कुछ इस प्रकार से है |


तुलसी के पौधे की उम्र कितनी होती है?

आमतौर पर तुलसी के पौधे की आयु 4-5 साल होती है | पर सर्दीयों के दिनों में ठण्ड की वजह से यह पौधा अपने आप ही सुख जाता है और जल्दी ही मर जाता है |


तुलसी क्या काम करती है?

बुखार, दर्द, Allergy, खांसी, जुकाम, Chest Infection कम करने के लिए तुलसी का उपयोग होता है |

तुलसी वायुप्रदुषण कम करने का काम करती है | क्यों की तुलसी ऐसा अकेला पौधा है जो 24 घंटे वातावरण में ऑक्सीजन छोड़ता है | 


तुलसी के पत्ते चबाने से क्या होता है?

तुलसी की पत्तियों में नैसर्गीक रूप से पारा (Mercury) होता है | तुलसी की पत्तिया ज्यादा चबाने से यह पारा दाँतों में लगकर दांत ख़राब हो सकते है |


तुलसी के पत्ता खाने से क्या होता है?

तुलसी के पत्ते का सेवन करने से हमारे  Red Blood Cell (लाल रक्त कोशिकाएं) जो रोगाणु से लड़ते है वे काफी क्रियाशील हो जाते है |


तुलसी के बीज खाने के क्या फायदे हैं?

नपुसंकता, बांझपन, नामर्दी, संतानहीनता व शाररीक कमजोरी की समस्या में तुलसी के बिज खाने से फायदा होता है |


तुलसी के बीज का उपयोग कैसे करे?

जिनको शरारीक कमजोरी है वे 100 ग्राम तुलसी के बीज और आधा किलो मिश्री का पाउडर बनाकर रखले | हररोज सुबह शाम 1 -1 चम्मच इस पाउडर का दूध के साथ सेवन करे |

नपुसंकता, बांझपन, नामर्दी, संतानहीनता में 200 ग्राम तुलसी के बिज और 500 ग्राम मिश्री को पीसकर रख लीजिये | सुबह और शाम देसी गाय के दूध के साथ इस का थोड़ा थोडा सेवन करे |


तुलसी के बीज और मिश्री खाने से क्या होता है?

नपुसंकता, बांझपन, नामर्दी, संतानहीनता व शाररीक कमजोरी की समस्या में तूलसी के बीज और मिश्री खाने से फायदा होता है |


 

Sesame Seeds in Hindi | तिल सेवन के अद्भूत फायदे आप सदा रहेंगे रोगमुक्त

Sesame Seeds in Hindi: Sesame Seeds को हिंदी में ‘तिल या मीठा तेल कहते है | Sesame Seed का हिंदी भाषा में सीधा भाषांतरण ‘तिल के बीज‘ होता है| 

तिल को अलग-अलग भारतीय भाषाओंमे अनेक नामों से जाना जाता है | 

English (इंग्रजी)
Gingelly Sesame
लैटिन (Latin)
Sesamum Indicum
हिंदी (Hindi)
तिल, मीठा तेल
Sanskrut (संस्कृत)
तिल, पवित्रा, तिलतैला
मराठी (Marathi)
तिल, गोडा तेल
तमिल (Tamil)
एल्लू, तिलम, कट्टु एल्लू
गुजराती (Gujarati)
तिल, मीठु तेल

Sesame Seeds in Hindi

Sesame Seeds को भारत में आमतौर पर ‘तिल‘ नाम से ही जाना जाता है |

तिल की प्रकृति वास्तव में थोड़ी उष्ण मतलब गरम होती है, इसलिए इसके उष्ण प्रकृति को ध्यान में रखते हुए इसे सर्दियों के मौसम में खाया जाता है |

‘तिल’ का Botanical name (वानस्पतिक नाम) Sesamum Indicum (सिसमम इंडिकम) है और यह वनस्पती Pedaliaceae (पेडालियासी) परिवार से है | 

‘तिल’ यह साल भर उगाई जाने वाली एक छोटी अवधि की फसल है | इस पौधे के बीजों से खाद्य तेल निकलता है | 

Sesame Seeds in Hindi
Sesame Seeds in Hindi

तिल पौधे के बीज के तिन प्रकार (रंगो) के होते है |

  1. काला तिल
  2. सफ़ेद तिल
  3. लाल तिल

हमारे देश में ज्यादा तर काला और सफ़ेद तिल ही उगाये जाते है | लाल तिल हमारे देश में आमतौर पर नहीं उगाया जाता है |

काला तिल सफ़ेद तिल के मुकाबले में ज्यादा औषधी माना गया  है |

जहाँ औषधी के रूप में सीधे आपको तिल का उपयोग करना हो वहा ‘काले तिल‘ का उपयोग करना चाहिए |

जहाँ तेल में रूप में तिल का उपयोंग करना हो वहा ‘काले और सफेद’ दोनों तिलों के तेल गुणकारी होते है | दोनों तिल तेल के रूप में समान फायदा पहुंचाते है |

तिल में मनुष्य के शरीर को स्वस्थ रखने के और शक्ति प्रदान करने वाले अगणीत गुण है जिसकी वजह से ‘तिल‘ को “अमरता का बीज” के रूप में जाना जाता है ।

काले तिल में सफ़ेद और लाल तिल के मुकाबले में ज्यादा औषधी गुण होते हैं | इसीलिए काले तिल को सफ़ेद और लाल तिलों के मुकाबले में श्रेष्ठतर माना जाता है |

Sesame Seeds in Hindi
Sesame Seeds in Hindi

काले तिल के चमत्कारी लाभ 

Black Seasme Seed यानी ‘काले तिल‘ के सेवन से मनुष्य शरीर को होने वाले लाभ कुछ इस प्रकार से है |


समस्या: जिनके दांत कमजोर है या दातों और मसूड़ों की जिनको समस्या है उनके लिए काले तिल का उपयोग बहुत ही गुणकारी साबित होता है|

उपाय: सुबह 10 ग्राम काला तिल ले लीजिये | इसमे से 2-4 ग्राम काले तिल मुंह में डालिए और आराम से  चबायें और अच्छा चबाने के बाद में इसे निगल जाए |  याद रखियें काले तिल को सुबह खाली पेट चबाना है |

फिर बाकी तिल को इसी मात्रा में चबाएं और निगल जाएँ | ऐसा करने से आपके मसूड़े स्वस्थ होंगे और दातं भी मजबूत होंगे |


समस्या: खांसी के लिए भी काले तिल बड़े गुणकारी साबित होते है |

उपाय: 2 ग्राम काले तिल में 2-3 तुलसी की पत्तियां व थोड़ी अदरक डालकर काढा बनाकर चाय के रूप में सेवन करने से

इससे खांसी, कफ, बलगम व् सुखी खांसी में आराम मिलेगा | काले तिल, तुलसी और अदरक के इस काढ़े को चाय की तरह उबालकर पीया जाता है |


समस्या: अशक्त व्यक्तीं की भूख ना लगने की समस्या में तिल भूख को बढ़ाने का काम करता है | 

उपाय: जिनको भूख कम लगती हो उनकी भूख बढ़ाने का काम भी तिल करता है | सर्दी के मौसम में तिल के लड्डू और उसके विविध व्यंजन शरीर की शक्ती बढाने का काम करता है |

तिल पौष्टिक और शक्ती देने वाला होता है, कमजोर लोगों को यह बल (शक्ती) देने का काम करता है |


समस्या: महिलाओं के मासिक धर्म की समस्या में गुणकारी तिल |

उपाय: जिन महिलाओं को मासिक धर्म में परेशानी होती है वे 5 ग्राम तिल को मोटा-मोटा कूटकर, उसका काढ़ा बनाकर सुबह शाम पिये | +

मासिक धर्म के 4-5 दिन पहले अगर इस काढ़े को वे पीना शुरू कर दे तो इससे मासिक धर्म के दौरान होने वाले दर्द व अन्य परेशानियों में आराम मिलेगा |


समस्या: बहुमूत्र की शिकायत में

उपाय: जिनको भी बहुमूत्र की परेशानी है अगर वे 5 ग्राम गोखरू व् 5 ग्राम काले तिल का काढा बनाकर उसका सेवन करते है तो बार-बार पेशाब जाने की और बहुमूत्र की समस्या दूर होती है |

बहुमूत्र की परेशानी में इसके अलावा दुसरा भी उपाय है |

10 ग्राम काले तिल को थोडासा शुद्ध देसी घी डालकर भूनना होता है | इस भुने हुए तिल में गुड़ मिलाकर इसके लड्डू बना ले | रात को सोते समय एक लड्डू खाएं और उपरसे पानी या दूध पियें | इस उपाय से भी बार-बार पेशाब जाने की और बहुमूत्र की समस्या दूर होने में मदद होती है |


समस्या: अगर बच्चोंमे रात को बिस्तर गिला करने की समस्या हैं |

उपाय: बहुत से बच्चे रात को सोते वक्त अनजाने में बिस्तर में पेशाब कर देते है | इस परेशानी में आप काले तिल के लड्डू बच्चें को खिला सकते है या काले तिल की पाउडर का सेवन करना भी लाभदायक साबित होता है |

इसके साथ एक्यूप्रेशर (Accupressure) भी रामबाण उपाय  साबित होता है | छोटी उंगली और उसके बाजु वाली उंगली के सीरे पर सुबह और शाम में 50 बार दबाना है | 


समस्या: जोड़ों का दर्द व अर्थराइटिस की समस्या में काले तिल गुणकारी साबित होते है |  

उपाय: हल्दी, मेथी, सौंठ, काले तिल व अश्वगंधा को समान मात्रा में लेकर उसका पाउडर करें | इस पाउडर को 1-1 चम्मच सुबह शाम दूध या गरम पानी के साथ सेवन करे इससे जोड़ों का दर्द व् अर्थराइटिस में लाभ होता है |

तिल के तेल में अगर सौंठ मिला दी जाये तो ऐसा तेल भी दर्द के लिए लाभकारी होता है |

दर्द, पीड़ा, आर्थराइटिस और सुजन में तिल का तेल बड़ा गुणकारी साबित होता है |

काले तिल में तांबा (Copper) होता है जो वास्तव में गठिया के लिए अच्छा होता है |

रोगमुक्त करने वाला काला तिल 

काले तिल कोलोन कैंसर (Colon Cancer) होने के खतरे को कम करता हैं | यह आप में प्रतिरक्षा प्रणाली (Immune System) का निर्माण करता है ताकि आप का कैंसर से बचाव कर सकें।

काले तिल में आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली (Immune System) को बढ़ावा देने के लिए जस्त (Zinc) होता है |


समस्या: रक्त चाप, हृदय रोग, अस्थमा और माइग्रेन

समाधान: काले तिल (Magnesium) मैग्नीशियम से समृद्ध होते है |

मैग्नीशियम से भरपूर काले तिल के बीज उच्च रक्तचाप (Hypertension) को रोकते हैं और रक्तचाप को कम रखने में मदद करते हैं |

मैग्नीशियम की वजह से स्ट्रोक, हृदय रोग, माइग्रेन में भी मदद करता है |

मैग्नीशियम की वजह से अस्थमा में भी मदद करता है |


समस्या: कब्ज और अपचन 

समाधान: तिल में प्रचुर मात्रा में उच्च प्रती का फाइबर (fibre) होता है | यह एक रेचक के रूप में कार्य करता है |

फाइबर सामग्री आंतों (Intestine) को चिकना करती है और मल त्यागने में मदद करती है |


समस्या: उम्र बढ़ने के शुरुआती लक्षण | (Anti-Ageing Properties)

समाधान: काले तिल विटामिन बी और आयरन (लोह) से भरपूर होते हैं |

शरीर में विटामिन बी और आयरन (लोह) की कमी वाजहसे आदमी में जल्दी उम्र बढ़ने के शुरुआती लक्षण दिखाई देने लगते है | जैसे की याददाश्त कमजोर होना और सुनने की क्षमता में कमी आना |

काले तिल का सेवन उम्र बढ़ने के शुरुआती लक्षण को कम कर देता है क्यों की इसमें भरपूर मात्रा में विटामिन बी और आयरन (लोह) होता है |


समस्या: कमजोर हड्डि (Bones) 

समाधान: काले तिल के बीज में भरपूर मात्रा में कैल्शियम (Calcium) और जस्त (Zinc) होता हैं | कैल्शियम (Calcium) और जस्त (Zinc) हमारी हड्डियों को मजबूत करने में मदद करते है |


जिन बच्चों को दूध पसंद नहीं और जो दूध से परहेज करते हैं उनके लिए काले तिल का सेवन बड़ा फायदेमंद साबित होता है |

काले तिल में  कैल्शियम की प्रचुर मात्रा होती है और यह बच्चों में आवश्यक कैल्शियम की आपूर्ति करता है | कैल्शियम बच्चों में हड्डियों के विकास और कोशिकाओं के विकास, मस्तिष्क के विकास और उनके बुद्धि के विकास के लिए भी आवश्यक होता है |


तिल के बीज में बहुत सारे खनिज (Minerals) होते हैं और इसमें फाइटोस्टेरोल (Phytosterols) भी होता है |

फाइटोस्टेरोल (Phytosterols) का मतलब है कि इसमें ये फाइबर होते हैं जो कैंसर को रोकने में मदद करते हैं, कोलेस्ट्रॉल कम करने में मदद करते हैं |

तिल आपके एलडीएल कोलेस्ट्रॉल (Bad cholesterol) को कम करते हैं और एचडीएल कोलेस्ट्रॉल (Good cholesterol) को बढ़ाते है | जिसकी वजहसे दिल के दौरे (Heart Attack) से आप दूर रहते है | 

तिल का तेल के फायदे

तिल के तेल से शरीर की मालिश करने से मांस पेशिया बलवान होती है |

शरीर के त्वचा की झूरियां कम हो जाती है |

त्वचा संबंधी विकार कम हो जाते है |

यदी तिल के तेल में निम् की कुछ पत्तियां डाल के तेल को उबाल दिया जाये तो ऐसा तेल चर्म रोगों का नाश करने में सक्षम होता है |

जिनकी त्वचा ज्यादा शुष्क है वे सफ़ेद तिल के तेल को त्वचा पर लगाये, इससे फायदा होता है |

तिल का तेल वास्तव में त्वचा के लिए बहुत अच्छा है |

सफ़ेद तिल के फायदे 

आजकल खानपान की वजहसे और तनाव भरी जीवन शैली की वजहसे पुरुषों में मर्दाना कमजोरी आ जाती है | मर्दाना कमजोरी में सफ़ेद तिल का उपयोग काफी फायदेमंद है |

जिन व्यक्ती को शरीर में बार बार फोड़े फुंसी (boil snake), मुंहासे (Pimples) निकलते है, जिनकी त्वचा ज्यादा शुष्क रहती है उनके लिए सफ़ेद तिल का फायदेमंद है |

जिनको मुंहासे (Pimples) बार बार निकलते है वे सफ़ेद तिल का पेस्ट मुंहासे पर लगाये, इससे फायदा होता है |

जिनकी त्वचा ज्यादा शुष्क है वे सफ़ेद तिल के तेल को त्वचा पर लगाये, इससे फायदा होता है |

जिनको कब्ज की शिकायत रहती है, जिनकी पाचन शक्ती कमजोर होती है उनके लिए सफ़ेद तिल का सेवन फायदेमंद साबित होता है |

तिल सेवन के नुकसान

कौनसे लोगों के लिए तिल का सेवन अपाय कारक है यह भी हमें पता होना चाहिए |


पित्त प्रकृति के व्यक्ती के लिए तिल खाने से परेशानी हो सकती है | उनको दस्त लग सकते है और उनको शरीर पर खारिश हो सकती है |


जिन महिलाओंकों मासिक धर्म ज्यादा आता है उनके लिए सफेद तिल का सेवन नुकसान कारक है |


गर्भवस्था में तिल का सेवन नही करना चाहिए | गर्म प्रकृती का होने की वजह से गर्भवती महिलाओंके लिए तिल नुकसानकारक है |


जो व्यक्ती मोटे है उनके लिए सफ़ेद तिल नुकसानदायक है क्योंकी यह वजन बढ़ाता है |


महत्वपूर्ण सूचना: किसी भी पदार्थ का अतिसेवन शरीर के लिए घातक साबित होता है चाहे वे पदार्थ कितना भी गुणकारी क्यों न हो | 

तिल के बारेमें लोगों के प्रश्न 

लोगों के मन में सफ़ेद तिल, काला तिल और तिल तेल के फायदे के बारे में अनेक प्रश्न होते है | यहापर उन सवालों के आपके सुविधा के लिए संक्षिप्त में जवाब दीए गए है | 

Sesame Seeds in Hindi

काला तिल खाने से क्या फायदा होता है?

  • रक्त चाप, हृदय रोग, अस्थमा और माइग्रेन में गुणकारी |
  • सुखी खांसी, कफ, बलगम में आराम मिलता है |
  • भूख को बढाने का काम करता है |
  • महिलाओं के मासिक धर्म के दौरान होने वाले दर्द व अन्य परेशानियों में आराम देने का काम करता है |
  • बहुमूत्र की परेशानी दूर करता है |
  • बच्चोंमे रात को बिस्तर गिला करने की समस्या दूर करता है |
  • जोड़ों का दर्द व अर्थराइटिस की समस्या में काले तिल गुणकारी |
  • यह कोलन कैंसर से बचाने में भी मदद करता है |
  • यह रक्तचाप को कम करने में भी मदद करता है |
  • शरीर के कैल्शियम की कमी को पूरा करता है |
  • यह एक रेचक के रूप में कार्य करता है |
  • कब्ज और अपचन में यह लाभदायक है |
  • यह अनिद्रा में लाभदायक है |
  • कोलेस्ट्रॉल कम करने में मदद करते हैं |
  • हड्डियों को मजबूत करने में मदद करते है |
  • जोड़ों का दर्द व अर्थराइटिस की समस्या में काले तिल गुणकारी साबित होते है |
  • दात और मसूडे मजबूत होते है |

सफेद तिल खाने के क्या फायदे हैं?

  • मर्दाना कमजोरी सफ़ेद तिल दूर करता है |
  • फोड़े फुंसी (boil snake), मुंहासे (Pimples) और शुष्क त्वचा के लिए सफ़ेद तिल गुणकारी है | 
  • यह अनिद्रा में लाभदायक है।
  • हड्डियों को मजबूत करने में मदद करता है |
  • कब्ज में यह लाभदायक है ।
  • यह पाचन शक्ती को सुधारता है |
  • शरीर को बल देने का कार्य करता है |

तिल का तेल के क्या फायदे हैं?

  • तिल के तेल से शरीर की मालिश करने से मांस पेशिया बलवान होती है |
  • त्वचा की झूरियां कम हो जाती है |
  • त्वचा संबंधी विकार कम हो जाते है |
  • तेल शुष्क त्वचा पर लगाने से फायदा होता है |

तिल के तेल से मालिश करने से क्या होता है?

  • तिल के तेल से शरीर की मालिश करने से मांस पेशिया बलवान होती है |
  • अति शुष्क त्वचा की शिकायत दूर हो जाती है |
  • शरीर के त्वचा की झूरियां कम हो जाती है |

तिल का तेल चेहरे पर लगाने से क्या होता है?

  • फोड़े फुंसी (boil snake), मुंहासे (Pimples), दाने, ब्लैकहेड्स और व्हाइटहेड्स की समस्या दूर करने में मदद करता है |
  • त्वचा की झूरियां कम हो जाती है |
  • शुष्क त्वचा की शिकायत दूर हो जाती है |
  • त्वचा के तैलीय चमक को रोकता है |

Sesame Seeds in Hindi

WHO Full form | विश्व स्वास्थ संघटन का काम, महत्व, संरचना और स्थापना

WHO Full Form: World Health Organization

WHO Full Form in Hindi: विश्व स्वास्थ संघटन 

WHO एक वैश्विक स्वास्थ संघटन है जो विश्व के लगभग 150 देशों में कार्यरत है | 

WHO Full form
WHO Full form – WHO kya hai in Hindi

WHO की स्थापना?

1945 में यूरोप में जब सयुक्त राष्ट्र बनाने की चर्चा करने के लिए वहाके राजनयिक (Diplomats) इकट्ठा हुए थे तब WHO मतलब World Health Organization नामक कोइ ‘वैश्विक स्वास्थ संघटन’ हो इसके बारे में भी सोचा गया था | 

WHO की स्थापना 7 अप्रैल 1948 को हुई थी और इसी  दिन इसके संविधान को भी लागू किया गया था |

WHO की स्थापना 7 अप्रैल को की गयी थी इसीलिए विश्व भर में हर साल 7 अप्रैल को विश्व स्वास्थ्य दिवस (World Health Day) के रूप में मनाते हैं |

WHO की स्थापना का उद्देश 

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की स्थापना इस सिद्धांत पर की गई थी कि, मनुष्य के जीवन में ‘स्वास्थ्य’ उसका एक मौलिक मानव अधिकार है | विश्व के सभी लोगों को बीमारी रहीत स्वास्थ्य जीवन को जीने का आनंद लेने का मौक़ा मिलना चाहिए |

WHO मनुष्य को बेहतर स्वास्थ्य प्राप्त हो इस दिशा में काम करता है और विश्व भर में यह संगठन इसी आकांक्षा से प्रेरित होकर काम करता है | 

सभी लोगों को स्वास्थ्य के उच्चतम स्तर की प्राप्ति है यही WHO की स्थापना का मुख्य उद्देश रहा है |

WHO का काम 

WHO दुनिया भर में स्वास्थ्य को बढ़ावा देने, दुनिया को सुरक्षित रखने और कमजोर लोगों की सेवा करने के लिए काम करता है |

विशिष्ट रोगों का नियंत्रण और उनकी रोकथाम  करना, उदा: चेचक (Smallpox) और पोलियो (Polio) की तरहके रोग |

WHO दुनिया भर में स्वास्थ्य सेवाओं के विकास के लिए, पारिवारिक स्वास्थ्य में सुधार लाने के लिए और पर्यावरणीय स्वास्थ्य में सुधार लाने में मदद करता है |

जैव चिकित्सा अनुसंधान (Biomedical research) को WHO विश्व भर में बढ़ावा देने का काम करता है |

जरूरत मंद देशों को स्वास्थ्य साहित्य और बिमारियों की जानकारी देने का काम WHO करता है |

वैश्विक संगठनों (Global Organizations) के साथ WHO सहयोग (Cooperation) करता है और उनको मदद करता है |

कोरोना महामारी में WHO का योगदान

साल 2020 से पुरे विश्व को कोरोना (Corona) बीमारी ने ग्रस्त किया है | कोरोना बीमारी एक व्यक्ती से दुसरे व्यक्ती में फैलने वाली बीमारी है जिसकी वजह से यह बीमारी दुनिया के लिए परेशानी बन गयी है | 

WHO सभी देशों के लिए कोरोना (Corona) बीमारी के बारे में समय-समय पर जानकारी देता रहता है |

(Corona) बीमारी के दवाई के बारे में समय-समय पर सभी देशों सूचित करता रहता है | इस बीमारी के रोकथाम के लिए उपाय बताता है |

(Corona) बीमारी को समाप्त करने के लिए सभी देशों से सहयोग की WHO को भूमिका है |

WHO की वेबसाइट पर कोरोना बीमारी और उसके रोकथाम के लिए किये जाने वाले सारे उपायों की जानकारी दी गयी  है | इन् उपयों को आप जरूर पढ़िए, निचे WHO की वेबसाइट की Link दी गयी है |

https://www.who.int

WHO के क्षेत्रीय मुख्यालय

विश्व स्वास्थ संघटन (World Health Organization) को दुनिया भर में 6 क्षेत्रों में विभाजित किया गया है |

इन छह क्षेत्रों में WHO के क्षेत्रीय मुख्यालय (Region Headquarter) है |


1. South East Asia (दक्षिण-पूर्व एशिया) में WHO का कार्यालय भारत (India) के नई दिल्ली में है |


2. Africa (अफ्रीका) में WHO का कार्यालय Brazzaville congo (ब्रेज़ावील कोन्गो) में है |


3. अमेरिका (The Americas) में WHO का कार्यालय वाशिंगटन डी. सी. (Washington D. C.) में है |


4. यूरोप (Europe) में WHO का कार्यालय डेनमार्क (Denmark) के कोपेनहेगन (Copenhagen) में है |


5. पूर्वी भूमध्यसागर (Eastern Mediterranean) में WHO का कार्यालय इजिप्त (Egypt) के अलेक्जेंड्रिआ (Alexandria) में है |


6. Wester Pacific (वेस्टर्न पैसिफ़िक) में WHO का कार्यालय Philippines  (फिलिप्पीन्स) के Manila (मनीला) में है |

WHO की संरचना

Structures of WHO: WHO के प्रशासकीय कार्यों को प्रमुख रूप से तीन विभागों में विभाजित किया गया है |

1. World health assembly (विश्व स्वास्थ्य सभा)

यह WHO का सर्वोच्च संचालक मंडल (Governing body) है | इस संचालक मंडल को ‘Health Parliament’ भी कहा जाता है | हर साल मई में इसकी जिनेवा (Geneva) में सभा होती है |

2. Executive board (कार्यकारी बोर्ड)

कार्यकारी बोर्ड में 34 सदस्य होते हैं, जिनमें से 1/3 का नवीनीकरण प्रतिवर्ष होता है |

हर साल वर्ष में दो बार जनवरी और मई मे यह World health Assembly को किये गए कामों से अवगत कराते है | 

आपातकाल में Executive board परिस्थिती के अनुसार खुद भी निर्णय ले सकते हैं।

3. The Secretariat (सचिवालय)

सचिवालय (Secretariat) का नेतृत्व महानिर्देशक (Director-General) करता है और यह सदस्य राज्यों को तकनीकी और प्रबंधकीय सहायता प्रदान करता है |

WHO के वर्तमान महानिर्देशक

मई 2017 में सत्रहवीं विश्व स्वास्थ्य सभा में WHO के सदस्य राज्यों द्वारा पाँच वर्ष के कार्यकाल के लिए डॉ. टेड्रोस अदनोम घेब्रेयस (Dr. Tedros Adhanom Ghebreyesus) को डब्ल्यूएचओ महानिर्देशक (Director-General) चुना गया |

WHO Full form

डॉ. टेड्रोस अदनोम घेब्रेयस (Dr Tedros Adhanom Ghebreyesus) अफ्रीकी क्षेत्र से ऐसे पहले व्यक्ति जो विश्व स्वास्थ संघटन मतलब World Health Organization के मुखिया बने है |

डॉ. टेड्रोस ने लंदन विश्वविद्यालय से Master of Science (MSc) in Immunology of Infectious Diseases की शिक्षा पुरी की है |

अस्मार विश्वविद्यालय से जीव विज्ञान में स्नातक की उपाधि प्राप्त की है |

नॉटिंघम विश्वविद्यालय से Doctorate of Philosophy (PhD) in Community Health की पदवी हासील की है और London School of Hygiene and Tropical Medicine से Honorary Fellowship उन्हें मिल चुकी है |

World Health day theme

WHO हर साल सार्वजनिक स्वास्थ्य (Public Health) के एक विशिष्ट पहलू पर ध्यान केंद्रित करने के लिए, हर साल एक विश्व स्वास्थ्य दिवस विषय (World Health day theme) चुनता है |

1991 से 2021 तक हर साल WHO ने प्रकाशित की हुई Health Themes.

World Health day theme:

1991: Should Disaster Strike, be prepared
1992: Heart beat: A rhythm of Health
1993: Handle life with care: Prevent violence and Negligence
1994: Oral Health for a Healthy Life
1995: Global Polio Eradication
1996: Healthy Cities for better life
1997: Emerging infectious diseases
1998: Safe motherhood
1999: Active aging makes the difference
2000: Safe Blood starts with me
2001: Mental Health: stop exclusion, dare to care
2002: Move for health
2003: Shape the future of life: healthy environments for children
2004: Road safety
2005: Make every mother and child count
2006: Working together for health
2007: International health security
2008: Protecting health from the adverse effects of climate change
2009: Save lives, Make hospitals safe in emergencies
2010: Urbanization and health: make cities healthier
2011: Antimicrobial resistance: no action today, no cure tomorrow
2012: Good health adds life to years
2013: Healthy heart beat, Healthy blood pressure
2014: Vector-borne diseases: small bite, big threat
2015: Food safety
2016: Halt the rise: beat diabetes
2017: Depression: Let’s talk
2018: Universal Health Coverage: : everyone, everywhere
2019: Universal Health Coverage: : everyone, everywhere
2020: Support Nurses and Midwives
2021: Building a Fairer and Healthier World for Everyone

Chutia meaning Hindi | चुतिया युवावर्ग का पसंदीदा शब्द क्या अश्लील है ?

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Chutia meaning Hindi: ‘चुतिया’ शब्द के मतलब के बारे में बहुत से लोगों की अलग-अलग धारणाएं है | कोई इसे अश्लील शब्द समझता है, तो कोइ इसे गंदी गाली के रूप में देखता है |

सभ्य, सुसंस्कृत और संस्कारी समाज में इस शब्द को बूरा, गन्दा और हलके दर्जे का माना जाता है | आइये जानते है वास्तव में चुतिया (Chutia) शब्द का अर्थ क्या है और इसे कौन और किस परिस्थिती में इस्तेमाल किया जाता है |

Chutia meaning Hindi

Chutia शब्द का उच्चार ‘चुतिया‘ या ‘चुत्या‘ ऐसे किया जाता है |

हिन्दी भाषिक राज्यों के बड़े शहरों में और खास कर के युवावर्गों में इस शब्द का ज्यादा उपयोग किया जाता है | 

कॉलेज के लडके और यार दोस्त आपस में बातें करते वक्त इस चुतिया शब्द का उपयोग करते अक्सर पाए जाते हैं |

कभी कभी युवतियों को भी इस शब्द का उपयोग करते आप देख सकते है |

Chutia (चुतिया) शब्द का सार्वजनीक जीवन में अर्थ बेवकूफ, मूर्ख, बेअक़ल, मंद, पागल, मूढ़, भोंदू, नासमझ या बेवकूफ़ व्यक्ति ऐसे होता है |

यार दोस्त बात करते वक्त एक दुसरे के लिए ‘चुतिया‘ शब्द इस सन्दर्भ में इस्तेमाल करते है की ‘तू बुद्धिहीन है’ या ‘तू कम अकल है |’

चुतिया शब्द का उपयोग

युवा दोस्त एक दुसरे को ‘Chutia‘ शब्द से अक्सर संबोधीत करते है और वह भी इस बात का बुरा नही मानते है | 

शहरी और ग्रामीण युवा वर्ग और यार-दोस्तों में ‘चुतिया’ शब्द प्रचलीत है | युवावर्ग में कोइ भी Chutia शब्द को अभद्र नहीं मानता है |

उनका इस शब्द को इस्तेमाल करने का तरीका कुछ इस प्रकार से होता है |

Example:

रमेश: रोहन तूने 50/- रूपये की चीज़ 100/- रूपये में ली, सच में तू सबसे बड़ा चुतिया है |

सुरेश : राजेश ओ लडकी तुझसे प्यार नहीं करती, तुझे ओ चुतिया बनके चली गयी |

रवि: विजय इतना भोला भाला बनके मत रह, सब तुझको चुतिया समझते है |

राजेश : सच में यार में बड़ा चुतियां हूँ, दीपाली को रुपाली समझ बैठा |

रोहन : अबे तू चुतियां है क्या ? आज इंग्लिश का पेपर है और तू हिंदी की पढाई करके आया है |

क्या चुतिया शब्द अश्लील है?

भले ही युवावर्ग चुतिया शब्द को यार दोस्तों में बेहिचक इस्तेमाल करता हो, पर बड़े-बुजुर्ग, माता-पीता, आदरणीय व्यक्ती और सार्वजनीक जगह पर इस शब्द को इस्तेमाल करने पर संकोच महसूस करता है |

समाज में ‘चुतिया’ शब्द को अश्लील ही माना जाता है, इसलिए इसको हररोज की बोलचाल की भाषा में इस्तेमाल नहीं किया जाता है |

Chutia शब्द को अश्लील मानने की प्रमुख वजह है, यह औरतों के निजी अंग के (जननेन्द्रीय) समकक्ष जाने वाला शब्द प्रतीत होता है | इसलिए इसे सभ्य समाज में इस्तेमाल करना उचित नहीं माना जाता है |

चुतिया‘ शब्द स्त्री लंपट और विषय वासना में लिप्त व्यक्ती के लिए भी इस्तेमाल किया जाता है |

साफ़ शब्दों में कहा जाए तो ‘Chutia‘ शब्द अश्लील ही प्रतीत होता है और इसे अश्लील न मानने का कोइ आधार दिखता नहीं है |

सभ्य समाज के हररोज की बोलचाल की भाषा में अश्लील ध्वनित होने वाले शब्द स्वीकारें नहीं जाते है इसलिए वो आसानीसे बोलचाल की भाषा में स्थान नहीं पातें है |

क्या ‘चुतिया’ गाली है?

युवावर्ग और उनके घनिष्ट यार-दोस्त एक दुसरे को आसानीसे चुतिया कह देते है और वह इसका बुरा भी नहीं मानते है |

अगर किसी अपरिचित या अल्प पहचान वाले व्यक्ती को चुतिया कह दिया जाता है तो वो तुरंत इसका बुरा मान जाता है क्यों की वो ‘Chtiya‘ शब्द को अपने अपमान के सन्दर्भ में ले लेता है |

Chutia शब्द को किसी व्यक्ती द्वारा अपने अपमान के सन्दर्भ में लेने का कारण है इसका अर्थ- जो है, ‘कम बुद्धिवाला’ या ‘कम अकलवाला’|

चुतीया शब्द को रूढ़ अर्थ से ‘अश्लील गाली’ नहीं माना जा सकता |

Chutia शब्द को आप, किसी को अपमानित या निचा दिखाने के लिए उपयोग में लिए जाने वाला शब्द मान सकते है |

सच में ‘चुतीया’ यह किसको अपमानीत करने वाला ही शब्द ही प्रतीत होता है |

भारत के चुतिया कुलनाम वाले लोग

आपको जानके हैरानी होगी की भारत के असम राज्य में रहने वाले कचारी वर्ग के लोग अपनी जाति के रूप में ‘चूतिया’ शब्द का इस्तेमाल करते हैं | वो इसे ‘सूतिया’ भी उच्चारित करते है |

सातवीं शताब्दी के ‘Chutia King’ अस्सम्भिना राजा के नाम पर इस समुदाय का नाम चूतिया’ पड़ा |

 ‘Chutia‘ वंश के लोगोंने असम और अरुणाचल प्रदेश में अपने साम्राज्य का गठन किया था और सन 1187 से लेकर सन 1673 तक वहापर राज किया था |

चुतिया शब्द देओरी भाषा से आया है |

देओरी भाषा में ‘चु’ का मतलब है शुद्ध, ‘ती’ का मतलब होता है पाणी और ‘या’ का मतलब होता है वहा के भूमी पर रहने वाले लोग |मतलब  शुद्ध पाणी के भूमी पर रहने वाले लोग |

भारत सरकार ने असम के ‘चुतिया समाज’ के लोगों को ओबीसी (Other Backward Classes) वर्ग में समाविष्ट किया है |

Chutia meaning Hindi

Jupiter in Hindi | अद्भुत रहस्य बृहस्पती ग्रह के | पृथ्वी का रक्षक

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Jupiter in Hindi : Jupiter हमारे सौर मंडल (Solar System) का एक ग्रह है जिसको हिंदीमें ‘बृहस्पति‘ कहते है | Jupiter (ज्युपिटर) यह रोमन देवताओंके राजा थे, जिन्हें महानता का प्रतीक माना जाता है | 

बृहस्पती ग्रह को रोमन देवताओंके राजा Jupiter का नाम दिया गया है | 

आइये इस लेख में जानने की कोशिश करते है की इस ‘बृहस्पती ग्रह’ में ऐसी कौन सी विशेषताएं है जिसके कारण इसे रोमन देवताओंके राजा ‘Jupiter (ज्युपिटर)’ का नाम दिया गया है | 

Jupiter in Hindi

करीब 4.5 अरब साल पहले अन्तरिक्ष के Stardust (स्टारडस्ट) से बना बृहस्पति यह सौर मंडल का सबसे पहला ग्रह है |

Stardust (स्टारडस्ट) मतलब तारों की धुल | 

जीवित मनुष्य की तरह ही तारों की भी आयु होती है | जब तारों की आयु समाप्त हो जाती है तो उनमे बड़ा विस्फोट हो जाता है | 

तारों में जब विस्फोट हो जाता है तो उनके अवशेष ब्रम्हांड में फ़ैल जाते है | इन्ही अवशेषों से बना ‘बृहस्पति’ यह सौर मंडल का सबसे पहला ग्रह है |

वास्तव में देखा जाए तो बृहस्पति की रचना एक तारे की तरह है | यदि बृहस्पति आज के आकार से लगभग 80 गुना अधिक विशाल होता, तो वह एक ग्रह के बजाय एक तारा बन जाता |

अगर पृथ्वी से देखा जाए तो बृहस्पति, शुक्र ग्रह (Venus) के बाद रात के आसमान में दिखनेवाला दूसरा सबसे अधिक चमकीला ग्रह है |

बृहस्पती को पृथ्वी से रात के अँधेरे में बिना दूरबीन के भी देखा जा सकता है |

सूर्य के बाद हमारे सौर मंडल में बृहस्पति एक प्रमुख व्यक्तित्व है | बड़ा आकार और जबरदस्त गुरुत्वबल के कारण उसे ग्रहों का राजा माना जाता है |

बृहस्पति ग्रह पर जो कठिन परिस्थितियां है उनके कारण यहाँ पर किसी भी तरह का जीवन होना संभव नहीं है |लेकिन बृहस्पति के कुछ चन्द्रमाओं की सतह के नीचे महासागर मौजूद हैं, जहाँ जीवन हो सकता हैं।

(Jupiter in Hindi)

सबसे बड़ा ग्रह

बृहस्पति प्राचीन काल से जाना जाता है, क्योंकि यह अपने बड़े आकार के कारण उन्नत दूरबीनों (telescopes) के बीना भी देखा जा सकता है |

यह सौर मंडल का सबसे बड़ा ग्रह है | इसे हम रात को बिना दूरबीन का उपयोग किए भी देख सकते है |

बृहस्पति ग्रह पृथ्वी ग्रह से लगभग 11 गुना चौड़ा है | यह भूमध्य रेखा (Equator) पर लगभग 143,000 किलोमीटर चौड़ा है |

बृहस्पति इतना बड़ा है कि सौर मंडल के अन्य सभी ग्रह इसके अंदर समा हो सकते हैं | 1,300 से अधिक पृथ्वी बृहस्पति के अंदर समा सकती है |

पृथ्वी का व्यास 12742 किमी. है तो जुपिटर का व्यास 139,822 किमी. है |

बृहस्पति का द्रव्यमान (Mass) 318 पृथ्वी द्रव्यमान के बराबर है | 

हमारे सौर मंडल के अन्य ग्रहों का द्रव्यमान 129 पृथ्वी द्रव्यमान (Mass) के बराबर है |

बृहस्पति का द्रव्यमान (Mass) सौर मंडल में मौजूद सात ग्रहों के मुकाबले में लगभग 2.5 गुना है और सूर्य के हजारवें भाग के बराबर है |

अगर हमारी पृथ्वी किसी गुलाब जामुन के आकार की है तो बृहस्पति फुटबॉल के आकार का होगा |

बृहस्पती का बड़ा आकार और उसके शक्तिशाली गुरुत्वाकर्षण ताकत के कारण उसे सभी ग्रहों का राजा माना जाता है |

पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण बल के मुकाबले बृहस्पति का गुरुत्वाकर्षण बल 2.4 गुना ज्यादा है |

अगर पृथ्वी पर एक व्यक्ति का वजन 100 किलो है तो बृहस्पति ग्रह पर उस व्यक्ति का वजन  240 किलो होगा |

Jupiter in Hindi

बृहस्पति यह सूर्य से पांचवां ग्रह है | मंगल और शनि बृहस्पति के पड़ोसी ग्रह हैं |

हमारे सौर मंडल में कुल आठ ग्रह है | इनके नाम है-

Solar Planet सौर ग्रह
1. Mercury बुध
2. Venus शुक्र
3. Earth पृथ्वी
4. Mars मंगल
5. Jupiter बृहस्पति
6. Saturn शनि
7. Uranus अरुण
8. Neptune नेपच्यून

(Jupiter in Hindi)

बृहस्पतिके कितने चन्द्रमा ?

हमारे पृथ्वी ग्रह को एक उपग्रह है जिसे हम चन्द्रमा कहते है | 

बृहस्पति ग्रह के अभी तक खोजे गए उपग्रहों (चन्द्रमा) की कुल संख्या 79 है | सौर मंडलके जितने भी ग्रह है उनमे सबसे ज्यादा चन्द्रमा बृहस्पति के पास है | 

अब तक बृहस्पति ग्रह के 53 चन्द्रमा को नाम दिया गया है और उसके 26 चन्द्रमा ओंको आधिकारिक नाम देना अभी बाकी है | 

सबसे पहले 1610 में इटली के खगोल विज्ञानी गैलीलियो गैलीली ने दूरबीन द्वारा यह पता लगाया के बृहस्पति ग्रह को भी पृथ्वी ग्रहके तरह ही चन्द्रमा है | इस घटना ने वैज्ञनिको का सौर मंडल की तरफ देखने का नजरिया बदल दिया | 

गैलीलियोने दूरबीन द्वारा बृहस्पतिके चार सबसे बड़े चंद्रमाओं की खोज की थी जिन्हें ‘गैलिलियन उपग्रह’ (Galilean Satellites) कहां जाता है |

इन चार ‘गैलिलियन उपग्रहों के नाम है :-

 ➡ IO (आय ओ)- बृहस्पति ग्रह का IO यह उपग्रह सौर मंडल में सबसे अधिक ज्वालामुखीय सक्रिय खगोलीय पिंड है |


 ➡ Ganymede (गेनीमेड) – यह सौर मंडल का सबसे बड़ा चंद्रमा है जो बुध ग्रह से भी बड़ा है |

गेनीमेड सौर मंडल का एकमात्र चंद्रमा है जिसे आंतरिक रूप से उत्पन्न चुंबकीय क्षेत्र के लिए जाना जाता है |


Europa (यूरोपा) – इस उपग्रह की सतह ज्यादातर पानी और बर्फ से ढकी हुयी है | यह इस बात का संकेत है की यूरोपाके सतह के निचे पाणी का महासागर हो सकता है | 

इस उपग्रह पर पृथ्वीके पाणी के दोगुना पाणी हो सकता है |

खगोल जीवविज्ञानी इस चन्द्रमा पर जीवन होने के शक्यताओंका भी अभ्यास कर रहे है |


Callisto (केल्लीस्टो) – इस उपग्रह की सतह ज्यादातर गड्ढे से भरी है | यह गड्ढे सौर मंडल के प्रारंभिक इतिहास को दर्शाते है |

(Jupiter in Hindi)

बृहस्पतिके चंद्रमाओं की सूची

बृहस्पती के पास 79 चन्द्रमा है इसका प्रमुख कारण है इसका सौर मंडल में सबसे बड़ा आकार और जबरदस्त गुरुत्वीय खिंचाव |

सबसे शक्तिशाली गुरुत्वाकर्षण के कारण से ही बृहस्पती के लिए 79 चन्द्रमा का स्वामी बनाना संभव हो पाया है |

List of Jupiter Satellites– बृहस्पती ग्रह के 79 चन्द्रमा के नाम और उनके संबंधी जानकारी कुछ इस प्रकार से है |


1. Adrastea (अड्रास्टिया) – बृहस्पती के इस चन्द्रमा की खोज जुलाई 1979 में Voyager Science Team ने की |


2. Aitne (एटने) – Aitne कार्मे समूह (Carme group) का सदस्य है, जोवियन उपग्रहों का एक परिवार है |


3. Amalthea (एमाल्थिआ) – इस बृहस्पती ग्रह के चन्द्रमा की खोज सितम्बर 9, 1892 में Mr. Edward Emerson Barnard (एडवर्ड एमर्सन बरनार्ड) ने की |


4. Ananke (एनान्के) – सितम्बर 28, 1951 में Mr. Seth Barnes Nicholson (श्री सेठ बार्न्स निकोलसन) ने इस चन्द्रमा को खोजा था |


5. Aoede (ओएदे) – हवाई (Hawaii) स्थित मौना केआ वेधशालामें (Mauna Kea Observatory) स्कॉट एस. शेपर्ड (Scott S. Sheppard), डेविड सी. जेविट (David C. Jewitt), जान टी. केलना (Jan T. Kleyna), यंगा आर. फर्नांडीज (Yanga R. Fernandez), हेनरी एच. ह्सिएह (Henry H. Hsieh) इन्होने फरवरी 8, 2003 में बृहस्पति का यह चन्द्रमा खोज निकाला  था |


6. Arche (आर्काइ) – यह उपग्रह कार्मे समूह (Carme group) का सदस्य है, जोवियन उपग्रहों का एक परिवार है |


7. Autonoe (ऑटोनोए) – ऑटोनोए की खोज 10 दिसंबर, 2001 को श्री. स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट और जान टी. केलना द्वारा हवाई के मौना के वेधशाला में की गई थी।


8. Callirrhoe (कॉलिरो) – एरिज़ोना विश्वविद्यालय के स्पेसवॉच कार्यक्रम के दौरान, इस चन्द्रमा को 19 अक्टूबर 1999, टेलीस्कोप के माध्यम से खोजा गया था |


9. Callisto (कैलिस्टो) – यह चन्द्रमा सौर मंडलका सबसे ज्यादा गड्ढे से भरा उपग्रह है|


10. Carme (कैर्मे) – कार्मे की खोज 30 जुलाई 1938 को सेठ बार्नेस निकोलसन ने कैलिफोर्निया के माउंट विल्सन ऑब्जर्वेटरी में 100-इंच (2.5 मीटर) हुकर टेलिस्कोप से की थी।


11. Carpo (कारपो) – ‘कारपो’ की खोज 26 फरवरी, 2003 को स्कॉट एस. शेपर्ड और अन्य लोगोने हवाई-विश्वविद्यालय के खगोल विज्ञान संस्थान से 12 फीट दूरबीन का उपयोग करके की थी |


12. Chaldene (चेल्डीन)- चैल्डीन की खोज 23 नवंबर 2000 को अमेरिका के हवाई राज्य में मौना के वेधशाला में स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, यैंग आर. फर्नांडीज और यूजीन मैग्नियर द्वारा की गई थी।


13. Cyllene (साइलाइन) – ‘साइलाइन’ की खोज 9 फरवरी, 2003 को स्कॉट एस. शेपर्ड और उनकी टीम ने की थी।


14. Dia (दीय) – ‘दीय’ उपग्रह हिमालया समूह के सबसे छोटे सदस्य में से है।


15. Eirene (आइरीन) – ‘आइरीन’ की खोज फरवरी 2003 में स्कॉट सैंडर शेपर्ड द्वारा हवाई के मौना के वेधशाला में की गई थी |


16. Elara (एलारा) – कैलिफोर्निया के सैन जोस विश्वविद्यालय में हैमिल्टन के लिक वेधशाला में चार्ल्स डिलन पेरिन द्वारा 5 जनवरी 1905 को ‘एलारा’ की खोज की गई थी |


17. Erinome (एरिनोम) – ‘एरिनोम’ की खोज 23 नवंबर 2000 को स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, यंगा आर. फर्नांडीज और यूजीन मैग्नियर ने हवाई के मौना के वेधशाला में की थी |


18. Ersa (इरसा) – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2017 में देखा गया था और इसके खोज की घोषणा जुलाई 2018 में की गई थी |


19. Euanthe (यूएन्थे)- Euanthe की खोज 11 दिसंबर 2001 को स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, और जन टी. केलना द्वारा हवाई के मौना के वेधशाला में की गई थी |


20. Eukelade (यूकेलाडे)- Eukelade की खोज 6 फरवरी, 2003 को स्कॉट एस. शेपर्ड द्वारा हवाई के मौना की वेधशाला में की गई थी |


21. Eupheme (यूफेम) – यूफेम की खोज 4 मार्च 2003 को स्कॉट एस. शेपर्ड द्वारा हवाई के मौना के वेधशाला में की गई थी |


22. Euporie (यूपोरी) – Euporie की खोज 11 दिसंबर, 2001 को स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, और जन टी. केलना द्वारा हवाई के मौना की वेधशाला में की गई थी |


23. Europa (यूरोपा)- यूरोपा का वातावरण ऐसा है जहाँ जीवन मौजूद हो सकता है |


24. Eurydome (यूरीडोम) – इस उपग्रह की खोज 9 दिसंबर 2001 को स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, और जन टी. केलेना द्वारा हवाई के मौना के वेधशाला में की गई थी |

(Jupiter in Hindi)


25. Ganymede (गेनीमेड)- बृहस्पती का चन्द्रमा ‘गैनीमेड’ हमारे सौर मंडल का सबसे बड़ा उपग्रह है | 


26. Harpalyke (हरपल्यके) – हवाई राज्य स्थित मौना के वेधशाला में स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, यंगा आर. फर्नांडीज और यूजीन मैग्नियर द्वारा 23 नवंबर 2000 को इसकी खोज की गई थी।


27. Helike (हेलिके) – ‘हेलिके’ की खोज 6 फरवरी 2003 को स्कॉट एस. शेपर्ड ने हवाई में मौना की वेधशाला में की थी |


28. Hermippe (हर्मिपे) – ‘हर्मीपे’ को 9 दिसंबर 2001 को स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, और जन टी. केलना द्वारा हवाई के मौना के वेधशाला में खोजा गया था |


29. Herse (हरसे) – इसकी खोज 27 फरवरी, 2003 को ब्रेट जे. ग्लैडमैन, जॉन जे. कवेलारस, जीन मार्क पेटिट और लिन एलन द्वारा की गई थी |


30. Himalia (हिमालिया)- हिमालिया उपग्रह की खोज 3 दिसंबर 1904 को चार्ल्स डिलन पेरिन ने कैलिफ़ोर्निया विश्वविद्यालय के लिक वेधशाला में की थी।


31. IO (आईओ) – बृहस्पती के ‘IO’ चन्द्रमा पर सौर मंडल में सबसे अधिक ज्वालामुखी सक्रिय है।


32. Locaste (लोकास्टे) – इसकी खोज 23 नवंबर, 2000 को स्कॉट एस शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, यंगा आर. फर्नांडीज़ और यूजीन मैग्नियर ने हवाई स्थित मौना के वेधशाला में की थी |


33. Isonoe (इसोनो) – ‘इसोनो’ चन्द्रमा की खोज 23 नवंबर 2000 को स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, यंगा आर. फर्नांडीज़ और यूजीन मैग्नियर ने हवाई स्थित मौना के वेधशाला में की थी |


34. Jupiter LI (जूपिटर एल 1) – यह बृहस्पती का एक छोटा चाँद है | 


35. Jupiter LII (जूपिटर एल 2) – बेहतर तकनीकवाले दूरबीन से इस बृहस्पती के चन्द्रमा को धरतीसे खोजा गया था |


36. Kale (काएल) – ‘काएल’ की खोज 9 दिसंबर 2001 को स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, और जन टी. केलना द्वारा हवाई स्थित मौना की वेधशाला में की गई थी |


37. Kallichore (कल्लीचोरे) – ‘कल्लिचोरे’ यह उपग्रह कार्मे समूह (Carme group) का सदस्य है और जोवियन उपग्रहों का एक परिवार है |


38. Kalyke (कल्येक)- ‘कल्येक’ यह उपग्रह कार्मे समूह (Carme group) का सदस्य है और जोवियन उपग्रहों का एक परिवार है |


39. Kore (कोरे) – ‘कोरे’ उपग्रह पासीफ़े (Pasiphae) समूह का सदस्य माना जाता है और जोवियन उपग्रहों का एक परिवार है |


40. Leda (लेडा)- ‘लेडा’ चन्द्रमा की खोज 14 सितंबर, 1974 को, चार्ल्स थॉमस कोवल माउंट ने पालोमर स्थित टेलीस्कोप (दूरबीन) से की |


41. Lysithea (लाइसिथिया) – ‘लिसिथिया’ की खोज 6 जुलाई 1938 को सेठ बार्न्स निकोलसन ने माउंट विल्सन वेधशाला में की थी |


42. Megaclite (मेगाक्लाइट)– ‘मेगाक्लाइट’ चन्द्रमा पासीफ़े (Pasiphae) समूह का सदस्य माना जाता है और यह जोवियन उपग्रहों का एक परिवार है |


43. Metis (मेटिस)– बृहस्पती का चन्द्रमा ‘मेटिस’ की खोज मार्च 1979 में Voyager science team ने की थी |


44. Mneme (मनेम) – ‘Mneme’ एनान्के (Ananke) समूह का एक सदस्य है और यह जोवियन उपग्रहों का एक परिवार है |

(Jupiter in Hindi)


45. Orthosie (ऑर्थोसी) – बृहस्पती का Orthosie (ऑर्थोसी) चन्द्रमा एनान्के (Ananke) समूह का सदस्य है और यह जोवियन उपग्रहों का एक परिवार है |


46. Pandia (पांडिया) – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2017 में देखा गया था | खोज की घोषणा जुलाई 2018 में की गई थी |


47. Pasiphae (पासीफ़े) – इस उपग्रह की खोज 27 जनवरी, 1908 को, ग्रीनविच वेधशाला में 30 इंच के कैसग्रेन (Cassegrain) टेलिस्कोप से फिलीबर्ट जैक्स मेलोट ने की थी |


48. Pasithee (पसिथे)– Pasithee की खोज 11 दिसंबर 2001 को स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट और जन टी. केलना द्वारा हवाई स्थित ‘मौना की’ वेधशाला में की गई थी।


49. Philophrosyne (फिलोफ्रोसिन) – चन्द्रमा ‘Philophrosyne’ की खोज अप्रैल 2003 में स्कॉट एस. शेपर्ड ने हवाई के ‘मौना के वेधशाला’ में की थी |

मूल रूप से इस उपग्रह को S/2003 J15 को नाम दीया गया था।


50. Praxidike (प्रेक्सिडाइक) – ‘प्रेक्सिडाइक’ की खोज 23 नवंबर 2000 को स्कॉट एस शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, यंगा आर. फर्नांडीज और यूजीन मैग्नियर ने हवाई स्थित ‘मौना की’ वेधशाला में की गयी थी |


51. Sinope (सिनोप) – सिनोप की खोज 21 जुलाई, 1914 को सेठ बार्नेस निकोलसन ने लिक वेधशाला में की थी |


52. Sponde (स्पोंडे) – ‘स्पोंडे’ की खोज 9 दिसंबर, 2001 को स्कॉट एस शेपर्ड, डेविड सी. जेविट और जन टी. केलना द्वारा हवाई स्थित ‘मौना के’ वेधशाला में की गई थी|


53. Taygete (तयगेते) – हवाई स्थित ‘मौना की’ वेधशाला में स्कॉट एस शेपर्ड, डेविड सी. यहूदी, यंगा आर. फर्नांडीज और यूजीन मैग्नियर द्वारा ‘तयगेते’ की खोज 25 नवंबर 2000 को की गई थी |


54. Thebe (थेबे) – 1980 में वायेजर विज्ञान टीम (Voyager science team) द्वारा इस बृहस्पती के चन्द्रमा को खोजा गया था |


55. Thelxinoe (थेलक्सीनोए) – Thelxinoe उपग्रह की खोज 9 फरवरी, 2003 को स्कॉट एस. शेपर्ड और ब्रेट जे. ग्लैडमैन द्वारा हवाई के ‘मौना की’ वेधशाला में की गई थी |


56. Themisto (थेमिस्तो) – बृहस्पती के Themisto चन्द्रमा को 30 सितंबर, 1975 को चार्ल्स थॉमस कोवल और एलिजाबेथ रोमर द्वारा खोजा गया था |


57. Thyone (थायोन)- थायोन की खोज 11 दिसंबर, 2001 को स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेवट और जान टी. केलना द्वारा हवाई स्थित ‘मौना की’ वेधशाला में की गई थी।


58. S/2003 J12 – इस उपग्रह की खोज फ़रवरी 6 और मार्च 7, 2003 के बीच की गई | स्कॉट एस. शेपर्ड और अन्य लोगो ने हवाई स्थित ‘मौना के’ वेधशाला में ‘हवाई इंस्टीट्यूट फॉर एस्ट्रोनॉमी विश्वविद्यालय’ से कि |


59. S/2003 J16 – S/2003 J16 की खोज अप्रैल 2003 में ब्रेट जे ग्लैडमैन (Brett J. Gladman) ने हवाई स्थित ‘मौना के’ वेधशाला में की थी |


60. S/2003 J18 – S /2003 J18 की खोज अप्रैल 2003 में ब्रेट जोसेफ ग्लैडमैन ने मौना की’ वेधशाला, हवाई में की थी।


61. S/2003 J19 – S/2003 J19 की खोज फरवरी 2003 में Brett J. Gladman (ब्रेट जे ग्लैडमैन) ने हवाई स्थित ‘मौना के’ वेधशाला में की थी |


62. S/2003 J2 – ‘S/2003 J2’ की खोज फरवरी या मार्च 2003 में स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेवट, जान टी. केलना, यंगा आर. फर्नांडीज और हेनरी एच. हर्ष द्वारा हवाई स्थित ‘मौना के वेधशाला’ में की गई थी |


63. S/2003 J23 – ‘S/2003 J23’ की खोज 2003 में स्कॉट एस. शेपर्ड ने हवाई स्थित ‘मौना के वेधशाला’ में की थी।


64. S/2003 J4 – ‘S/2003 J4’ की खोज 2003 में स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेवट, जान टी. केलना, यंगा आर. फर्नांडीज और हेनरी एच. हेसिह ने हवाई में ‘मौना की वेधशाला’ में की थी।


65. S/2003 J9 – ‘S/2003 J9’ की खोज फरवरी 2003 में स्कॉट सैंडर शेपर्ड ने हवाई स्थित ‘मौना केए वेधशाला’ में की थी।


66. S/2011 J1 – बृहस्पति के इस चन्द्रमा के बारे में बहुत कम जानकारी हैं।


67. S/2011 J2 – बृहस्पति की इस नई चंद्रमा के बारे में बहुत कम जानकारी हैं | 


68. S/2016 J1 – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2016 में देखा गया था|

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69. S/2016 J2 (Valetudo)- बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2017 में देखा गया था | इस खोज की घोषणा जून 2018 में की गई थी |


70. S/2017 J1 – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2016 में देखा गया था और खोज की घोषणा जुलाई 2017 में की गई थी।


71. S/2017 J2 – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2017 में देखा गया था और इसके खोज की घोषणा जुलाई 2018 में की गई थी |


72. S/2017 J3 – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2017 में देखा गया था | खोज की घोषणा जुलाई 2018 में की गई थी |


73. S/2017 J5 – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2017 में देखा गया था | खोज की घोषणा जुलाई 2018 में की गई थी |


74. S/2017 J6 – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2017 में देखा गया था| इस खोज की घोषणा जुलाई 2018 में की गई थी |


75. S/2017 J7 – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2017 में देखा गया था । खोज की घोषणा जुलाई 2018 में की गई थी। 


76. S/2017 J8 – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2017 में देखा गया था। खोज की घोषणा जुलाई 2018 में की गई थी |


77. S/2017 J9 – बृहस्पति के इस छोटे चंद्रमा को पहली बार 2017 में देखा गया था। खोज की घोषणा जुलाई 2018 में की गई थी |


78. S/2003 J10 – ‘S/2003 J10’ की खोज फरवरी 2003 में स्कॉट सैंडर शेपर्ड ने हवाई स्थित ‘मौना केए वेधशाला’ में की थी |


79. Hegemone (हेग्मोन)- 8 फरवरी, 2003 को स्कॉट एस. शेपर्ड, डेविड सी. जेविट, जान टी. केलना, यंगा आर. फर्नांडीज़ और हेनरी एच. हेसिह द्वारा हवाई में ‘मौना की वेधशाला’ में  खोजा गया था |

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बृहस्पति का वायुमंडल

Jupiter in Hindi

इस ग्रह का वातावरण सूर्य की वातावरण तरह ही ज्यादातर हाइड्रोजन (H2) गैस और हीलियम (He) गैस से बना हूआ है | इसलिए बृहस्पति को गैस का विशाल ग्रह कहा जाता है |

बृहस्पति की गैसेस्ट (Gas) रचना इसकी वायुमंडल में देखी जा सकती है |

इसके वायुमंडल में हाइड्रोजन की मात्रा 75% और हीलियम की मात्रा 24% है |

पृथ्वी पर हाइड्रोजन गैस के रूप में है | लेकिन बृहस्पति पर वायुमंडल के अंदर इतना जबरदस्त दबाव है कि यह गैस तरल (liquid) रूप में परावर्तीत हो जाती है |

जब बृहस्पती घूमता है तो उसके साथ उसपर मौजूद द्रव्ररुपि तरल धातु महासागर भी घूमता है | जिसकी वजह से यह तरल धातु महासागर सौर मंडल में सबसे अधिक चुंबकीय क्षेत्र बृहस्पती के लिए निर्माण करता है |

बृहस्पति में एक विशाल चुंबक की तरह एक अत्यंत शक्तिशाली चुंबकीय क्षेत्र है |

बादलों के हजारों किलोमीटर ऊपर बृहस्पति का चुंबकीय क्षेत्र, पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र से 20 गुना अधिक है |

बृहस्पती के बादल (Cloud) हमेशा गतिमान रहते है | यह बादल जहरीली गैसेस जैसे की मीथेन (CH₄) और अमोनिया (NH3) से बने हुए है |

पृथ्वी की तरह बृहस्पती ग्रह पर ठोस सतह (जमीन) नहीं है क्यों की यह पूरी तरह से गैस से बना हुआ है |

लगभग 44 मील मोटी वायुमंडल की विशालकाय परत बृहस्पती ग्रह पर है | 

यह ग्रह घने लाल (Red), भूरे (Brown), पीले (Yellow) और सफेद (White) बादलों में ढका हुआ है | इन बादलोंकी वजहसे इस ग्रहपर अलग रंग की धारियां (Stripes) दिखती है |

बृहस्पति की परिचित धारियाँ (Stripes) और भंवर वास्तव में अमोनिया और पानी से भरे बादल है जो बृहस्पति के हाइड्रोजन और हीलियम के वातावरण में तैर रहे हैं |

बृहस्पती के बादलों के परत में मौजूद विभिन्न रसायन के कारण यह अलग-अलग रंग की धारियाँ (Stripes) दिखती है | 

बृहस्पति के बादलों में तापमान शून्य से 145 डिग्री सेल्सियस (शून्य से 234 डिग्री फ़ारेनहाइट) के आसपास रहता है |

इस ग्रह के केंद्र के पास का तापमान अधिक गर्म होता है | यह तापमान लगभग 24,000 डिग्री सेल्सियस तक हो सकता है जो सूरज की सतह की तुलना में सबसे ज्यादा गर्म है |

बृहस्पति ग्रह पर हवाएं बहुत तेज होती है | यह प्रति घंटे 400 मील गति से चलती है, जो श्रेणी 5 तूफान की तुलना में कम से कम ढाई (2.5) गुनासे अधिक है |

तेज हवाओं की वजह से बृहस्पती पर तूफ़ान उमड़ते रहते है | बृहस्पति के तूफानों से सैकड़ों मील ऊपर तैरते हुए, लगभग 79 चंद्रमा हैं, जो आठ ज्ञात ग्रहों में से सबसे अधिक हैं |

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बृहस्पति का महान लाल धब्बा

बृहस्पती पर एक बडासा लाल धब्बा है | यह इतना बड़ा है की इसे पृथ्वी से भी आसानी से देखा जा सकता है |

हमारे सौर मंडल के सबसे बड़े ग्रह का यह लाल धब्बा उसकी पहचान बन चूका है | इस लाल धब्बे का आकार हमारे पृथ्वी के आकार के दोगुना है |

बृहस्पति का प्रतिष्ठित महान लाल धब्बा (Great Red Spot) एक विशालकाय तूफ़ान है जो पृथ्वी से भी बड़ा है जो सैकड़ों वर्षों से व्याप्त है |

बृहस्पती के महान लाल धब्बे को पहली बार 1831 में शौकिया खगोलविद सैमुअल हेनरिक श्वेबे (Samuel Heinrich Schwabe) ने देखा था, इसलिए हम जानते हैं कि यह महान लाल धब्बा कम से कम 150 वर्षों से मौजूद है |

दरअसल बृहस्पती पर दिखने वाला यह लाल धब्बा बड़ा सा तूफ़ान है | वैज्ञानिको का अनुमान है यह तूफ़ान 350 साल से भी पुराना हो सकता है |

वैज्ञानिको के अनुसार इस लाल तूफ़ान का आकार धीरे-धीरे कम हो रहा है | 

19 वीं शताब्दी में यह महान लाल धब्बा (Great Red Spot) पृथ्वी के आकार के दोगुना था | 

3 अप्रैल, 2017 में की गई निरक्षण के अनुसार इस लाल तूफ़ान की चौड़ाई अब 16,000 किलोमीटर की है | मतलब यह ग्रेट रेड स्पॉट पृथ्वी की तुलना में अब 1.3 गुना चौड़ा है |

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बृहस्पती के अदृश्य छल्ले

जिस तरह शनी ग्रह के आसपास घूमते हुए छल्ले (Rings) है उसी तरह बृहस्पति के आसपास भी घूमते हुए तीन छल्ले (Rings) है | 

हमारे सौर मंडल के सभी चार विशाल ग्रहों में रिंग सिस्टम है |

बृहस्पति के छल्ले देखना मुश्किल है क्यों की यह बहुत ही पतले है |

इन छल्ले को 1979 में नासा के वायेजर अंतरिक्ष यान द्वारा खोजा गया था | बृहस्पति के छल्ले ज्यादातर छोटे धूल कणों से बने हूए हैं |

ऐसा माना जाता है की बृहस्पति के चंद्रमाओं और उल्कापिंडों के बीच टकराव होने से जो धुल मिट्टी उडी उनसे ये छल्ले बने हुए है |

बृहस्पती के छल्ले के धुल कण इतने छोटे है की अगर हजार धुल कण इक्कठा किये जाये तो वह सिर्फ 1 मिलीमीटर तक लंबे होते है | 

इतने छोटे धुल कणसे बने होने के कारण यह छल्ले अस्पष्ट होते है और आसानी से दीखते नहीं है | 

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पृथ्वी का रक्षक बृहस्पति

हमारे सौर मंडल में जो सबसे पहले ग्रह बना, वह था बृहस्पती |

आकार में बड़ा होने के साथ-साथ इसकी गुरुत्वाकर्षण शक्ती भी जबरदस्त है जो सौर मंडल में मौजूद अन्य सात ग्रहों के आकार को भी प्रभावित करती है |

सौर मंडल के शुरुआती दिनों के दौरान, बृहस्पति ग्रह अंतरिक्ष के मलबे को अपने तरफ आकर्षित करके नष्ट करने वाला पहला ग्रह था | 

अंतरिक्ष के मलबे को अपने तरफ आकर्षित करके नष्ट करने की बृहस्पती ग्रह के क्रिया के कारण सौर मंडल के अन्य ग्रह के आकार को बढ़ने में मदद मिली |

हमारी पृथ्वी की तरफ आने वाले धूमकेतुओं और क्षुद्रग्रहों को अपनी तरफ खिंच के बृहस्पती पृथ्वी को दुर्घटनाग्रस्त होने से बचाता है | 

बृहस्पती हमारे पृथ्वी के जीवन के लिए किसी रक्षक के रूप में काम करता है | 

सौर मंडल के ग्रहों को दुर्घटनाग्रस्त होने से बचाने में बृहस्पती की बड़ी भूमिका है | 

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सबसे तेज घूमने वाला ग्रह 

हमें पता है की पृथ्वी अपने अक्ष (Axis)पर घूमती है | पृथ्वी को अपने अक्ष पर घुमते हुए एक चक्कर पूरा करने में 24 घंटे लगते है | जिसे हम पृथ्वी का एक दीन मानते है |

बृहस्पती ग्रह को अपने अक्ष पर घुमते हुए एक चक्कर पूरा करने में सिर्फ 10 घंटे लगते है|मतलब इस ग्रह पर एक दीन (एक जोवियन दिवस) 10 घंटे का है |

बृहस्पति ग्रह पर एक वर्ष 11.86 पृथ्वी वर्ष (4333 पृथ्वी दिवस) के समान है।

अपने अक्ष पर इतनी तेजी से घूमने वाला बृहस्पती यह हमारे सौर मंडल का सबसे तेज घूमने वाला ग्रह है |

सौर मंडल का कोइ भी ग्रह इतनी तेजी से घूमता नही है |

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 बृहस्पती का आकार और दूरी

43,440.7 मील (69,911 किलोमीटर) की त्रिज्या (Radius) के साथ, बृहस्पति पृथ्वी से 11 गुना चौड़ा (Wide) है |

सूर्य से बृहस्पति की औसत दूरी ७७ करोड़ ८० लाख किमी (5.2 खगोलीय इकाई) है | यह दूरी पृथ्वी से सूर्य की दूरी से पांच गुना अधिक है |

पृथ्वी की सूर्य से दूरी एक खगोलीय इकाई (1 AU) है |

सूर्य से पृथ्वी की दूरी जितनी है उस अंतर को एक खगोलीय इकाई (1 AU = Astronomical unit) कहते है |

सूर्य से बृहस्पति की यात्रा के लिए सूर्य के प्रकाश को 43 मिनट लगते हैं |

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बृहस्पति की अद्भुत ताकत
Space craft-अंतरिक्ष यान

मानव निर्मित अंतरिक्ष यान के शक्ती की कुछ मर्यादा है | हमारे सौर मंडल की कक्षा के  दूर तक जाने इतनी गती अब तक उसे हासील नही है |

1962 में, वैज्ञानिकों ने गणना की कि कैसे बृहस्पति के तीव्र गुरुत्वाकर्षण का उपयोग करके अंतरिक्ष यान को सौर मंडल के सबसे दूर के क्षेत्रों में पहुंचाया जाए |

वैज्ञानिक बृहस्पती के शक्तीशाली गुरुत्वाकर्षण को उपयोग में लाते हुए अंतरिक्ष यान को  सौर प्रणाली में दूर तक पहुचांने में सफल हो गए | 

आज हमारे अंतरिक्ष यान सौर मंडल से आगे और तेजी से यात्रा कर रहे हैं इसका प्रमुख कारण है बृहस्पती का शक्तीशाली गुरुत्वाकर्षण |

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बृहस्पती पर अन्तरिक्ष यान

अब तक नौ (Nine) अंतरिक्ष यान द्वारा बृहस्पति का करिबसे अध्ययन किया गया है |

वर्तमान में नासा का जूनो (Juno) अंतरिक्ष यान इस विशाल ग्रह का अध्ययन कर रहा है |

जुलाई 2016 में बृहस्पति पर पहुंचे इस अंतरिक्ष यान ने, ग्रह के रहस्यमयी, बादल से घिरे वायुमंडल का अध्ययन किया |

‘पायनियर 10 (Pioneer 10)’ बृहस्पति पर जाने वाला पहला अंतरिक्ष यान था |

‘पायनियर 10’ के बाद अब तक पायनियर 11, वायेजर 1, वायेजर 2, कैसिनी, न्यू होराइजन्स और जूनो जैसे अन्तरिक्ष यान बृहस्पती का दौरा कर चुके है |

कैसिनी और न्यू होराइजन्स दोनों अंतरिक्ष यान ने बृहस्पति का अध्ययन किया है |

सौर मंडल के इस सबसे बडे ग्रह के बारे में अब तक बहुतसी जानकारियां हमें नही है | पर इस ग्रह पर होने वाले अध्ययन से भविष्य में इसके बारे में बहुत सी अद्भुत बाते हमें पता चलने की संभावना है | 

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